रूस-यूक्रेन के बीच जंग के हालात, स्थिति हुई विकट, दोनों की सेनाओं के बीच का अंतर जानिए

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Feb 14, 2022, 10:46 PM IST

Ukraine and Russia comparison: रूस और यूक्रेन के बीच तनाव काफी बढ़ गया है और स्थिति युद्ध की आ गई है। ऐसे में जानना जरूरी है कि अगर दोनों के बीच युद्ध हुआ तो कौन कितना तैयार है।

रूस-यूक्रेन के बीच जंग के हालात, स्थिति हुई विकट, दोनों की सेनाओं के बीच का अंतर जानिए

रूस और यूक्रेन के बीच तनाव काफी आगे बढ़ गया है। अमेरिका ने बताया है कि रूस ने यूक्रेन से लगती सरहद पर तैनात अपने सैनिकों की संख्या बढ़ाकर 1.30 लाख से ज्यादा कर दी है। अमेरिका का मानना है कि रूस में थोड़े ही समय में वहां इतनी सैन्य शक्ति जमा कर ली है कि वह कभी भी हमला कर सकता है। इसी बीच हम यूक्रेन और रूस की सैन्य ताकत की तुलना करेंगे और जानने की कोशिश करेंगे कि कौन कितना ताकतवर है।

यूक्रेन में 250000 एक्टिव ड्यूटी सैनिक हैं, साथ ही 290000 रिजर्व कर्मी और 50000 अर्धसैनिक इकाइयां हैं जिन्हें रूस के साथ संघर्ष में सक्रिय किया जा सकता है। 2014 में तुलनात्मक रूप से यूक्रेन में केवल 140000 सैनिक थे और उनमें से केवल 6000 ही युद्ध के लिए तैयार थे। वहीं रूस में 10 लाख से अधिक एक्टिव ड्यूटी कर्मी हैं, जो यूक्रेन की सेना की ताकत से चार गुना अधिक हैं। रूस के पास 378000 रिजर्व कर्मी और 250000 अर्धसैनिक बल हैं जिन्हें वह अपने पड़ोसी के साथ संघर्ष में बुला सकता है।

जमीन से लेकर आसमान तक यूक्रेन पर भारी है रूस

रूस के पास 12000 से अधिक टैंक (यूक्रेन के पास 2500), 30000 बख्तरबंद वाहन (यूक्रेन में 12000) और 12000 स्व-चालित तोपें (यूक्रेन के पास 1000 से थोड़ी अधिक हैं) हैं। रूस 700 से अधिक लड़ाकू विमान (यूक्रेन के पास लगभग 70), 700 से अधिक हमले वाले विमान (यूक्रेन में 30 से कम), 500 से अधिक हमले वाले हेलीकॉप्टर (यूक्रेन में 34) और 1500 हेलीकॉप्टर (यूक्रेन के पास 100 से थोड़े अधिक है) के साथ हवाई शक्ति में भी हावी है। समुद्र में रूस 15 विध्वंसक, 70 पनडुब्बियों, 11 युद्धपोतों और लगभग 50 माइन युद्धपोतों के साथ शासन करता है। यूक्रेन में कोई विध्वंसक या पनडुब्बी नहीं है, केवल एक युद्धपोत और एक माइन युद्धपोत है।

यूक्रेन ने 2010 से 2020 तक अपने रक्षा बजट को वास्तविक रूप से तीन गुना कर दिया है। 2020 में इसका कुल रक्षा व्यय 4.3 बिलियन डॉलर या रूस का दसवां हिस्सा था। यूक्रेन की सेना ने देश के पूर्व में डोनबास क्षेत्र में युद्ध का अनुभव प्राप्त किया है, जहां वे 2014 से रूस समर्थित अलगाववादियों से लड़ रहे हैं।

यूक्रेन की मदद के लिए हथियार भेजे

अमेरिका ने चेतावनी दी है कि रूस इस हफ्ते यूक्रेन पर हमला कर सकता है। इसके मद्देनजर नाटो के सदस्यों की ओर से हथियारों की नई खेप भेजी गई है। एक सैन्य मालवाहक विमान रविवार को यूक्रेन पहुंचा जिसमें अमेरिका में बनी विमान रोधी मिसाइलें और उत्तर अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) सदस्य लिथुआनिया से लाया गया गोला-बारूद था। बहरहाल, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन पर हमला करने की मंशा से इनकार किया है। उनकी मांग है कि यूक्रेन को नाटो में शामिल नहीं किया जाए, नाटो उसकी सीमा के पास अपने सैनिकों की तैनाती से बचे और पूर्वी यूरोप से अपने बल हटाए। इन मांगों को पश्चिमी देशों ने खारिज कर दिया है।

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