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FASTag: आज से लागू हो गया एक वाहन-एक फास्टैग, जानें- टोल पर क्या होगा इसका असर

One Vehicle One FASTag: इसके जरिए प्राधिकरण कई वाहनों के लिए एक ही फास्टैग के इस्तेमाल पर लगाम लगाने के साथ कई फास्टैग को किसी खास वाहन से संबद्ध करने पर रोक लगाना चाहता है। फास्टैग की पहुंच लगभग 98 प्रतिशत वाहनों तक है और इसके आठ करोड़ से अधिक यूजर्स हैं।

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NHAI's Approved List For FASTag Services (Image Source: iStockphoto)

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One Vehicle One FASTag: नेशनल हाइवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने एक अप्रैल यानी आज से ‘एक वाहन, एक फास्टैग’ का नियम लागू कर दिया है। इस नियम उद्देश्य के जरिए कई वाहनों के लिए एक फास्टैग के इस्तेमाल या एक वाहन के लिए कई फास्टैग के इस्तेमाल पर रोक लगाना है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने पीटीआई-भाषा से कहा कि अब एक वाहन पर एक से अधिक फास्टैग नहीं लगाए जा सकेंगे। उन्होंने कहा कि जिन लोगों के पास एक वाहन के लिए कई फास्टैग हैं, वे एक अप्रैल से उनका उपयोग नहीं कर पाएंगे।

इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन

सार्वजनिक क्षेत्र की इकाई एनएचएआई ने पेटीएम फास्टैग का इस्तेमाल करने वाले वाहन मालिकों की समस्याओं को देखते हुए ‘एक वाहन, एक फास्टैग’ पहल के अनुपालन की समयसीमा 31 मार्च तक बढ़ा दी थी। फास्टैग भारत में टोल कलेक्शन की इलेक्ट्रॉनिक व्यवस्था है और इसका संचालन एनएचएआई करता है। इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन सिस्टम की दक्षता बढ़ाने और टोल प्लाजा पर सुगम आवाजाही के लिए एनएचएआई ने ‘एक वाहन, एक फास्टैग’ पहल शुरू की है।

क्यों पड़ी इसकी जरूरत

इसके जरिए प्राधिकरण कई वाहनों के लिए एक ही फास्टैग के इस्तेमाल पर लगाम लगाने के साथ कई फास्टैग को किसी खास वाहन से संबद्ध करने पर रोक लगाना चाहता है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने पेटीएम की सहयोगी इकाई पेटीएम पेमेंट्स बैंक लिमिटेड (PBL) के ग्राहकों और कारोबारियों को 15 मार्च तक अपने खाते दूसरे बैंकों में ट्रांसफर करने की सलाह दी थी।

आठ करोड़ से अधिक यूजर्स

फास्टैग की पहुंच लगभग 98 प्रतिशत वाहनों तक है और इसके आठ करोड़ से अधिक यूजर्स हैं। फास्टैग में सीधे टोल मालिक से जुड़े प्रीपेड या बचत खाते से टोल भुगतान करने के लिए रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (आरएफआईडी) तकनीक का इस्तेमाल होता है।

TNN Business Desk
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