RBI MPC June 2026 Repo Rate Change : रिजर्व बैंक को रुपये की स्थिरता बनाए रखने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है। कई एक्सपर्ट यह सजेस्ट कर चुके हैं कि रिजर्व बैंक को रुपये को स्वाभाविक रूप से कमजोर होने देना चाहिए। वहीं, कुछ एक्सपर्ट की राय है कि रिजर्व बैंक रुपये की लिक्विडिटी कंट्रोल करके इसके डिवैल्युएशन को संभाल सकता है। आमतौर पर महंगाई बढ़ने पर ब्याज दर में बढ़ोतरी के जरिये लिक्विडिटी कंट्रोल की जाती है।
फिलहाल, महंगाई के आंकड़े रिजर्व बैंक के टोलरेंस बैंड के दायरे में हैं। ऐसे में रिजर्व बैंक की तरफ से रेपो रेट में कोई बदलाव की संभावना कम ही नजर आती है। लेकिन, एक हायपोथेटिकल सिनेरियो के हिसाब से मान लें कि रेपो रेट में 25 बेसिस पॉइंट ऊपर या नीचे कोई बदलाव होता है, तो उसका आपकी जेब पर क्या असर होगा। यहां इसका पूरा कैल्कुलेशन समझें।
अभी कितनी हैं पॉपुलर ब्याज दरें
होम लोन, कार लोन और पर्सनल लोन ये तीन ऐसे लोन प्रोडक्ट हैं, जो सबसे ज्यादा इस्तेमाल होते हैं और आम आदमी की जेब पर सबसे ज्यादा असर डालते हैं। देश के सबसे बड़े बैंक SBI की ब्याज दरों के आधार पर हम जानेंगे कि कैसे रेपो रेट में 25 आधार अंक के बदलाव का असर आम आदमी की जेब को राहत दे सकता है या बोझ बढ़ा सकता है।
SBI Home Loan की ब्याज दरें 7.25% सालाना से शुरू होती हैं।SBI New Car Loan की ब्याज दरें 8.70%–8.90% सालाना से शुरू होती हैं।SBI Personal Loan की ब्याज दरें 10.00% से 15.00% सालाना के बीच हैं।
कितने लोन की कितनी EMI?
यहां 50 लाख रुपये के होम लोन, 10 लाख रुपये के कार लोन और 5 लाख रुपये के पर्सनल लोन के आधार पर कैल्कुलेशन दिए गए हैं। अगर रेपो रेट में 25 बेसिस पॉइंट की कमी होती है, तो EMI का बोझ कितना कम होगा। वहीं, अगर रेपो रेट में बढ़ोतरी होती है, तो EMI का बोझ कितना बढ़ेगा इसे नीचे दी गई टेबल में समझ सकते हैं।
| लोन का प्रकार | लोन राशि | अवधि | ब्याज दर | मौजूदा EMI | 25 bps कटौती के बाद EMI | मासिक बचत | 25 bps बढ़ोतरी के बाद EMI | मासिक अतिरिक्त बोझ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| होम लोन | ₹50 लाख | 20 साल | 7.25% | ₹39,519 | ₹38,765 | ₹754 | ₹40,280 | ₹761 |
| कार लोन | ₹10 लाख | 5 साल | 8.70% | ₹20,613 | ₹20,492 | ₹121 | ₹20,734 | ₹121 |
| पर्सनल लोन | ₹5 लाख | 5 साल | 10.00% | ₹10,624 | ₹10,562 | ₹61 | ₹10,685 | ₹62 |
मोटे तौर पर अगर आपने 50 लाख का होम लोन ले रखा है और फिलहाल SBI की तरफ से ऑफर की जा रही न्यूनतम होम लोन रेट 7.25% पर 39,519 रुपये की EMI चुका रहे हैं, तो रेपो रेट 25 बेसिस पॉइंट बढ़ने पर आपके ऊपर 761 रुपये प्रति माह का बोझ बढ़ेगा। वहीं, अगर रेपो रेट में कमी होती है, तो आपको करीब 754 रुपये की राहत मिल सकती है। हालांकि, मासिक आधार पर यह कमी या बढ़ोतरी बहुत मामूली लगती है। लेकिन, जब 20 से 30 साल के पूरे टर्म के आधार र देखते हैं, तो इस छोटी सी रकम का असर लाखों रुपये के तौर पर होता है।
