चण्डीगढ़

पंजाब में ट्रेन डिरेल करने की साजिश नाकाम, ट्रैक पर रखी चारपाई; CCTV में कैद हुई घटना

पंजाब में मुंबई से फिरोजपुर जा रही पंजाब मेल के सामने ट्रैक पर चारपाई रखकर ट्रेन को डिरेल करने की कोशिश की गई। हालांकि, ड्राइवर की सूझबूझ के चलते हादसा होने से बच गया। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।

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पंजाब मेल के सामने रखी चारपाई

बठिंडा : देश के कई हिस्सों में ट्रेनों को पलटाने की साजिश नाकाम होती रही हैं। इसी तरह पंजाब में भी रेल गाडी की डिलेरमेंट करने की कोशिश की गई। यह घटना पंजाब के बठिंडा में भी हुई, जहां शख्स ने पटरियों पर चारपाई रखकर गाड़ी को पलटाने की कोशिश की। हालांकि, ड्राइवर की सूजबूझ के चलते एक बड़ा हादसा टल गया। फिलहाल, पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे के आधार पर आरोपी लाली नाम को हिरासत में लेकर उससे पूछताछ शुरू कर दी है। लाली किसी बड़े हादसे को अंजाम देने की फिराक में था।

लोको पायलट ने तुरंत मारी ब्रेक

जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार-शनिवार की मध्य रात्रि पंजाब मेल एक्सप्रेस ट्रेन मानसा से चलकर बठिंडा ट्रैक पर पहुंच रही थी। तभी ट्रेन के ड्राइवर की नजर दूर से ट्रैक पर रखी संदिग्ध वस्तु पर पड़ी। लोको पायलट ने तुरंत ब्रेक लगाकर ट्रेन रोक लिया और पुलिस को सूचना दी। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने जान बूझकर ट्रैक पर चारपाई रखी थी। पुलिस पूछताछ कर आरोपी की मंशा जानने की कोशिश कर रही है।

आपको बता दें कि पिछले एक दो सालों में ट्रेनों को पलटाने की कई साजिशें सामनें आईं, जिसमें कानपुर समेत कई जगह गैस सिलेंडर बरामद किए गए। हालांकि, अधिकतक साजिशें नाकाम रहीं। इन घटनाओं से रेलवे सुरक्षा पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। अगर, ऐसे में कोई अनहोनी होती है तो उसका जिम्मेदार कौन होगा?

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

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