भारत के पड़ोसी देश पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है और यह सीमा विवाद अब एक बड़े सैन्य संघर्ष में बदल चुका है। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने अफगानिस्तान के साथ युद्ध की घोषणा कर दी है। ताजा विवाद तब शुरू हुआ जब अफगानिस्तान ने पिछले सप्ताह हुए पाकिस्तानी हवाई हमलों के जवाब में जवाबी कार्रवाई की। काबुल का दावा है कि उसने डूरंड लाइन पर पाकिस्तान की 15 से अधिक चौकियों पर कब्जा कर लिया है और करीब 55 पाकिस्तानी सैनिकों को मार गिराया है।
इस जवाबी कार्रवाई के बाद पाकिस्तान ने अफगानिस्तान में भीषण हवाई हमले शुरू कर दिए हैं। पाकिस्तान ने इस सैन्य कार्रवाई को 'ऑपरेशन गजब-लिल-हक' नाम दिया है, जिसके तहत काबुल, कंधार और पक्तिया में बमबारी की गई है। पाकिस्तानी अधिकारियों का दावा है कि इन हमलों में 130 से ज्यादा तालिबान लड़ाके मारे गए हैं। दोनों देशों के बीच शुरू हुई इस भीषण जंग ने पूरे क्षेत्र में तनाव बढ़ा दिया है। ऐसे में आइए जानते हैं दोनों देशों में से किसकी इकोनॉमी ज्यादा मजबूत है?
पाकिस्तान कर्ज में डूबा 'कंगाल' देश
पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था इस समय सांसें लेने के लिए संघर्ष कर रही है। देश का विदेशी मुद्रा भंडार (Foreign Exchange Reserve) खतरनाक स्तर तक कम हो चुका है, जिससे जरूरी चीजों का आयात करना भी मुश्किल हो गया है। महंगाई दर आसमान छू रही है, जिससे आम जनता का जीना दूभर हो गया है। पाकिस्तान की सरकार आईएमएफ (IMF) से कर्ज लेकर अपनी अर्थव्यवस्था को चलाने की कोशिश कर रही है, लेकिन लगातार बढ़ता विदेशी कर्ज उसे बर्बादी की ओर ले जा रहा है। पाकिस्तान की औद्योगिक विकास दर भी बहुत धीमी है और राजनीतिक अस्थिरता के कारण निवेशक भी वहां पैसा लगाने से डर रहे हैं।
अफगानिस्तान प्रतिबंधों के बीच अस्तित्व का संकट
दूसरी ओर, अफगानिस्तान की स्थिति और भी विकट है। तालिबान द्वारा सत्ता पर कब्जा करने के बाद से ही दुनिया भर के देशों ने अफगानिस्तान को मिलने वाली वित्तीय सहायता पर रोक लगा दी है। इसके अलावा, अमेरिका ने अफगानिस्तान के केंद्रीय बैंक की संपत्ति को फ्रीज कर दिया है, जिससे बैंकिंग प्रणाली पूरी तरह ठप पड़ गई है। हालांकि, अफगानिस्तान पर पाकिस्तान के मुकाबले विदेशी कर्ज का बोझ बहुत कम है। अफगानिस्तान की इकोनॉमी मुख्य रूप से कृषि और खनिज संसाधनों पर टिकी है, लेकिन बुनियादी ढांचे की कमी के कारण वे इनका फायदा नहीं उठा पा रहे हैं।
किसकी इकोनॉमी ज्यादा मजबूत?
अगर हम केवल आंकड़ों को देखें, तो पाकिस्तान की जीडीपी (GDP) अफगानिस्तान से कई गुना ज्यादा है। पाकिस्तान के पास एक संगठित बैंक प्रणाली, औद्योगिक क्षेत्र और एक बड़ा उपभोक्ता बाजार है। लेकिन, भारी कर्ज और कुप्रबंधन ने उसे खोखला कर दिया है। अफगानिस्तान के पास संगठित औद्योगिक आधार नहीं है, लेकिन उस पर कर्ज का बोझ न होने के कारण वह अपनी क्षमता के अनुसार जी रहा है, हालांकि वह भारी मानवीय संकट का सामना कर रहा है।
