Pakistan Political Crisis : पाकिस्तान में हालात दिन पर दिन बदतर होते जा रहे हैं। पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पर लगातार हो रहे एक्शन को जुल्म की संज्ञा देते हुए आज इमरान खान ने सुप्रीम कोर्ट के जजों से अपील की। पूर्व पीएम इमरान खान ने न्यायाधीशों से देश में लोकतंत्र बचाने की अपील की और कहा कि, 'आप हमारी आखिरी उम्मीद हैं।' इमरान खान ने ये अपील उस वक्त की जब उनकी पार्टी पर प्रतिबंध लगाए जाने की अटकलें तेज हो चुकी हैं। सोशल मीडिया पर लाइव आकर इमरान खान ने राष्ट्र के संबोधन दिया। कहा कि, उनकी पार्टी पर बड़े पैमाने पर कार्रवाई चल रही है और शासन ने पूरे नेतृत्व को जेल में डाल दिया है और यहां तक कि उन लोगों को भी जो पार्टी का हिस्सा नहीं हैं।
'आपकी एकता जनता के लिए जरूरी'
पाकिस्तान में अपनी पार्टी पर हुए एक्शन से आहत इमरान ने शीर्ष न्यायपालिका के न्यायाधीशों से गुहार लगाते हुए कि जिक्र करते हुए कहा, देश आपकी ओर देख रहा है और आपकी एकता जनता के लिए बहुत जरूरी है। इस देश को बचाना और इसके लिए खड़ा होना अब आप पर निर्भर है। ऐसी खबरें हैं कि जमान पार्क स्थित खान के आवास का इंटरनेट कनेक्शन काट दिया गया है, इसलिए आप हमारी आखिरी उम्मीद हैं। खान ने बातचीत की पेशकश भी की और कहा कि वह सत्ता में मौजूद लोगों के साथ बातचीत के लिए एक समिति गठित करने के लिए तैयार हैं।
इमरान के करीबियों ने छोड़ी पार्टी
नौ मई को पाकिस्तान रेंजर्स द्वारा खान को गिरफ्तार किए जाने के बाद हिंसक प्रदर्शन शुरू हो गए थे। उनकी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने लाहौर कोर कमांडर हाउस, मियांवाली एयरबेस और फैसलाबाद में आईएसआई भवन सहित एक दर्जन सैन्य प्रतिष्ठानों में तोड़फोड़ की थी। रावलपिंडी में सेना मुख्यालय पर भी भीड़ ने हमला किया था। पुलिस ने हिंसक झड़पों में मरने वालों की संख्या 10 बताई है। इसी के ठीक बाद कार्रवाई के डर से पूर्व मानवाधिकार मंत्री शिरीन मजारी और पूर्व सूचना मंत्री फवाद चौधरी सहित कई नेताओं ने पीटीआई छोड़ दी है।
'मजारी के जाने से देश का नुकसान'
इमरान खान में अपने संबोधन करीबियों के पार्टी छोड़ने का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि, 'मजारी का राजनीति से जाना न केवल उनकी पार्टी, बल्कि पूरे देश और इसके लोकतंत्र के लिए क्षति है। वर्तमान में हमारे 10,000 से अधिक कार्यकर्ता जेल में हैं। उनके साथ ऐसा व्यवहार किया जा रहा है जैसे वे विदेशी दुश्मन हों, लेकिन फिर भी युद्धबंदियों के भी अधिकार होते हैं। मैंने अपने लोगों को छिपने के लिए कहा है। मैं अपने कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों से कह रहा हूं कि आपको बाहर आने की कोई जरूरत नहीं है। अपने घरों में मत रहो, छिप जाओ।'
पीटीआई पर लग सकता है प्रतिबंध
इमरान खान ने कहा है कि, सरकार और सेना द्वारा किया जा रहा ये जुल्म उनकी पार्टी को खत्म नहीं करेगा बल्कि उनकी लोकप्रियता को बढ़ाएगा। गौरतलब है कि, उनकी ये प्रतिक्रिया उस वक्त आई है जब कुछ देर पहले ही रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा था कि, सरकार पीटीआई पर प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रही है। आसिफ ने कहा था कि, अभी तक फैसला (पीटीआई पर प्रतिबंध लगाने का) नहीं लिया गया है, लेकिन निश्चित तौर पर समीक्षा की जा रही है।
