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कश्मीर में बदलाव की बर्फबारी, रिकॉर्ड संख्या में पहुंचे पर्यटक, मार्च 2022 तक महंगे होटल बुक

  • Updated Dec 24, 2021, 01:31 PM IST

Jammu And Kashmir Tourism: कश्मीर में करीब 2 साल बाद पर्यटकों की रौनक दिख रही है। क्रिसमस और न्यू ईयर के मौके पर दिसंबर में रिकॉर्ड पर्यटक पहुंच रहे हैं। अकेले नवंबर में 1.20 लाख से ज्यादा पर्यटक पहुंचे।

कश्मीर में बदलाव की बर्फबारी, रिकॉर्ड संख्या में पहुंचे पर्यटक, मार्च 2022 तक महंगे होटल बुक

नई दिल्ली: पहाड़ों में हुई बर्फबारी ने भले ही मैदानी इलाकों में ठंड बढ़ा दी है लेकिन कश्मीर में पर्यटकों ने गर्मी बढ़ा दी है। इस बार सीजन में बीते 7 साल में सबसे ज्यादा पर्यटक पहुंचे हैं। गुलमर्ग में हुई  बर्फबारी ने  स्कीइंग का मजा लेने वाले पर्यटकों की उम्मीदें बढ़ा दी है। हाल यह है कि कश्मीर में मार्च 2022 तक महंगे होटल पूरी तरह से बुक हैं। टूर ऑपरेटर्स के अनुसार हर रोज 3000-4000 पर्यटक पहुंच रहे हैं। कोविड-19 और अनुच्छेद 370 हटने के बाद सामान्य होती परिस्थितियों का फायदा इस बार पर्यटन क्षेत्र को मिल रहा है।

Kashmit tourism

घरेलू पर्यटकों ने बढ़ाई रौनक

ट्रैवल एजेंट एसोसिएशन ऑफ कश्मीर के प्रेसिडेंट अशफाक सिद्धिक दुग ने टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल से बताया इस बार काफी समय बाद कश्मीर में पर्यटकों की भारी तादाद है। घरेलू पर्यटक आ रहे हैं। फिलहाल क्रिसमस और न्यू ईयर के लिए होटल बुक हैं। बर्फबारी ने माहौल को और खुशनुमा बना दिया है। एक तरह से कहें तो रौनक लौटी हैं।

दुग के अनुसार सारे लग्जरी होटल बुक हैं। मार्च 2022 तक 100 फीसदी बुकिंग है। इसकी एक बड़ी वजह है, कोविड प्रोटोकॉल की वजह से अंतरराष्ट्रीय यात्राओं पर लगी पाबंदी है। क्योंकि जो घरेलू पर्यटक विदेश जाने की प्लानिंग कर रहे थे, वह कश्मीर पहुंच गए हैं। जहां तक अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों की बात है तो नई सख्तियों की वजह से वह इस बार यहां नहीं आ पा रहे हैं।

अक्टूबर-नवंबर में रिकॉर्ड पर्यटक

कश्मीर टूरिज्म के डायरेक्टर डॉ जी.एन.इट्टू ने न्यूज एजेंसी एएनआई को बताया कि नवंबर में 1.27 लाख पर्यटक कश्मीर पहुंचे। जबकि अक्टूबर 95 हजार पर्यटक पहुंचे थे।जो कि पिछले 7 साल में सबसे ज्यादा पर्यटकों की संख्या है। उनके अनुसार पर्यटनों को लगातार प्रमोट करने और ऐतिहासिक त्योहारों के आयोजन ने पर्यटकों में उत्सुकता बढ़ाई। जिसकी वजह से संख्या में बढ़ोतरी हुई है।

पर्यटन विभाग के एक अधिकारी के अनुसार जम्मू और कश्मीर के 75 ऑफ बीट जगहों को प्रमोट किया गया है। करीब 2 साल बाद रौनक लौटी है। उम्मीद है कि आगे भी बनी रहेगी। और इस पूरे साल में 5 लाख से ज्यादा पर्यटक कश्मीर पहुंच चुके हैं। इंटरनेशनल जनरल ऑफ एडवांस रिसर्च इन साइंड और इंजीनियरिंग की रिपोर्ट के अनुसार 2012 में  कश्मीर की जीडीपी में 7 फीसदी हिस्सेदारी थी। और उसमें 15-16 लाख लोग प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रुप से रोजगार पा रहे थे।

बजट होटल में रौनक कम

अशफाक सिद्धिक दुग के अनुसार जैसी रौनक हाई-इंड होटल्स में है, वैसी बजट होटल में नहीं दिख रही है। वहां पर 25-30 फीसदी बुकिंग है। इसकी बड़ी वजह है कि अर्थव्यवस्था का असर दिख रहा है। ऐसे में, वह वर्ग जो कम खर्च में कश्मीर घूमने आता था, वह अभी उस तादाद में नहीं आया है। लेकिन अच्छी बात यह है कि पर्यटन क्षेत्र में रौनक आ गई है।

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