Bihar Flood Alert: नेपाल के ऊपरी पहाड़ी इलाकों और पड़ोसी राज्य झारखंड में हो रही मूसलाधार बारिश ने बिहार के लिए बड़ी मुसीबत खड़ी कर दी है। राज्य की लगभग सभी प्रमुख नदियां उफान पर हैं, जिससे कम से कम पांच प्रमुख जिलों में बाढ़ जैसे गंभीर हालात बन गए हैं। गंगा, कोसी, गंडक, बागमती और पुनपुन जैसी नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है और वे कई स्थानों पर खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार को प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया। उन्होंने राहत और बचाव कार्यों की समीक्षा करने के साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए कि बाढ़ प्रभावित लोगों तक जल्द से जल्द हर संभव सहायता पहुंचाई जाए, ताकि आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
मधेपुरा, सहरसा, खगड़िया और कटिहार जलभराव की स्थिति
जल संसाधन विभाग के अनुसार, फिलहाल किसी प्रकार की जनहानि की खबर नहीं है, लेकिन पटना, भागलपुर, भोजपुर, वैशाली और मुजफ्फरपुर के निचले इलाकों में पानी भर गया है। इसके अलावा मधेपुरा, सहरसा, खगड़िया और कटिहार के निचले क्षेत्रों में भी जलभराव की स्थिति बनी हुई है। पटना के दीघा घाट, गांधीघाट और मनेर में गंगा का जलस्तर डराने वाला है, जबकि पुनपुन और घाघरा नदियां भी अपने उफान पर हैं।
प्रशासन पूरी तरह अलर्ट
प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। निचले इलाकों में रहने वाले परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। जल संसाधन विभाग के अधिकारियों को सभी तटबंधों और संवेदनशील जगहों पर दिन-रात पैनी नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। राज्य सरकार ने आम नागरिकों से घबराने के बजाय सतर्क रहने और केवल आधिकारिक दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
