PM Kisan Yojana: केंद्र सरकार पीएम किसान सम्मान निधि के तहत देश के करोड़ों किसानों को आर्थिक मदद पहुंचाती है। पीएम किसान योजना के तहत अब तक किसानों को 13 किश्तों में फायदा मिल चुका है। देश के करोड़ों किसान 14वीं किश्त का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सरकार 14वीं किश्त जुलाई महीने में जारी कर सकती है। 13वीं किश्त का फायदा किसानों को 27 फरवरी को मिला था। जिन किसानों ने अभी तक e-KYC नहीं कराई है औ भू सत्यापन भी नहीं कराया है। उनकी 14वीं किश्त अटक सकती है। इसलिए सबसे पहले ये दोनों काम करा लें। इधर सरकार फर्जी किसानों के प्रति भी सख्त रवैया अपना रही है।
बता दें कि केंद्र की मोदी सरकार देश के पात्र किसानों को साल में 6,000 रुपये की आर्थिक सहायता देती है। यह आर्थिक मदद 2000 रुपये की 3 किश्तों के रूप में दी जाती है। हर एक किश्त 4 महीने में जारी की जाती है।
फर्जीवाड़े को रोकने के लिए योजना में हुए ये बदलाव
फर्जीवाड़े को रोकने के लिए सरकार ने खास ऐप पीएम-किसान मोबाइल ऐप (PM Kisan Mobile App) लॉन्च किया है। यह ऐप पूरी तरह से फेस ऑथेंटिकेशन फीचर से लैस है। जो पहले किसानों के चेहरे को वेरिफाई करेगा। इसके बाद किसानों को योजना का फायदा मिलेगा। किसान इस ऐप के जरिए चेहरा स्कैन करके अपनी e-KYC प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। इससे वन टाइम पासवर्ड या फिंगरप्रिंट का झंझट खत्म हो जाएगी।
कर लें ये 2 काम नहीं तो अटक जाएगा पैसा
पीएम किसान योजना की किस्त का फायदा उठाने के लिए 2 काम जरूर कर लें। पहला- लाभार्थी किसान की पीएम किसान ई-केवाईसी (PM Kisan e-KYC) कराना और दूसरा- योजना से जुड़े लाभार्थियों का भू-सत्यापन भी बहुत जरूरी है। अगर ये दोनों चीजें पूरी नहीं हैं, तो आपकी पीएम किसान कि किस्त अटक सकती है।
इन्हें नहीं मिलते 2000 रुपये
अगर कोई किसान किसी दूसरे किसान से जमीन लेकर किराए पर खेती करते हैं। तब ऐसी स्थिति में उसे भी योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा। पीएम किसान में लैंड की ओनरशिप जरूरी है। वहीं अगर कोई किसान या परिवार में कोई संवैधानिक पद पर है तो उसे लाभ नहीं मिलेगा। 10,000 रुपये से अधिक की मासिक पेंशन पाने वाले रिटायर्ट कर्मचारियों को भी इसका फायदा नहीं मिलेगा। इतना ही नहीं डॉक्टर, इंजीनियर, सीए, आर्किटेक्ट्स और वकील जैसे प्रोफेशनल्स को भी योजना का लाभ नहीं मिलेगा। भले ही वो किसानी भी करते हों।
