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एलन मस्क को पसंद नहीं आया OpenAI GPT 4o, कहा- नया डेमो शर्मिंदा करने वाला है

Elon Musk On OpenAI GPT 4o: चैटजीपीटी को चलाने वाले ओपनएआई की ओर से सोमवार को जीपीटी- 4ओ (GPT-4o) को पेश किया है। यह एक फ्लैगशिप मॉडल है जो कि जीपीटी 4 से ज्यादा एडवांस है। इससे एआई मॉडल की टेक्स्ट, वॉइस और विजन में पहले की अपेक्षा तेजी और सुधार देखने को मिला है। इसके बाद चैटजीपीटी 50 से ज्यादा भाषाओं में उपलब्ध है।

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OpenAI GPT 4o and Elon Musk

Elon Musk On OpenAI GPT 4o: टेस्ला और स्पेस एक्स के सीईओ एलन मस्क ने मंगलवार को ओपन एआई को फिर एक बार निशाने पर लिया। उन्होंने सैम-ऑल्टमैन के नेतृत्व वाली कंपनी के नए मॉडल (OpenAI GPT 4o) को लेकर कहा कि यह शर्मिंदा कर देने वाला है। मस्क ने एक्स (पहले ट्विटर) पर एक यूजर्स की पोस्ट की रिप्लाई में यह बात कही। बता दें, मस्क ओपनएआई के कड़े आलोचक माने जाते हैं।

ट्वीट में OpenAI GPT 4o पर बोले मस्क

लेखक एशले सेंट क्लेयर ने एक्स पर पोस्ट किया कि ओपनएआई के साथ, इंसान अब वास्तविक समय में एसआई की वास्तविकता का एहसास कर सकता है और “हमने शायद पोस्ट-ट्रुथ युग को कुछ और भी बदतर युग से बदल दिया है।" इसके जवाब में मस्क ने कहा, "नया डेमो शर्मिंदा करने वाला है।"

मस्क के पास भी है एआई मॉडल

वहीं, एक अन्य एक्स यूजर ने कमेंट में लिखा कि हम xAI Grok (एक्स द्वारा विकसित किया जा रहा एआई मॉडल) के डेमो वर्जन का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। मार्च में मस्क की ओर से ओपनएआई और उनके सीईओ ऑल्टमैन पर मुकदमा दायर किया गया था। ये मुकदमा एआई को लेकर किए गए अनुबंध की शर्तों को तोड़ने को लेकर था।

ओपनएआई Vs मस्क

ओपनएआई की ओर से भी इस मुकदमे का जवाब दिया गया और कहा, "मस्क चाहते हैं कि हमारा विलय टेस्ला के साथ हो जाए या कंपनी पर पूरा कंट्रोल हासिल कर लें।" ऑल्टमैन ने कहा था, "मस्क ने यह सोचते हुए ओपनएआई को छोड़ दिया था कि कंपनी विफल हो जाएगी"

क्या है GPT-4?

चैटजीपीटी को चलाने वाले ओपनएआई की ओर से सोमवार को जीपीटी- 4ओ (GPT-4o) को पेश किया है। यह एक फ्लैगशिप मॉडल है जो कि जीपीटी 4 से ज्यादा एडवांस है। इससे एआई मॉडल की टेक्स्ट, वॉइस और विजन में पहले की अपेक्षा तेजी और सुधार देखने को मिला है। इसके बाद चैटजीपीटी 50 से ज्यादा भाषाओं में उपलब्ध है।

चैटबॉट GPT-4 टर्बो मॉडल की तुलना में दोगुना तेज, 50 प्रतिशत सस्ता और पांच गुना अधिक रेट लिमिट वाला है। यह अब रियल टाइम में सवालों के जवाब दे सकता है। एक डेमो से पता चला कि एआई भाषण में मानवीय भावनाओं को भी पकड़ सकता है और उन पर प्रतिक्रिया कर सकता है। उदाहरण के लिए, यदि कोई यूजर घबराई हुई आवाज में बोलता है, तो वह चिंतित आवाज में बोलेगा।

इनपुट-IANS

Vishal Maithil
Vishal Mathel author

विशाल मैथिल टाइम्स नाऊ नवभारत में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर 2023 से जुड़े हुए हैं। पत्रकारिता में 6+ वर्षों के अनुभव के साथ वह टेक्नोलॉजी, सोशल मीडिया, ग... और देखें

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