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Paris Paralympics 2024: राकेश को सेमीफाइनल में मिली हार, लेकिन मेडल की उम्मीद अभी भी बरकरार

Paris Paralympics 2024: पेरिस में चल रहे पैरालंपिक में भारतीय तीरंदाज राकेश कुमार को कंपाउंड पुरुष ओपन तीरंदाजी सेमीफाइनल में हार का सामना करना पड़ा। उनको चीनी खिलाड़ी के खिलाफ हार मिली। इस हार के बाद भी वे मेडल की रेस में बने हुए हैं। अब राकेश ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में उतरेंगे।

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राकेश कुमार। (फोटो- SAI Media X)

Photo : Twitter

Paris Paralympics 2024: भारतीय तीरंदाज राकेश कुमार को पैरालंपिक के कंपाउंड पुरुष ओपन तीरंदाजी सेमीफाइनल में चीन के प्रतिद्वंद्वी एन शिनलियांग के खिलाफ अपना सर्वश्रेष्ठ खेल दिखाने में विफल रहे और दो अंक से हार गए। दुनिया के नंबर एक तीरंदाज राकेश अब ब्रॉन्ज मेडल के लिए खेलेंगे। शिनलियांग ने सेमीफाइनल में राकेश को 145-143 से शिकस्त दी। यह चीन के खिलाड़ी की भारतीय खिलाड़ी पर लगातार तीसरी जीत है। राकेश का अभियान तोक्यो पैरालंपिक में शिनलियांग से क्वार्टर में इसी समान स्कोर से हार से समाप्त हुआ था।

इससे पहले राकेश ने अपनी विश्व नंबर एक रैंकिंग को सही साबित करते हुए लगातार शूट-ऑफ जीतते हुए पहली बार सेमीफाइनल में जगह बनाई थी। टोक्यो पैरालंपिक में क्वार्टर फाइनल में बाहर होने वाले 39 वर्षीय भारतीय अनुभवी तीरंदाज ने पहले इंडोनेशिया के दूसरे नंबर के खिलाड़ी केन स्वगुमिलांग को 144-144 (10-8) से हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई थी। खेल मनोवैज्ञानिक और आहार विशेषज्ञ राकेश ने असाधारण संयम का परिचय देते हुए दो घंटे के भीतर एक और रोमांचक शूट-ऑफ कनाडा के काइल ट्रेम्बले को एकदम सटीक निशाना लगाकर 144-144 (10*-10) से हराया।

राकेश की शुरुआत धीमी रही। वह नौ तीरों के बाद दो अंकों से पीछे चल रहे थे। पर उन्होंने धैर्य बनाए रखते हुए चौथी सीरीज में तीन परफेक्ट 10 लगाए जिससे उन्हें 116-115 की मामूली बढ़त हासिल हुई। पर रोमांच तब पैदा हुआ जब राकेश एक अंक से पिछड़ गए। कनाडाई तीरंदाज ने दो 10 अंक के शॉट लगाए और उनका अंतिम तीर केंद्र के करीब लगा। स्कोर 144-144 से बराबर था। राकेश इसी स्कोरलाइन के बाद शूट-ऑफ से क्वार्टर फाइनल में पहुंचे थे। इससे पहले राकेश ने अपने अंतिम तीर की गलती से वापसी करते हुए इंडोनेशिया के केन को शूटऑफ में हराकर लगातार दूसरी दफा पैरालंपिक खेलों के क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई थी।

दुनिया के शीर्ष दो तीरंदाजों के बीच मुकाबले में राकेश ने एक अंक की मामूली बढ़त बनाए रखी और उन्हें जीतने के लिए नौ अंक के शॉट की जरूरत थी। लेकिन वह आठ अंक की रिंग में शॉट लगा बैठे। इससे दोनों तीरंदाज 15 तीर के बाद 144-144 से बराबरी पर पहुंच गये। टोक्यो पैरालंपिक में क्वार्टर फाइनल से बाहर होने वाले 39 वर्षीय अनुभवी राकेश ने इसके बाद हुए शूट-ऑफ में परफेक्ट 10 शॉट लगाने के लिए संयम बनाए रखा जबकि केन आठ अंक का शॉट ही लगा सके।

