Utility Bill Payment: अगर आप क्रेडिट के जरिए फिनटेक ऐप से अपने यूटिलिटी बिल का भुगतान करते हैं, तो एक जुलाई से परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। दरअसल, बैंक और क्रेडिट कार्ड जारी करने वाली जिन कंपनियों ने RBI के भारत बिल पेमेंट सिस्टम (BBPS) पर रजिस्ट्रेशन नहीं कराया है, उनके ग्राहक फिनटेक ऐप्स के जरिए बिल पेमेंट नहीं कर पाएंगे। क्रेडिट कार्ड बिल पेमेंट को केंद्रीकृत बिलिंग नेटवर्क के जरिए रूट किया जाना आवश्यक है।
ट्रांजेक्शन में आ सकती है गिरावट
भारत के सबसे बड़े कार्ड जारीकर्ताओं में शामिल बैंक एचडीएफसी बैंक, आईसीआईसीआई बैंक और एक्सिस बैंक ने अभी तक भारत बिल पेमेंट सिस्टम (बीबीपीएस) को एक्टिव नहीं किया है इंडस्ट्री के अधिकारियों ने ईटी को बताया कि फिनटेक को डर है कि उन्हें लेन-देन की मात्रा में बड़ी कमी का सामना करना पड़ सकता है। भारतीय रिजर्व बैंक ने निर्देश दिया था कि 30 जून के बाद सभी क्रेडिट कार्ड पेमेंट BBPS के जरिए से प्रोसेस किए जाएंगे।
कुछ ही बैंकों ने एक्टिव किया सिस्टम
हालांकि, क्रेडिट कार्ड जारी करने की अनुमति वाले 34 बैंकों में से केवल आठ ने अब तक केंद्रीय बैंक समर्थित नेटवर्क पर बिव पेमेंट को एक्टिव किया है। इनमें एसबीआई कार्ड और बीओबी कार्ड जैसे कुछ बड़े क्रेडिट कार्ड जारीकर्ता के साथ प्राइवेट सेक्टर के कोटक महिंद्रा बैंक, फेडरल बैंक और इंडसइंड बैंक शामिल हैं। रिपोर्ट के अनुसार, बैंक और कार्ड जारी करने वाली कंपनियां डेडलाइन को 90 दिनों तक बढ़ाने की मांग कर रही हैं।
कई तरह के पेमेंट हैं शामिल
आरबीआई के तहत वन-स्टॉप विंडो के रूप में डिजाइनयूऔर भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) के जरिए ऑपरेशनल , बीबीपीएस कई कैटेगरी की पेशकश करता है। इसमें यूटिलिटी बिल पेमेंट से लेकर बीमा प्रीमियम, म्यूचुअल फंड और क्रेडिट कार्ड पेमेंट शामिल हैं।
उदाहरण के लिए, क्रेडिट कार्ड यूजर अपने मंथली बिल का भुगतान नेटबैंकिंग, ऑटो-डेबिट मैंडेट या थर्ड-पार्टी एप्लीकेशन के माध्यम से कर सकते हैं। पहले दो तरीके 30 जून के बाद भी जारी रहेंगे, तीसरी प्रक्रिया रोक दी जाएगी, जब तक कि कोई एक्सटेंशन न दिया जाए।
