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बायोगैस के पीछे पड़े अडानी-अंबानी, जानें इस कचरे में छिपा है कौन सा खजाना

Reliance & Adani Group Biogas Plant: रिलायंस इंडस्ट्रीज ने 100 कंप्रेस्ड बायोगैस प्लांट (CBG) लगाने की अपनी योजना की घोषणा की है। वहीं अडानी ग्रुप की अडानी टोटल गैस (Adani Total Gas) अगले पांच सालों में पांच सीबीजी प्लांट स्थापित करने की योजना बना रही है।

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रिलायंस और अडानी ग्रुप बायोगैस प्लांट

Photo : BCCL
KEY HIGHLIGHTS
  • रिलायंस और अडानी ग्रुप कर रहा बायोगैस पर फोकस
  • रिलायंस लगाएगी 100 कंप्रेस्ड बायोगैस प्लांट
  • 2030 तक बायोगैस पर हो सकता है 1.75 लाख करोड़ रु का निवेश

Reliance & Adani Group Biogas Plant: भारत बायोगैस (Biogas) के प्रोडक्शन के मामले में काफी आगे है। देश में पहला बायोगैस प्लांट (Biogas Plant) 1897 में ही लग गया था। उस समय एक ब्रिटिश सिविल इंजीनियर चार्ल्स जेम्स ने माटुंगा, बॉम्बे में होमलेस लेपर असाइलम की जल निकासी पर काम किया था। उसके बाद बायोगैस का इस्तेमाल बढ़ता गया और तब से इससे रसोई, कम्युनिटी फैसिलिटीज और डेयरी फार्मों को बिजली मिल रही है।

लेकिन अब साधारण सी लगने वाली बायोगैस ने भारत की कुछ प्रमुख एनर्जी कंपनियों को आकर्षित किया है, जिनमें रिलायंस इंडस्ट्रीज (Reliance Industries) और अडानी ग्रुप (Adani Group) शामिल हैं।

रिलायंस इंडस्ट्रीज और अडानी ग्रुप का प्लान

पिछले हफ्ते ही रिलायंस इंडस्ट्रीज ने 100 कंप्रेस्ड बायोगैस प्लांट (CBG) लगाने की अपनी योजना की घोषणा की है। वहीं अडानी ग्रुप की अडानी टोटल गैस (Adani Total Gas) अगले पांच सालों में पांच सीबीजी प्लांट स्थापित करने की योजना बना रही है। साथ ही ये फ्चूर में और भी प्लांट लगाएगी।

क्या है बायोगैस

सीबीजी, अपशिष्ट/बायोमास स्रोतों से उत्पादित होने वाला एक ग्रीन फ्यूल है। इसमें सीएनजी (CNG) जैसी विशेषताएं हैं और इसका उपयोग ऑटोमोटिव, औद्योगिक और कमर्शियल उपयोग के लिए किया जा सकता है।

1.75 लाख करोड़ रु का हो सकता है निवेश

भारतीय बायोगैस एसोसिएशन (आईबीए) के अनुसार, इस सेक्टर में 2030 तक 1.75 लाख करोड़ रु के निवेश पर 5,000 प्लांट स्थापित किए जाएंगे। गेल (GAIL) ने सिटी गैस ग्रिड में सीबीजी शामिल करने का फैसला किया है।

वहीं पिछले महीने आईबीए ने देश में बायोगैस प्लांट का समर्थन करने के लिए जैविक उर्वरक या 'किण्वित जैविक खाद' (Fermented Organic Manure) की उचित और लाभकारी कीमत लगभग 5.5 रु प्रति किलोग्राम तय करने की योजना बनाई है।

सरकार ने भी हाल ही में मार्केट डेवलपमेंट एसिस्टेंस (एमडीए) योजना की घोषणा की, जिसके तहत जैविक उर्वरक को बढ़ावा देने के लिए 1,451 करोड़ रु की मंजूरी दी गई।

इन कंपनियों का भी बायोगैस पर फोकस

पुणे की थर्मैक्स (Thermax) भी बायो-सीएनजी प्रोजेक्ट लगाने के लिए थर्मैक्स बायोएनर्जी सॉल्यूशंस स्थापित करेगी, जिसके लिए इसने एवरएनवायरो रिसोर्स मैनेजमेंट (EverEnviro) के साथ हाथ मिलाया है। ईटी की रिपोर्ट के अनुसार एवरएनवायरो ने अगले कुछ वर्षों में अकेले इस सेक्टर में लगभग 10,000 करोड़ रु के निवेश की योजना बनाई है।

बता दें कि एवरएनवायरो की सब्सिडरी कंपनी ग्रीन ग्रोथ इक्विटी फंड (जीजीईएफ), देश में 14 सीबीजी प्लांट लगाने की योजना बना रही है।

तेल कंपनियां भी पीछे नहीं

ऑयल मार्केटिंग कंपनियाँ भी पीछे नहीं हैं। वे भी इस सेगमेंट पर फोकस कर रही हैं। इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन (IOCL), हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉरपोरेशन (HPCL) और भारत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन (BPCL) ने सीबीजी प्लांट लगाने के लिए सैकड़ों लेटर ऑफ इंटेंट जारी किए हैं।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

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