बिजनेस

Mutual Fund: इक्विटी म्यूचुअल फंड में बढ़ी निवेशकों की रुचि, अक्टूबर में आया 41,887 करोड़ रु का निवेश, रिकॉर्ड हाई पर पहुंचा SIP फ्लो

Mutual Fund Industry Growth: Systematic Investment Plan (SIP) से मासिक योगदान अक्टूबर में बढ़कर 25,323 करोड़ रुपये के ऑल टाइम हाई पर पहुंच गया, जबकि सितंबर में यह 24,509 करोड़ रुपये था। एम्फी के सीईओ वेंकट चलसानी ने कहा कि इंडस्ट्री की मजबूत ग्रोथ का पता इस बात से चलता है कि रिटेल फोलियो की संख्या 17.23 करोड़ के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गई है।

Image

इक्विटी म्यूचुअल फंड में बढ़ा निवेश

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • इक्विटी म्यूचुअल फंड में बढ़ा निवेश
  • अक्टूबर में 41887 करोड़ रु का निवेश
  • रिकॉर्ड हाई पर पहुंचा SIP निवेश

Mutual Fund Industry Growth: इक्विटी म्यूचुअल फंड में अक्टूबर में 41,887 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड निवेश आया है। यह मासिक आधार पर 21.7 प्रतिशत की वृद्धि है। शेयर बाजार में भारी अस्थिरता के बावजूद इसे विशेष सेक्टरों के आधार पर निवेश करने वाले फंड्स में मजबूत निवेश से बल मिला है। एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फंड्स इन इंडिया (एम्फी) के सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, यह शेयरों में निवेश करने वाले फंड्स में नेट फ्लो (शुद्ध निवेश) का लगातार 44वां महीना है, जो निवेशकों के बीच म्यूचुअल फंड के बढ़ते आकर्षण को दर्शाता है।

ये भी पढ़ें -

SIP के जरिए कितना निवेश आया

Systematic Investment Plan (SIP) से मासिक योगदान अक्टूबर में बढ़कर 25,323 करोड़ रुपये के ऑल टाइम हाई पर पहुंच गया, जबकि सितंबर में यह 24,509 करोड़ रुपये था। एम्फी के सीईओ वेंकट चलसानी ने कहा कि इंडस्ट्री की मजबूत ग्रोथ का पता इस बात से चलता है कि रिटेल फोलियो की संख्या 17.23 करोड़ के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गई है।

इसमें एसआईपी खातों में लगातार बढ़ोतरी का प्रमुख योगदान रहा। एसआईपी खातों की संख्या अब 10.12 करोड़ से अधिक हो गई है।

शेयर बाजारों में भारी उतार-चढ़ाव

शेयर बाजारों में भारी उतार-चढ़ाव के बावजूद यह निवेश हुआ, जिसमें विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) ने अमेरिकी चुनावों समेत प्रमुख वैश्विक घटनाओं के कारण अक्टूबर में 94,000 करोड़ रुपये निकाले हैं। अक्टूबर के दौरान बाजारों में गिरावट ने निवेशकों के लिए निवेश का अच्छा अवसर प्रदान किया, जिसका उन्होंने लाभ उठाया।

सेंसेक्स-निफ्टी में 5-6% की गिरावट

जर्मिनेट इन्वेस्टर सर्विसेज के को-फाउंडर और सीईओ संतोष जोसफ ने कहा कि अक्टूबर के आंकड़े, खासतौर पर बाजार में भारी गिरावट को देखते हुए वाकई असाधारण हैं। इसी साल जहां बाजार के मजबूत प्रदर्शन के कारण इक्विटी फ्लो में तेजी आई थी, वहीं अक्टूबर में इसमें भारी उलटफेर देखने को मिला।”

उन्होंने कहा, “सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में पांच-छह प्रतिशत की गिरावट हाल के वर्षों में सबसे तेज गिरावट में से एक है, जो कि हमने आखिरी बार मार्च, 2020 में देखी थी। इसके बावजूद, रिटेल निवेशकों ने उल्लेखनीय मजबूती दिखाई है और इक्विटी म्यूचुअल फंड में 40,000 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश हुआ है।”

कितनी हो गईं टोटल एयूएम

कुल मिलाकर, म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री में सितंबर में 71,114 करोड़ रुपये निकालने के बाद अक्टूबर में 2.4 लाख करोड़ रुपये का फ्लो देखा गया। यह भारी फ्लो बॉन्ड योजनाओं में 1.57 लाख करोड़ रुपये के निवेश के कारण आया।

इंडस्ट्री की एसेट अंडर मैनेजमेंट (एयूएम) सितंबर के 67 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर अक्टूबर में 67.25 लाख करोड़ रुपये हो गईं। आंकड़ों के अनुसार, शेयरों में निवेश वाली योजनाओं में सितंबर में 34,419 करोड़ रुपये की तुलना में अक्टूबर में 41,887 करोड़ रुपये का फ्लो देखा गया। इससे पहले जून में इक्विटी योजनाओं में 40,608 करोड़ रुपये का निवेश हुआ था। (इनपुट - भाषा)

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

और पढ़ें
End of Article