Pakistan's Top Leadership Meeting: पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत के सख्त कदमों से पाकिस्तान बिलबिला उठा है। इसे लेकर पाकिस्तान ने गुरुवार को अहम बैठक बुलाई है जिसमें सैन्य नेतृत्व भी शामिल होगा। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने बुधवार रात कहा कि सिंधु जल संधि को स्थगित करने और राजनयिक संबंधों में कटौती करने के भारत के कदम पर उचित जवाब के लिए शीर्ष असैन्य और सैन्य नेतृत्व बृहस्पतिवार को बैठक करेंगे।
भारत ने उठाए सख्त कदम
भारत ने पहलगाम आतंकी हमले के मद्देनजर पाकिस्तान को कड़ा संदेश देते हुए उसके साथ राजनयिक संबंधों में व्यापक कटौती, 1960 की सिंधु जल संधि को स्थगित करने और अटारी चौकी को बंद किए जाने समेत कई फैसले किए। आसिफ ने एक बयान में कहा, प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की अध्यक्षता में राष्ट्रीय सुरक्षा समिति की एक बैठक आयोजित की जाएगी। उन्होंने कहा कि भारतीय कदमों का उचित जवाब देने के लिए निर्णय लिए जाएंगे।
बैठक में सेना के तीनों अंगों के प्रमुख भी शामिल होंगे
इस बैठक में सेना के तीनों अंगों के प्रमुख और प्रमुख कैबिनेट मंत्री शामिल होंगे। ऐसी बैठकें ऐसे महत्वपूर्ण अवसरों पर बुलाई जाती हैं जब राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होनी होती है। नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता वाली सुरक्षा संबंधी कैबिनेट समिति ने पहलगाम आतंकी हमले की निंदा करते हुए पाकिस्तान को लेकर पांच सूत्री कदमों का फैसला लिया। इसके तहत सीसीएस ने फैसला किया है कि पाकिस्तानी नागरिकों को दक्षेस वीजा छूट योजना (एसवीईएस) के तहत भारत की यात्रा करने की अनुमति नहीं दी जाएगी और अतीत में पाकिस्तानी नागरिकों को जारी किए गए ऐसे सभी वीजा रद्द माने जाएंगे।
पहलगाम में 26 लोग मारे गए
मंगलवार को पहलगाम में आतंकवादियों द्वारा किए गए हमले में 26 लोग मारे गए, जिनमें ज्यादातर पर्यटक थे। 2019 में पुलवामा हमले के बाद घाटी में यह सबसे घातक हमला था। पाकिस्तान स्थित प्रतिबंधित लश्कर-ए-तैयबा के मुखौटा संगठन द रेसिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ) ने हमले की जिम्मेदारी ली है।
