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Indane, HP और Bharat Gas के लिए बड़ा अपडेट! सिलेंडर बुकिंग से लेकर PNG तक बदल गए ये 7 नियम

Indane, HP और भारत गैस के ग्राहकों के लिए सिलेंडर बुकिंग से लेकर पीएनजी तक के 7 नियम बदल गए हैं। ई-केवाईसी और DAC जैसी नई एडवाइजरी का पालन न करने पर आपकी गैस सप्लाई और सब्सिडी रुक सकती है।

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LPG Cylinder

LPG का इस्तेमाल करने वाले करोड़ों ग्राहकों के लिए बड़ी खबर है। इंडेन (Indane), एचपी (HP), और भारत गैस (Bharat Gas) जैसी प्रमुख सरकारी तेल कंपनियों ने गैस सिलेंडर की बुकिंग, होम डिलीवरी और पीएनजी (PNG) कनेक्शन से जुड़े 7 नियमों में बड़ा बदलाव किया है। सरकार द्वारा जारी इस नई एडवाइजरी के तहत अब बायोमेट्रिक ई-केवाईसी (e-KYC) से लेकर डिलीवरी के समय डीएसी (DAC) कोड देना अनिवार्य कर दिया गया है। इन नए नियमों को न जानने पर आपकी गैस सप्लाई और सब्सिडी रुक सकती है। आइए जानते हैं इन सभी जरूरी बदलावों के बारे में।

भारत गैस (BPCL) का नया और खास ऑफर

भारत गैस का संचालन करने वाली कंपनी बीपीसीएल (BPCL) ने लोगों को रसोई में पाइप वाली गैस यानी पीएनजी (PNG) इस्तेमाल करने के लिए एक शानदार ऑफर दिया है। कंपनी के मुताबिक, अब ग्राहक बिना किसी शुरुआती फीस (एप्लीकेशन फीस) या एडवांस पेमेंट के बिल्कुल मुफ्त में नया पीएनजी कनेक्शन लगवा सकते हैं। इसके खर्च की भरपाई के लिए ग्राहकों को अपने हर महीने के बिल में सिर्फ 1 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से अलग से भुगतान करना होगा। हालांकि, यह ऑफर केवल सीमित समय के लिए था और इसकी आखिरी तारीख 22 मई 2026 तक ही तय की गई थी।

एचपी (HP) गैस और इंडेन (Indane) का क्या कहना है?

एचपी गैस चलाने वाली कंपनी एचपीसीएल (HPCL) ने साफ तौर पर कहा है कि पूरे देश में रसोई गैस की सप्लाई पूरी तरह सामान्य है और हमारे पास पर्याप्त स्टॉक मौजूद है। कंपनी ने लोगों से पैनिक बुकिंग या अनावश्यक स्टॉक न करने को कहा है। कर्नाटक सहित कुछ राज्यों में गैस की कालाबाजारी और हेराफेरी की खबरों पर कंपनी ने भरोसा दिलाया है कि वे इस पर सख्त निगरानी रख रहे हैं और दोषियों पर कार्रवाई की जा रही है। दूसरी तरफ, इंडेन गैस की सप्लाई संभालने वाली इंडियन ऑयल (IOCL) ने भी साफ किया कि उनकी टीम ग्राहकों की जरूरतों को पूरा करने के लिए 24 घंटे काम कर रही है, ताकि किसी भी घर में गैस की कोई कमी न होने पाए।

7 नियम बदल गए

1. बायोमेट्रिक ई-केवाईसी (Biometric e-KYC) अनिवार्य

सरकार ने एलपीजी सिलेंडरों के कमर्शियल या अवैध इस्तेमाल को रोकने के लिए सभी घरेलू गैस उपभोक्ताओं के लिए ई-केवाईसी (e-KYC) कराना अनिवार्य कर दिया है। यदि आपने अभी तक अपने गैस कनेक्शन का आधार वेरिफिकेशन और बायोमेट्रिक केवाईसी नहीं कराया है, तो आपकी एलपीजी सब्सिडी रोकी जा सकती है और आगे चलकर सिलेंडर की बुकिंग में भी दिक्कत आ सकती है। इसके लिए ग्राहक अपने नजदीकी गैस एजेंसी पर जाकर या कंपनियों के आधिकारिक मोबाइल ऐप के जरिए अपनी केवाईसी प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।

2. डिलीवरी के समय डीएसी (DAC) कोड जरूरी

गैस सिलेंडरों की चोरी और गलत पते पर डिलीवरी को रोकने के लिए 'डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड' (DAC) व्यवस्था को और सख्त कर दिया गया है। अब जब भी आप सिलेंडर बुक करेंगे, तो आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एक 4 अंकों का डीएसी कोड आएगा। जब तक आप सिलेंडर लेकर आए डिलीवरी बॉय को वह कोड नहीं बताएंगे, तब तक आपकी डिलीवरी पूरी नहीं मानी जाएगी। इसलिए बुकिंग के समय अपना चालू मोबाइल नंबर ही दर्ज करें।