जम्मू के तीरंदाज राकेश ने पिछले साल एशियाई पैरा चैंपियनशिप की व्यक्तिगत और मिश्रित टीम स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक जीता था। उन्होंने विश्व पैरा चैंपियनशिप में मिश्रित टीम का स्वर्ण पदक भी जीता था। राकेश को रीढ़ की हड्डी में चोट लगी थी और 2009 में ठीक होने के बाद उन्हें पता चला कि उन्हें जीवन भर व्हीलचेयर पर रहना पड़ेगा। इससे वे अवसाद में चले गए। अपने तीरंदाजी कोच कुलदीप वेदवान से मिलने के बाद उनके जीवन ने एक नया मोड़ लिया।

(भाषा)

Shekhar Jha
शेखर झाauthor

शेखर झा टाइम्स नाउ हिंदी (Timesnowhindi.com) की स्पोर्ट्स टीम के सदस्य हैं। वे मूल रूप से बिहार के मिथिलांचल से हैं। मूल रूप से बिहार के मधुबनी के रहने वाले शेखर ने शौकिया तौर पर साल 2011 में पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखा। ये शौक वक्त के साथ जूनुन में बदल गया। उनके पास खेल पत्रकारिता का 12 साल का अनुभव है। क्रिकेट के अलावा टेनिस, कबड्डी और बैडमिंटन में खास रुचि है। खिलाड़ियों की बायोग्राफी पढ़ना उन्हें पसंद हैं। शेखर ने सुरेश रैना, संजय बांगड़, दीप्ति शर्मा, राधा यादव जैसे नामचीन भारतीय क्रिकेटरों सहित बैडमिंटन के स्टार भारतीय खिलाड़ियों लक्ष्य सेन, सात्विकसाईराज रैंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी के एक्सक्लूसिव इंटरव्यू किए हैं। शेखर की प्रारंभिक शिक्षा बिहार में हुई। बिहार बोर्ड से 12वीं की परीक्षा पास करने के बाद वो आगे की पढ़ाई के लिए छत्तीसगढ़ पहुंचे जहां उनका पत्रकारिता से पहला परिचय हुआ। रायपुर के अग्रसेन कॉलेज में ग्रेजुएशन करते हुए पत्रकारिता का काम शुरू किया और इसके बाद रायपुर स्थित कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्धालय से पत्राकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन किया और बतौर प्रोफेशनल अपने करियर की शुरुआत की। शेखर ने पत्रकारिता करियर की शुरुआत साल 2011 में ईटीवी छत्तीसगढ़/मध्यप्रदेश के साथ की। इस संस्थान में 6 महीने काम करने के बाद उन्होंने स्थानीय अखबार नेशनल लुक के साथ प्रिंट मीडिया में कदम रखा। इसके बाद राजस्थान पत्रिका समूह के छत्तीसगढ़ संस्करण से जुड़े और वहां तीन साल तक बतौर सब-एडिटर/रिपोर्टर सेवाएं दीं। इसके बाद भारत के सबसे बड़े प्रिंट मीडिया समूह दैनिक भास्कर के डीबी स्टार में रिपोर्टर की भूमिका अदा की और कई बड़े खुलासे स्थानीय स्तर पर किए। इसके बाद अपमे गृह राज्य बिहार की राजधानी पटना में दैनिक जागरण समूह के आईनेक्स्ट वेंचर से जुड़े। 8 महीने के छोटे कार्यकाल के बाद दैनिक भास्कर के रायपुर संस्करण में बतौर रिपोर्टर वापसी हुई। रायपुर में दूसरी पारी के तीन साल के कार्यकाल के सफल निर्वहन के बाद मैनेजमेंट ने भास्कर के भोपाल स्थित नेशनल न्यूजरूम में ट्रांसफर कर दिया। जहां 17 महीने स्पोर्ट्स डेस्क पर बड़े इवेंट्स पर काम किया। इस दौरान इंडियन प्रीमियर लीग, टोक्यो ओलंपिक जैसे बड़े खेल आयोजन का व्यापक कवरेज किया। भास्कर के नेशनल न्यूज रूम में डिजिटल जर्नलिज्म का ककहरा सीखने के बाद फरवरी,2023 में टाइम्स ग्रुप के साथ जुड़ने का मौका मिला। तब से वह टाइम्स नाउ नवभारत की हिंदी वेबसाइट की स्पोर्ट्स डेस्क पर बतौर प्रिंसिपल कॉरस्पान्डन्ट कार्यरत हैं। इस दौरान शेखर ने इंडियन प्रीमियर लीग, आईसीसी वर्ल्ड कप 2023 को कवर किया।

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