Bank of Baroda Hike MCLR: पब्लिक सेक्टर के बैंक ऑफ बड़ौदा ने अपने ग्राहकों को झटका दिया है। बैंक ने अपने मार्जिनल कॉस्ट लेंडिंग रेट्स (MCLR) में 5 बेसिस प्वाइंट (BPS) का इजाफा किया है। इससे लगभग सभी तरह के लोन महंगे हो जाएंगे। MCLR वह दर होती है, जिससे कम पर बैंक ग्राहकों को लोन ऑफर नहीं कर सकता है। MCLR सीधे लोन की दर से जुड़ा होता है और इसमें इजाफा होने से ग्राहकों की मौजूदा लोन की ईएमआई बढ़ जाती है। MCLR में इजाफा के बाद लोन की दरें 8.15-8.90 फीसदी के बीच होंगी। नई दरें 9 जुलाई से प्रभावी हो गई हैं।
कितना बढ़ गया MCLR
बैंक ऑफ बड़ौदा के अनुसार, एक साल के बेंचमार्क MCLR में 0.05 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। इसके बाद यह 8.85 फीसदी से बढ़कर 8.90 फीसदी हो गया है। ओवरनाइट MCLR 8.10 फीसदी से 8.15 फीसदी पर पहुंच गया है। एक महीने का MCLR 8.30 फीसदी से बढ़कर 8.35 फीसदी हो गया है। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के नियमों के अनुसार, बैंकों को हर महीने अपने एमसीएलआर की समीक्षा करना आवश्यक है।
रिवाइज रेट
- ओवरनाइट 8.15 फीसदी
- एक महीना 8.35 फीसदी
- तीन महीना 8.45 फीसदी
- 6 महीना 8.70 फीसदी
- एक साल 8.90 फीसदी
बैंक के ग्लोबल बिजनेस में उछाल
बैंक के ग्लोबल बिजनेस में साल-दर-साल आधार पर 8.52 फीसदी की वृद्धि देखी गई, जो 23.77 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई। यह बढ़ोतरी ग्लोबल डिपॉजिट में मजबूत उछाल से प्रेरित थी, जो साल-दर-साल (YoY) 8.83 फीसदी बढ़कर 13.05 लाख करोड़ हो गई।
बैंक ऑफ बड़ौदा के शेयर
बैंक ऑफ बड़ौदा के शेयर बुधवार को दोपहर 1.82 प्रतिशत की गिरावट के साथ 256.95 रुपये पर क्लोज हुए। 31 मार्च 2024 तक कंपनी में प्रमोटरों की हिस्सेदारी 63.97 प्रतिशत थी, जबकि एफआईआई के पास 12.4 प्रतिशत और डीआईआई के पास 16.02 प्रतिशत हिस्सेदारी थी।
