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इमरान खान को राहत, पाकिस्तान सुप्रीम कोर्ट का आदेश- शिफा इंटरनेशनल अस्पताल में भर्ती कराया जाए

इमरान खान और उनके परिवार ने अपनी याचिका में स्वास्थ्य समस्याओं (विशेष रूप से आंखों की स्थिति) का हवाला देते हुए उन्हें निजी अस्पताल में स्थानांतरित करने और डॉक्टरों व परिजनों तक पहुंच की मांग की थी, जिस पर सुनवाई करते हुए शीर्ष अदालत ने यह राहत दी है।

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इमरान खान पर पाकिस्तानी सुप्रीम कोर्ट का आदेश

Photo : AP

Imaran Khan: पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे जेल में बंद पीटीआई (PTI) के संस्थापक और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान को अगले कुछ दिनों के भीतर इस्लामाबाद के शिफा इंटरनेशनल अस्पताल (Shifa International Hospital) में स्थानांतरित करें। न्यायमूर्ति शाहिद वाहिद की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ, जिसमें न्यायमूर्ति नईम अख्तर अफगान और न्यायमूर्ति इश्तियाक इब्राहिम शामिल थे, ने इमरान खान के अस्पताल में भर्ती होने की याचिका पर यह फैसला सुनाया।

अस्पताल में भर्ती करने के आदेश

सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया है कि इमरान खान को बेहतर और उचित चिकित्सा उपचार के लिए इस्लामाबाद के शिफा इंटरनेशनल अस्पताल में शिफ्ट किया जाए। अदालत ने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया है कि उनके परिवार के सदस्यों के साथ उनकी साप्ताहिक मुलाकातें नियमित रूप से कराई जाएं। इमरान खान और उनके परिवार ने अपनी याचिका में स्वास्थ्य समस्याओं (विशेष रूप से आंखों की स्थिति) का हवाला देते हुए उन्हें निजी अस्पताल में स्थानांतरित करने और डॉक्टरों व परिजनों तक पहुंच की मांग की थी, जिस पर सुनवाई करते हुए शीर्ष अदालत ने यह राहत दी है।

अगस्त 2023 से जेल में बंद इमरान

इमरान खान अगस्त 2023 से रावलपिंडी की हाई-सिक्योरिटी अदियाला जेल (Adiala Jail) में बंद हैं। वे भ्रष्टाचार (तोशाखाना, अल-कादिर ट्रस्ट) से जुड़े मामलों में सजा काट रहे हैं। जनवरी 2026 के अंत में इमरान खान की दाहिनी आंख की नस में रुकावट/ब्लॉकेज की समस्या का पता चला था। PTI नेताओं और परिजनों का दावा था कि समय पर सही इलाज न मिलने के कारण उनकी आंख की रोशनी 85% तक घट गई है और केवल 15% बची है।

निजी डॉक्टरों और परिवार तक पहुंच का अभाव

इमरान खान की बहन डॉ. उजमा खान और PTI नेताओं ने आरोप लगाया था कि सरकार और जेल प्रशासन खान को उनके निजी डॉक्टरों (डॉ. फैसल सुल्तान, डॉ. असीम यूसुफ आदि) से इलाज कराने की अनुमति नहीं दे रहे थे। PTI का आरोप है कि इमरान खान को जेल में अलग-थलग रखा गया है और उनके वकीलों, परिवार व निजी डॉक्टरों से मुलाकात रोक दी गई थी, जिससे उनका मानसिक तनाव और ब्लड प्रेशर काफी बढ़ गया है।

सरकारी अस्पताल बनाम निजी अस्पताल का विवाद

जेल प्रशासन और सरकार का कहना था कि इमरान खान का इलाज सरकारी अस्पताल (PIMS - पाकिस्तान इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज) के विशेषज्ञ डॉक्टरों और आई सर्जनों द्वारा किया जा रहा है, और उनकी स्थिति में काफी सुधार हुआ है। इमरान खान, उनकी बहन और PTI ने निचली अदालतों से राहत न मिलने के बाद सुप्रीम कोर्ट का रुख किया। उन्होंने याचिका में मांग की कि सरकारी सुविधाओं के बजाय खान को तुरंत इस्लामाबाद के शिफा इंटरनेशनल अस्पताल में शिफ्ट किया जाए और उनके निजी डॉक्टरों व परिवार को उनसे मिलने दिया जाए।

Amit Mandal
अमित कुमार मंडलauthor

अमित मंडल टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में न्यूज डेस्क पर Assistant Editor के रूप में काम कर रहे हैं। प्रिंट, टीवी और डिजिटल—तीनों माध्यमों में कुल मिलाकर 15 सालों से अधिक का अनुभव उन्हें खबरों को देखने की व्यापक दृष्टि देता है। ब्रेकिंग न्यूज, लाइव ब्लॉग, स्पेशल स्टोरीज और एक्सप्लेनेर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। एंगल चुनने की कला, खबरों की गति को समझना और समय पर सही जानकारी पहुंचाना—ये उनकी सबसे बड़ी खूबियां हैं। अमित अपने करियर में करीब 20 हजार से अधिक न्यूज आर्टिकल, एनालिसिस और एक्सप्लेनर पब्लिश कर चुके हैं।

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