नई दिल्ली। अमेरिकी अर्थव्यवस्था (US Economy) में लगातार दूसरी तिमाही गिरावट आई है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, वर्ष के पहले तीन महीनों में बड़ी गिरावट के बाद, दूसरी तिमाही में सकल घरेलू उत्पाद (GDP) में 0.9 फीसदी की सालाना दर से गिरावट आई है। वाणिज्य मंत्रालय द्वारा गुरुवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, इससे पहले जनवरी से मार्च तिमाही में सकल घरेलू उत्पाद में 1.6 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई थी।
मंदी की आहट!
हालांकि, यह आंकड़ा अभी स्थायी नहीं है, इसमें बदलाव हो सकता है। लेकिन लगातार दो तिमाहियों में जीडीपी में गिरावट से मंदी के संकेत मिलते हैं। उल्लेखनीय है कि जीडीपी में गिरावट का आंकड़ा ऐसे समय में जारी किया गया, जब लगातार बढ़ रही महंगाई और लेन की ऊंची लागत की वजह से उपभोक्ता और कंपनियां प्रभावित हैं।
हालांकि अमेरिका के राष्ट्रपति जो बिडेन का कहना है कि उन्हें विश्वास है कि अमेरिकी अर्थव्यवस्था मंदी (Recession in America) का सामना नहीं कर रही है। इस बीच, व्यक्तिगत खपत व्यय मूल्य सूचकांक तीन महीनों में 7.1 फीसदी बढ़ा, जो कि पहली तिमाही में समान गति है।
फेड ने बढ़ाई ब्याज दरें
उल्लेखनीय है कि हाल ही में अमेरिकी फेडरल रिजर्व (US Fed Reserve) ने ब्याज दरों में 0.75 फीसदी की बढ़ोतरी की थी। पिछले 40 सालों की रिकॉर्ड महंगाई दर को देखते हुए फेड रिजर्व ने यह कदम उठाया था। जेरोम पॉवेल और कई अर्थशास्त्रियों का कहना है कि अर्थव्यवस्था में नरमी है, लेकिन उन्हें मंदी को लेकर संदेह है। पिछले साल अमेरिकी की आर्थिक वृद्धि दर 5.7 फीसदी थी।

