Russia-Ukraine war: रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने शनिवार को कहा कि यूक्रेन में युद्ध खत्म करने के लिए मॉस्को बातचीत के लिए तैयार है। लेकिन उन्होंने जोर देकर कहा कि कोई भी समझौता होने से पहले रूस की सुरक्षा चिंताओं और रूसी भाषा बोलने वाले लोगों के अधिकारों का ध्यान रखा जाना चाहिए।
किस आधार पर रूस संघर्ष खत्म करेगा?
न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा के 80वें सत्र में लावरोव ने कहा, 'जैसा कि राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने बार-बार कहा है, रूस हमेशा से संघर्ष के मूल कारणों को खत्म करने के लिए बातचीत के लिए तैयार रहा है और अब भी तैयार है।' 'रूस की सुरक्षा और उसके हितों पर ठोस सहमति होनी चाहिए। कीव सरकार के नियंत्रण वाले क्षेत्रों में रूसी और रूसी भाषा बोलने वाले लोगों के अधिकारों को पूरी तरह बहाल किया जाना चाहिए। इसी आधार पर, हम यूक्रेन को सुरक्षा गारंटी देने पर चर्चा करने के लिए तैयार हैं।'
NATO का हो रहा विस्तार
लावरोव ने पश्चिमी देशों पर मॉस्को की सुरक्षा चिंताओं को नजरअंदाज करने और पहले दिए गए आश्वासनों के विपरीत नाटो के विस्तार को जारी रखने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, 'यूरोपीय देश स्थिति की गंभीरता को नहीं समझते और न ही वे ईमानदारी से बातचीत करने को तैयार हैं। नाटो हमारी सीमाओं तक विस्तार कर रहा है, जबकि सोवियत नेताओं को यह आश्वासन दिया गया था कि वह पूर्व की ओर एक इंच भी आगे नहीं बढ़ेगा।'
'नाटो को इस बारे में कोई संदेह नहीं होना चाहिए...'
रूसी विदेश मंत्री ने पूर्वी यूरोप के कुछ देशों के इस दावे को भी खारिज कर दिया कि मॉस्को अपने जेट और ड्रोन से उनके हवाई क्षेत्र का उल्लंघन कर रहा है। उन्होंने कहा, 'रूस पर नाटो और यूरोपीय संघ देशों पर हमला करने की योजना बनाने का आरोप लगाया जा रहा है। राष्ट्रपति पुतिन ने बार-बार इन दुष्प्रचार को खारिज किया है, रूस का ऐसा कोई इरादा नहीं है और न ही भविष्य में ऐसा कोई इरादा होगा।' 'लेकिन, हमारे देश पर किसी भी तरह का हमला हुआ तो हम उसका कड़ा जवाब देंगे। नाटो और यूरोपीय संघ को इस बारे में कोई संदेह नहीं होना चाहिए।'
