चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग (Xi Jinping) करीब सात साल बाद भारत पहुंच रहे हैं। 12-13 सितंबर को नई दिल्ली में होने वाले ब्रिक्स समिट 2026 (BRICS Summit 2026) में उनकी मौजूदगी बेहद अहम मानी जा रही है। इस हाई-प्रोफाइल दौरे के साथ उनकी खास होंगछी N701 (Hongqi N701) आर्मर्ड लिमोजिन भी चर्चा में है। रिपोर्टों के मुताबिक, शी की सुरक्षा के लिए चीन अपने विशेष सुरक्षा काफिले के साथ इस कार को भी भारत ला रहा है।
क्या है होंगछी N701?
होंगछी चीन की सरकारी और लग्जरी कार निर्माता कंपनी है। N701 को खास तौर पर चीन के शीर्ष नेतृत्व के लिए तैयार किया गया है। यह कोई आम बाजार में बिकने वाली लग्जरी कार नहीं है, बल्कि चीन के राष्ट्रपति की आधिकारिक स्टेट कार के तौर पर इस्तेमाल होती है। इस कार की डिजाइन भी सामान्य लग्जरी सेडान से अलग है। लंबा बॉडी प्रोफाइल, बेहद गोपनीय सुरक्षा तकनीक और भारी आर्मरिंग इसे एक तरह का मोबाइल सिक्योरिटी किले बनाते हैं।
राष्ट्रपति शी जिनपिंग की आधिकारिक कार।
कितनी सुरक्षित है शी की कार?
N701 की सुरक्षा से जुड़ी कई तकनीकी जानकारियां सार्वजनिक नहीं की गई हैं। यही इसकी खासियत भी है। हालांकि, इसे भारी आर्मर वाली सुरक्षा कार के तौर पर जाना जाता है। रिपोर्टों में इसके सुरक्षा कवच को गोलीबारी और गंभीर हमलों से राष्ट्रपति को बचाने के लिए डिजाइन किए जाने की बात कही गई है। शी जिनपिंग जैसे शीर्ष नेता की कार में सिर्फ बुलेटप्रूफ बॉडी ही मायने नहीं रखती। कार का पूरा काफिला, संचार व्यवस्था और सुरक्षा प्रोटोकॉल भी उतने ही महत्वपूर्ण होते हैं।
जानें राष्ट्रपति शी जिनिपिंग की आधिकारिक कार की खासियत। AI IMAGE
कार की कीमत और इंजन की जानकारी क्यों रहस्य है?
N701 की कीमत, इंजन और कई अन्य तकनीकी स्पेसिफिकेशन आधिकारिक तौर पर सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। इंटरनेट पर इसकी लंबाई, इंजन और पावर को लेकर कई दावे मिलते हैं, लेकिन इन्हें आधिकारिक जानकारी मानना सही नहीं होगा। यानी इस कार की सबसे बड़ी ताकत सिर्फ उसका इंजन नहीं, बल्कि उसका सिक्योरिटी सिस्टम और गोपनीय तकनीक है।
शी अपनी कार भारत क्यों ला रहे हैं?
विदेश दौरे पर बड़े नेता अक्सर अपनी सुरक्षा व्यवस्था का बड़ा हिस्सा अपने साथ रखते हैं। शी की यात्रा के दौरान भी चीन की सुरक्षा टीम और वाहन भारत पहुंचने की तैयारी में रहे हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, चीन के सुरक्षा कर्मी पहले ही दिल्ली में पहुंच चुके हैं और शी के लिए अलग सुरक्षा व्यवस्था की गई है। इसका एक बड़ा कारण यह है कि राष्ट्रपति की सुरक्षा के मामले में चीन किसी दूसरे देश की सामान्य वीआईपी कार पर पूरी तरह निर्भर नहीं रहना चाहता।
N701 की कीमत, इंजन और कई अन्य तकनीकी स्पेसिफिकेशन आधिकारिक तौर पर सार्वजनिक नहीं।
भारत के लिए भी खास है शी का दौरा
शी जिनपिंग का यह दौरा सिर्फ उनकी कार की वजह से चर्चा में नहीं है। यह 2019 के बाद उनका पहला भारत दौरा है और 2020 के गलवान संघर्ष के बाद दोनों देशों के संबंधों में यह एक अहम कूटनीतिक पड़ाव है। भारत और चीन के बीच हाल के वर्षों में संबंधों में कुछ सुधार हुआ है, लेकिन सीमा, निवेश और रणनीतिक भरोसे जैसे मुद्दे अब भी महत्वपूर्ण हैं। ब्रिक्स में शी की मौजूदगी के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उनकी संभावित मुलाकात पर भी खास नजर है। चीन के विदेश मंत्रालय ने दोनों नेताओं के बीच बैठक की तैयारियों की पुष्टि की है।
दरअसल, होंगछी N701 कार, सिर्फ शी जिनपिंग की लग्जरी कार नहीं, बल्कि उनकी सुरक्षा व्यवस्था का अहम हिस्सा है। इसकी ज्यादातर तकनीकी जानकारी गोपनीय रखी जाती है, लेकिन भारी आर्मरिंग और विशेष सुरक्षा इंतजाम इसे दुनिया की सबसे हाई-सिक्योरिटी स्टेट कारों में शामिल करते हैं।
