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PMI Manufacturing :जून में मैन्युफैक्चरिंग पीएमआई बढ़ा, नियुक्तियां 19 साल के उच्चतम स्तर पर

PMI Manufacturing Data: एशिया, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, यूरोप और यूएस से आने वाले नए ऑर्डर में बढ़त हुई है। मैन्युफैक्चरिंग पीएमआई में 0.8 प्रतिशत की वृद्धि हुई है और यह जून में 58.3 रहा है।

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मैन्युफैक्चरिंग पीएमआई

Manufacturing PMI:भारत में बढ़ती कंज्यूमर मांग के कारण मैन्युफैक्चरिंग गतिविधियों में जून में तेजी देखने को मिली और इसके कारण नियुक्तियों की दर में 19 वर्ष में सबसे तेज वृद्धि देखने को मिली है। सोमवार को जारी किए गए एचएसबीसी के फाइनल इंडिया मैन्युफैक्चरिंग परचेजिंग मैनेजर्स इंडेक्स (पीएमआई) के आंकड़ों में यह जानकारी दी गई। इन आंकड़ों को एसएंडपी द्वारा संकलित किया गया था। रिपोर्ट में कहा गया कि कंज्यूमर गुड्स इंडस्ट्रीज का प्रदर्शन काफी मजबूत रहा है। वहीं, इंटरमीडिएट और इन्वेस्टमेंट गुड्स कैटेगरी में भी अच्छी बढ़ोतरी देखी गई है।

क्यों आई तेजी

एचएसबीसी की ग्लोबल इकोनॉमिस्ट मैत्रेयी दास ने कहा कि भारत के मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की वृद्धि दर जून तिमाही में काफी अच्छी रही है। हेडलाइन मैन्युफैक्चरिंग पीएमआई में 0.8 प्रतिशत की वृद्धि हुई है और यह जून में 58.3 रहा है।रिपोर्ट में कहा गया कि कंज्यूमर गुड्स इंडस्ट्रीज का प्रदर्शन काफी मजबूत रहा है। वहीं, इंटरमीडिएट और इन्वेस्टमेंट गुड्स कैटेगरी में भी अच्छी बढ़ोतरी देखी गई है। दास ने कहा कि इनपुट की महंगाई दर अभी भी लंबी अवधि के एवरेज से ऊपर बनी हुई है। हालांकि, मैन्युफैक्चरर्स ऊंची लागत को आसानी से ग्राहकों पर डाल रहे हैं। वहीं, मांग अधिक होने के कारण मार्जिन में सुधार हो रहा है।

किन देशों से मिला ऑर्डर

सर्वे में 400 कंपनियों की ओर से दी गई प्रतिक्रियाओं के आधार पर बताया गया कि एक्सपोर्ट में वृद्धि दर पिछले वर्ष के मुकाबले काफी अच्छी रहने की संभावना है। एशिया, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, यूरोप और यूएस से आने वाले नए ऑर्डर में बढ़त हुई है।केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल का कहना है कि वित्त वर्ष 2024-25 में भारत का वस्तुओं और सेवाओं का निर्यात 3 प्रतिशत बढ़कर 800 अरब डॉलर के आंकड़े को पार कर सकता है। हाल ही में भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की ओर से चालू वित्त वर्ष के लिए जीडीपी विकास दर का अनुमान 7 प्रतिशत से बढ़ाकर 7.2 प्रतिशत कर दिया गया है।

Prashant Srivastav
प्रशांत श्रीवास्तवauthor

करीब 17 साल से पत्रकारिता जगत से जुड़ा हुआ हूं। और इस दौरान मीडिया की सभी विधाओं यानी टेलीविजन, प्रिंट, मैगजीन, डिजिटल और बिजनेस पत्रकारिता में काम करने का मौका मिला। इस समय Timesnowhindi.com में टीम लीड के रुप में बिजनेस, ऑटो, यूटीलिटी, टेक सेक्शन में अपना योगदान दे रहा हूं। करियर का पहला ब्रेक हैदराबाद स्थित मीडिया संस्थान ईटीवी से टेलीविजन के जरिए हुआ। यहां पर टेलीविजन पत्रकारिता की बारीकियों को समझने का मौका मिला। और उसके बाद अगला पड़ाव दिल्ली स्थित दैनिक भास्कर समूह का बिजनेस भास्कर रहा। यहां से बिजनेस पत्रकारिता में कदम रखा। और यह सफर वित्त मंत्रालय की रिपोर्टिंग से लेकर बैंकिंग, इंश्योरेंस, ऑटो, एफएमसीजी, एमएमएमई, टेलीकॉम सेक्टर की ग्राउंड रिपोर्ट से लेकर कॉरपोरेट जगत की खबरें और इकोनॉमी से जुड़ी खबरों से गुजरते हुए अमर उजाला, मनी भास्कर वेबसाइट से होकर आउटलुक मैगजीन पहुंचा। यहां पर पॉलिटिकल खबरों को करने का मौका मिला। आउटलुक में रहते हुए भाजपा और कांग्रेस पार्टी को भी कवर किया। इस दौरान दिल्ली दंगों पर ग्राउंड रिपोर्ट से लेकर सीएए आंदोलन, किसान आंदोलन और कृषि जगत, वाइल्ड लाइफ से जुड़ी ग्राउंड रिपोर्ट भी करने का मौका मिला। करियर के इस सफर में 2014 लोक सभा चुनाव, 2019 लोक सभा चुनाव, इसके अलावा उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव, राजस्थान विधान सभा, मध्य प्रदेश विधान सभा चुनाव की ग्राउंड रिपोर्ट भी की। पिछले 16 साल से केंद्रीय बजट की बारीकियों को समझकर उसे आम भाषा में लोगों तक पहुंचाने का भी प्रयास किया है। 17 साल के करियर में करीब 10 साल डिजिटल मीडिया का अनुभव रहा है। पिछले 3 साल से टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहा हूं। पत्रकारिता का ककहरा माखन लाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से सीखा है।

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