3. एक नाम पर एक ही कनेक्शन का नियम

नई एडवाइजरी के मुताबिक, एक ही पते या एक ही व्यक्ति के नाम पर मल्टीपल (एक से अधिक) गैस कनेक्शन रखने की अनुमति नहीं होगी। यदि आपके घर में एक ही नाम या आईडी पर दो अलग-अलग कंपनियों के कनेक्शन चालू हैं, तो आपको एक कनेक्शन सरेंडर करना होगा। तेल कंपनियां अब सॉफ्टवेयर की मदद से ऐसे खातों की पहचान कर रही हैं और बिना सूचना दिए ऐसे एक्स्ट्रा कनेक्शन ब्लॉक किए जा रहे हैं।

4. सिलेंडर बुकिंग के लिए नए डिजिटल विकल्प

कंपनियों ने पारंपरिक कॉलिंग सिस्टम के बजाय डिजिटल बुकिंग को बढ़ावा देने के लिए नए नियम बनाए हैं। अब व्हाट्सएप (WhatsApp), कंपनियों के कस्टमाइज्ड मोबाइल ऐप (जैसे इंडियनऑयल वन, माय एचपी गैस) और उमंग ऐप के जरिए बुकिंग करने पर ग्राहकों को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके अलावा, डिजिटल पेमेंट करने वाले ग्राहकों को कुछ विशेष ऑफर्स और त्वरित डिलीवरी की सुविधा भी मिल रही है।

5. 5 साल में अनिवार्य सुरक्षा जांच (Mandatory Inspection)

सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए तेल कंपनियों ने नियम बनाया है कि हर घरेलू एलपीजी कनेक्शन की हर 5 साल में एक बार अनिवार्य सुरक्षा जांच की जाएगी। गैस एजेंसी का अधिकृत मैकेनिक आपके घर आकर पाइप, रेगुलेटर और चूल्हे की जांच करेगा। इस जांच के लिए एक न्यूनतम शुल्क तय किया गया है। यदि कोई ग्राहक इस अनिवार्य जांच को कराने से इनकार करता है, तो सुरक्षा कारणों से उसकी गैस सप्लाई को अस्थायी रूप से सस्पेंड किया जा सकता है।

6. पीएनजी (PNG) कनेक्शन धारकों के लिए एलपीजी सरेंडर नियम

जिन शहरी इलाकों में पाइप वाली प्राकृतिक गैस (PNG) की लाइन बिछ चुकी है और जिन लोगों ने पीएनजी कनेक्शन ले लिया है, उनके लिए एलपीजी सिलेंडर रखने के नियम बदल गए हैं। नई गाइडलाइन के अनुसार, पीएनजी शुरू होने के बाद उपभोक्ताओं को अपना घरेलू एलपीजी सिलेंडर सरेंडर करना होगा या उसे 'सेफ कस्टडी' में डालना होगा। एक ही घर में पीएनजी और रियायती एलपीजी दोनों का एक साथ इस्तेमाल पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है।

7. कमर्शियल और घरेलू सिलेंडर के नियमों में कड़ाई

घरेलू (14.2 किलोग्राम) सिलेंडरों का इस्तेमाल होटलों, शादियों या व्यावसायिक जगहों पर करने वालों के खिलाफ सरकार ने सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। नई एडवाइजरी के तहत, यदि घरेलू सिलेंडर का व्यावसायिक उपयोग करते हुए कोई पकड़ा जाता है, तो न सिर्फ भारी जुर्माना लगाया जाएगा बल्कि गैस कनेक्शन भी हमेशा के लिए रद्द कर दिया जाएगा। साथ ही, कमर्शियल गैस (19 किलोग्राम) की कीमतों की समीक्षा भी अब अधिक पारदर्शी तरीके से की जा रही है।

Richa Tripathi
रिचा त्रिपाठीauthor

रिचा त्रिपाठी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में बिजनेस डेस्क पर सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। मीडिया इंडस्ट्री में 7 वर्षों के अनुभव के साथ रिचा, पर्सनल फाइनेंस, स्टॉक मार्केट, टैक्स प्लानिंग और अर्थव्यवस्था से जुड़े विषयों पर मजबूत पकड़ रखती हैं। अब तक 8,000 से अधिक कंटेंट लिख चुकी रिचा की विशेषता है—जटिल वित्तीय जानकारियों को सरल, स्पष्ट और भरोसेमंद तरीके से पाठकों तक पहुंचाना। वह ऐसी स्टोरीज तैयार करती हैं जो न केवल जानकारीपूर्ण होती हैं, बल्कि आम पाठक की वित्तीय समझ को बेहतर बनाने में भी मदद करती हैं।

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