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Spam Calls पर सरकार सख्त, 50 कंपनियों और 2.75 लाख कनेक्शन पर लगा बैन

Spam Calls: नियामक ने यूआरएल, एपीके और ओटीटी लिंक की व्हाइटलिस्ट के संबंध में अपने निर्देश का पालन करने के लिए एक्सेस सेवा प्रदाताओं को एक महीने का विस्तार दिया है। ट्राई ने पहले देश के प्रमुख दूरसंचार ऑपरेटरों को 1 सितंबर तक ऐसे संदेशों को विनियमित करने के लिए कहा था।

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Spam Calls (image-istock)

Spam Calls: सरकार ने बताया कि स्पैम कॉल और मैसेजों पर अंकुश लगाने के लिए दूरसंचार सेवा प्रदाताओं ने 50 से अधिक संस्थाओं को ब्लॉक कर दिया है और 2.75 लाख से अधिक मोबाइल नंबरों तथा अन्य दूरसंचार संसाधनों के उपभोक्ताओं के कनेक्शन बंद कर दिये हैं। भारतीय दूरसंचार विनियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने पिछले महीने सभी दूरसंचार सेवा प्रदाताओं से अनरजिस्टर्ड सेंडर्स या टेलीमार्केटर्स के प्रमोशनल वॉयस कॉल को तुरंत रोकने के कड़े निर्देश दिए थे। इसके बाद दूरसंचार कंपनियों ने यह कदम उठाया है।

स्पैम कॉल पर सख्त हुआ ट्राई

ट्राई ने कहा, "एक्सेस प्रदाताओं ने स्पैमिंग के लिए दूरसंचार संसाधनों के दुरुपयोग के खिलाफ सख्त कदम उठाए हैं और 50 से अधिक संस्थाओं को ब्लैकलिस्ट किया है और 2.75 लाख से अधिक एसआईपी डीआईडी/मोबाइल नंबर/दूरसंचार संसाधनों की सेवा बंद की है।"

दूरसंचार इकोसिस्टम

दूरसंचार नियामक ने कहा कि इन कदमों से स्पैम कॉल को कम करने और उपभोक्ताओं को राहत प्रदान करने में महत्वपूर्ण प्रभाव की उम्मीद है। ट्राई ने सभी हितधारकों से निर्देशों का पालन करने और एक स्वच्छ तथा अधिक कुशल दूरसंचार इकोसिस्टम में योगदान देने का आग्रह किया।

दुरुपयोग पर कार्रवाई करेगा ट्राई

उसने कहा, "कोई भी अपंजीकृत टेलीमार्केटर इन संसाधनों का दुरुपयोग करते हुए पाया जाता है तो उसे गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। इसमें दो साल तक के लिए सभी दूरसंचार संसाधनों को डिस्कनेक्ट करना और ब्लैकलिस्ट करना शामिल है।" ट्राई ने जनवरी-जून की अवधि में स्पैम कॉल में उल्लेखनीय वृद्धि देखी, जिसमें अपंजीकृत टेलीमार्केटर्स (यूटीएम) के खिलाफ 7.9 लाख से अधिक शिकायतें दर्ज की गईं।

इस बीच, नियामक ने यूआरएल, एपीके और ओटीटी लिंक की व्हाइटलिस्ट के संबंध में अपने निर्देश का पालन करने के लिए एक्सेस सेवा प्रदाताओं को एक महीने का विस्तार दिया है। ट्राई ने पहले देश के प्रमुख दूरसंचार ऑपरेटरों को 1 सितंबर तक ऐसे संदेशों को विनियमित करने के लिए कहा था।

स्पैम और फिशिंग को रोकने के लिए उठाए गए कदम

इस कदम का उद्देश्य स्कैमर्स द्वारा स्पैम और फिशिंग प्रयासों की संख्या को रोकना है जो एसएमएस सर्विस का उपयोग करके लोगों को ठगने की कोशिश करते हैं। दूरसंचार नियामक ने अब सभी एक्सेस प्रदाताओं को निर्देश दिया है कि वे इस निर्देश के जारी होने की तारीख से 15 दिन के भीतर की गई कार्रवाई पर एक अपडेट स्टेटस और 30 दिन के भीतर अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत करें।

ट्राई ने निर्देशों को न मानने की स्थिति में दंडात्मक उपायों की भी बात कही है। गलत श्रेणी के तहत पंजीकृत सामग्री टेम्पलेट्स को ब्लैकलिस्ट किया जाएगा, और बार-बार अपराध करने पर प्रेषक की सेवाओं को एक महीने के लिए निलंबित कर दिया जाएगा।

इनपुट-IANS

Vishal Maithil
Vishal Mathelauthor

विशाल मैथिल टाइम्स नाऊ नवभारत में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर 2023 से जुड़े हुए हैं। पत्रकारिता में 6+ वर्षों के अनुभव के साथ वह टेक्नोलॉजी, सोशल मीडिया, गैजेट्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे विषयों पर गहरी समझ रखते हैं। वे ऑटोमोबाइल, बिजनेस, यूटिलिटी और हाइपरलोकल से लेकर एजुकेशन और इंटरनेशनल बीट्स पर भी काम कर चुके हैं। भोपाल से ताल्लुक रखने वाले विशाल ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय से मीडिया रिसर्च में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। रिसर्च के क्षेत्र में उनके कई पेपर राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय जर्नल में प्रकाशित हो चुके हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर, अमर उजाला, मासिक पत्रिका "संदेश" और सोशल मीडिया फर्म में भी काम किया है। टेक-यूटिलिटी और बिजनेस से जुड़ी खबरों को आसान और काम की भाषा में समझाना विशाल को खूब आता है। वो कोशिश करते हैं कि कम शब्दों में ज्यादा और साफ-सुथरी जानकारी मिल जाए। किताबें पढ़ना और संगीत सुनना उनका पसंदीदा काम है। आप इनसे Vishal.mathel@timesgroup.com पर संपर्क कर सकते हैं।

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