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मोदी सरकार ने भगोड़ों से वसूल लिए 14932 करोड़ रु, अब भी 87000 करोड़ रु हैं बाकी

G20 Anti-Graft Meet: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि सरकार आक्रामक रूप से आर्थिक अपराधियों पर नकेल कस रही है और आर्थिक अपराधियों और भगोड़ों से 14932 करोड़ रु से अधिक की संपत्ति की वसूली हो चुकी है।

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भगोड़ों से वसूल लिए 14932 करोड़ रु

Photo : iStock
KEY HIGHLIGHTS
  • मोदी सरकार ने भगोड़ों से वसूले 14932 करोड़ रु
  • अब भी बाकी हैं 87295 करोड़ रु
  • 2014 से वसूले हैं करीब 1 लाख रु

G20 Anti-Graft Meet: केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह (Union Minister Jitendra Singh) ने शनिवार को कोलकाता में महत्वपूर्ण जी20 (G20) भ्रष्टाचार विरोधी मंत्रिस्तरीय बैठक के दौरान "भ्रष्टाचार मुक्त दुनिया" (Corruption-Free World) बनाने की बात कही। साथ ही उन्होंने भगोड़े आर्थिक अपराधियों (Economic Offenders) के तेजी से प्रत्यर्पण और उनकी संपत्ति की वसूली पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में विदेशों से 1.8 बिलियन डॉलर (करीब 14932 करोड़ रु) की भारी भरकम राशि रिकवर की गई है और भारत वापस लाई गई है।

2014 से वसूले 1 लाख करोड़ रु

वहीं समिट के अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि सरकार आक्रामक रूप से आर्थिक अपराधियों पर नकेल कस रही है और आर्थिक अपराधियों और भगोड़ों से 14932 करोड़ रु से अधिक की संपत्ति की वसूली हो चुकी है। उन्होंने मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम का भी उल्लेख किया, जिसने 2014 से अपराधियों की 12 बिलियन डॉलर (99547 करोड़ रु) से अधिक की संपत्ति जब्त करने में मदद की है।

बता दें कि आरबीआई (RBI) के डेटा के अनुसार विलफुल डिफॉल्टर पर अब भी 87295 करोड़ रु का बकाया है।

आर्थिक अपराधी नेशनल-इंटरनेशनल लॉ-एनफोर्समेंट के लिए चैलेंज

भगोड़े आर्थिक अपराधियों पर जितेंद्र सिंह ने कहा कि वे नेशनल और इंटरनेशनल लॉ-एनफोर्समेंट दोनों के लिए बड़ी चुनौती पैदा करते हैं क्योंकि वे न्याय से बचने के लिए देशों की कानूनी और फाइनेंशियल सिस्टम के बीच गैप का फायदा उठाने में सक्षम होते हैं।

किस पर कितना बाकी

  • मेहुल चोकसी : 8738 करोड़ रु
  • एरा इंफ्रा इंजीनियरिंग लिमिटेड : 5,750 करोड़ रुपये
  • आरईआई एग्रो लिमिटेड : 5,148 करोड़ रुपये
  • एबीजी शिपयार्ड लिमिटेड : 4,774 करोड़ रुपये
  • कॉनकास्ट स्टील एंड पावर लिमिटेड : 3,911 करोड़ रुपये

क्या-क्या हैं इकोनॉमिक क्राइम

केंद्रीय कार्मिक राज्य मंत्री सिंह ने कहा सिंह के अनुसार भगोड़े आर्थिक अपराधी अपने देश में गंभीर आर्थिक अपराध करते हैं और गिरफ्तारी, प्रॉसेक्यूशन या सजा से बचने के लिए दूसरे देश में भाग जाते हैं। उन्होंने कहा कि आर्थिक अपराधों में धोखाधड़ी, टैक्स चोरी, मनी लॉन्ड्रिंग और घोटाले जैसी कई प्रकार की अवैध गतिविधियां शामिल हैं।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

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