ATM PF Withdrawal : कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के करोड़ों खाताधारकों के लिए एक बेहद बड़ी और राहत भरी खबर सामने आ रही है। सरकार और EPFO मिलकर एक ऐसी क्रांतिकारी योजना पर काम कर रहे हैं, जिसके बाद पीएफ (PF) का पैसा निकालना उतना ही आसान हो जाएगा जितना अपने बैंक खाते से पैसे निकालना होता है। जी हां, आने वाले समय में आप अपने पीएफ खाते से इमरजेंसी या जरूरत के समय एटीएम (ATM) और यूपीआई (UPI) के जरिए सीधे पैसे निकाल सकेंगे। इस कदम से न केवल पीएफ निकासी की जटिल प्रक्रिया खत्म होगी, बल्कि लोगों को अपनी ही जमा पूंजी के लिए हफ्तों तक इंतजार भी नहीं करना पड़ेगा।
कब से लागू होगी यह सुविधा?
श्रम मंत्रालय (Ministry of Labour) जल्द ही ऐसी सुविधा शुरू करने के अंतिम चरण में है, जिसके तहत कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) के सदस्य अपने पीएफ (PF) की राशि UPI और ATM कार्ड के माध्यम से निकाल सकेंगे। यह सेवा जून के अंत से पहले शुरू किए जाने की उम्मीद है। जैसे ही नया Version 2.01 सर्वर पूरी तरह से काम करने लगेगा, EPFO के सदस्य अपने पीएफ खाते से सीधे UPI और ATM के जरिए पैसे निकाल सकेंगे। इस सुविधा की लॉन्चिंग की तैयारियां करीब पूरी हो चुकी हैं और इसे अगले कुछ दिनों में शुरू किया जा सकता है। EPFO 3.0 का उद्देश्य पीएफ से जुड़ी सेवाओं को अधिक तेज, कुशल और आसान बनाना है, साथ ही कर्मचारियों, पेंशनभोगियों और नियोक्ताओं के लिए कागजी कार्रवाई को कम करना है। इस व्यवस्था के तहत पात्र सदस्य अपने पीएफ फंड को सीधे अपने आधार-लिंक्ड और बैंक-सीडेड खातों में UPI या ATM के माध्यम से ट्रांसफर कर सकेंगे। इससे निकासी की प्रक्रिया तेज होगी और कागजी कार्रवाई, देरी तथा मैनुअल हस्तक्षेप में कमी आएगी। इस कदम से पारदर्शिता और जवाबदेही (transparency and accountability) बढ़ने की भी उम्मीद है।
एक्सपर्ट्स और सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, इस हाई-टेक सुविधा को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। ईपीएफओ वर्तमान में अपने आईटी इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के लिए 'सेंट्रलाइज्ड आईटी इनेबल्ड सिस्टम' (CITES) पर काम कर रहा है। उम्मीद जताई जा रही है कि चालू वित्त वर्ष की आखिरी तिमाही या अगले वित्तीय वर्ष की शुरुआत से इसके ट्रायल रन शुरू किए जा सकते हैं। हालांकि, शुरुआत में एटीएम और यूपीआई से निकासी की एक दैनिक और मासिक सीमा (Limit) तय की जाएगी, ताकि भविष्य के लिए सुरक्षित फंड सुरक्षित रहे और इस सुविधा का दुरुपयोग न हो सके। केवल आपातकालीन श्रेणियों (जैसे मेडिकल ग्राउंड) के तहत ही तुरंत पैसे निकालने की अनुमति मिलने की संभावना है।
क्या है नई व्यवस्था और कैसे काम करेगी?
मौजूदा व्यवस्था के तहत यदि किसी कर्मचारी को अपने पीएफ खाते से एडवांस या पूरा पैसा निकालना होता है, तो उसे ईपीएफओ के पोर्टल पर जाकर ऑनलाइन क्लेम फॉर्म भरना पड़ता है। इसके बाद कंपनी और ईपीएफओ के स्तर पर वेरिफिकेशन होता है, जिसमें कम से कम 3 से 7 दिनों का समय लग जाता है। कई बार तकनीकी दिक्कतों के कारण इसमें हफ्तों का वक्त भी लग जाता है। लेकिन नई प्रस्तावित व्यवस्था के तहत, ईपीएफओ आपके पीएफ खाते को सीधे नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) के सर्वर से जोड़ने की तैयारी कर रहा है। एक बार यह लिंकेज पूरा होने के बाद, खाताधारक अपने रजिस्टर्ड यूपीआई आईडी या विशेष पीएफ डेबिट कार्ड (ATM) के जरिए तुरंत पैसा ट्रांसफर या विड्रॉ कर सकेंगे।
इस बड़े बदलाव के पीछे क्या है मुख्य वजह?
इस अभूतपूर्व फैसले के पीछे सरकार का मुख्य उद्देश्य पीएफ निकासी प्रक्रिया को पूरी तरह से डिजिटल, पारदर्शी और त्वरित बनाना है। अक्सर देखा गया है कि चिकित्सा आपातकाल (Medical Emergency), शादी-ब्याह या बच्चों की पढ़ाई के लिए लोगों को अचानक पैसों की जरुरत होती है। ऐसे समय में पीएफ का पैसा समय पर न मिलने से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इसी समस्या को दूर करने के लिए ईपीएफओ केंद्रीय आईटी प्रणाली को अपग्रेड कर रहा है। इस नई प्रणाली के लागू होने से क्लेम सेटलमेंट का ऑटोमेशन हो जाएगा, जिससे मानवीय हस्तक्षेप न्यूनतम होगा और धोखाधड़ी की गुंजाइश भी खत्म हो जाएगी।
मेंबर्स कितना PF निकाल सकते हैं?
प्रस्तावित फ्रेमवर्क के मुताबिक योग्य EPFO सब्सक्राइबर्स को अपने जमा EPF फंड का 50% से 75% तक निकालने की अनुमति दी जा सकती है। यह उन शर्तों और पात्रता मानदंडों के अधीन होगा जिनकी जानकारी यह सुविधा शुरू होने पर दी जाएगी। हालांकि, रिटायरमेंट के समय सुरक्षा के लिए कुल बैलेंस का कम से कम 25% हिस्सा अनिवार्य रूप से अकाउंट में ही रहेगा। इस प्रावधान का मकसद लंबी अवधि की बचत को सुरक्षित रखना और यह सुनिश्चित करना है कि EPF रिटायरमेंट के बाद आर्थिक सुरक्षा देने के अपने मुख्य उद्देश्य को पूरा करता रहे।
