घूमिए भरतपुर का लोहागढ़ किला, जहां आज भी जिंदा है इतिहास
- Authored by: प्रभात शर्मा
- Updated Dec 26, 2025, 12:48 PM IST
Lohagarh Fort Bharatpur: अगर आप भरतपुर घूमने जा रहे हैं, तो इस किले को देखे बिना आपकी यात्रा अधूरी है। आज हम आपको लोहागढ़ किले के बारे में विस्तार से बताने जा रहे हैं जो सिर्फ एक ऐतिहासिक स्मारक नहीं, बल्कि राजस्थान की वीरता और आत्मसम्मान की कहानी बयां करता है।
भरतपुर का लोहागढ़ किला
Rajasthan Tourism: भरतपुर शहर में स्थित लोहागढ़ किला यूनीक ट्रैवल डेस्टिनेशन है जहां घूमने का आप प्लान कर सकते हैं। परिवार के साथ या फिर सोलो ट्रिप पर जाने का आप प्लान बना सकते हैं। लोहागढ़ किला अपनी अजेय मजबूती और गौरवशाली इतिहास के लिए पर्यटकों का ध्यान खींचता है। अगर आप इतिहास और विरासत में रुचि रखते हैं, तो लोहागढ़ किला आपकी ट्रैवल लिस्ट में जरूर शामिल होना चाहिए। इस किले से जुड़ी सबसे खास बात यह है कि कई हमलों के बावजूद ब्रिटिश सेना भी इसे जीत नहीं सकी। यह किला जाटों की वीरता और रणनीति का प्रतीक है।
किले की खासियत: पत्थर की बजाय इस किले को मिट्टी और मलबे से बनाया गया है। चारों ओर गहरी खाई और मजबूत दीवारें इसकी खूबसूरती में चार चांद लगाती हैं। किले के भीतर- किशोरी महल, महल खास, कचहरी कला और मोती महल हैं। वहीं इसके पास में केवलादेव घाना राष्ट्रीय उद्यान (विश्व धरोहर स्थल), दीग पैलेस और गोवर्धन (धार्मिक स्थल) है जहां घूमने का प्लान आप कर सकते हैं।
घूमने का सबसे अच्छा समय: अगर आपने यहां घूमने का मन बना लिया है तो जान लें कि अक्टूबर से मार्च यहां घूमने के लिए सबसे बेहतर समय माना जाता है क्योंकि इस टाइम मौसम सुहावना रहता है। गर्मियों में तापमान काफी अधिक होता है, इसलिए इस समय यात्रा से बचना बेहतर है।
कैसे पहुंचें: भरतपुर जंक्शन रेलवे स्टेशन किले से करीब 3 किमी दूर है। इसके निकटतम हवाई अड्डा आगरा है, जो लगभग 56 किमी दूर है। अगर आप सड़क मार्ग से यात्रा कर रहे हैं तो जान लें कि दिल्ली, आगरा और जयपुर से यह सड़क मार्ग से अच्छी तरह जुड़ा है।