जेद्दा : सऊदी अरब के शहर जेद्दा स्थित एक तेल डिपो में भीषण आग लग गई। बताया जा रहा है कि यहां रॉकेट हमले के बाद आग लग गई, जिसकी जिम्मेदारी यमन के हूती विद्रोहियों ने ली है। सऊदी अरब की सरकारी तेल कंपनी अरामको के जेद्दा स्थित तेल डिपो से आग की उठती लपटों के कई वीडियो सामने आए हैं। यह घटना जेद्दा में फॉर्मूला 1 रेस के आयोजन से पहले हुई है, जिसके ट्रैक से भी ऑयल डिपो से उठती आग की लपटों को देखा गया।
सऊदी अरब के सरकारी टीवी ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि एक 'शत्रुतापूर्ण अभियान' में जेद्दाह के तेल डिपो को निशाना बनाया गया, जिससे वहां आग लग गई। इससे पहले यमन के हूती विद्रोहियों ने यहां हमले की जिम्मेदारी ली थी। यह घटना जेद्दा तेल डिपो पर इसी तरह के हमले के कुछ दिनों बाद हुई है। यमन के हूती विद्रोहियों द्वारा संचालित 'अल-मसीरा' उपग्रह समाचार चैनल की खबर के अनुसार हमले के बारे में अधिक विवरण बाद में जारी किया जाएगा।
F1 के आयोजन में सुरक्षा को लेकर चिंता
जेद्दा स्थित तेल डिपो में अग्निकांड की घटना रविवार को यहां होने जा रहे F1 रेस से पहले हुई है। इस बीच हूती विद्रोहियों द्वारा हमले की जिम्मेदारी लेने के बाद यहां कई तरह की सुरक्षा चिंताएं पैदा हुई हैं। इस संबंध में F1 की ओर से भी एक बयान जारी किया गया है। हालांकि इसमें केवल इतना कहा गया है कि हमें इस बारे में प्रशासन से जानकारी मिलने का इंतजार है कि आखिर यहां हुआ क्या?' बयान में घटना को लेकर कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी गई है।
यहां गौर हो कि सितंबर 2014 में ईरान समर्थित यमन के हूती विद्रोहियों द्वारा राजधानी सना पर कब्जे के बाद से ही सऊदी अरब और हूती विद्रोहियों के बीच टकराव की स्थिति बनी हुई है। हूती विद्रोही पहले भी सऊदी अरब के नॉर्थ जेद्दा प्लांट पर क्रूज मिसाइलों से निशाना बना चुके हैं। हूती विद्रोहियों ने ऐसा ही एक हमला नवंबर 2020 में किया था, जिसमें तेल टैंक को बड़ा नुकसान हुआ था। एक रिपोर्ट के मुताबिक, इसकी मरम्मत में अरामको को तकरीबन 15 लाख डॉलर का खर्च आया था।

