स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। भारतीय महिला टीम ने रविवार को एएचएफ जूनियर एशिया कप के एलीट पूल मुकाबले में मलेशिया को 11-1 से करारी शिकस्त देकर अंक तालिका में शीर्ष स्थान पर अपनी स्थिति मजबूत कर ली। वहीं, भारतीय मेंस ने के पूल-ए के अपने दूसरे मुकाबले में शानदार जुझारूपन दिखाते हुए जापान के खिलाफ 3-3 से ड्रॉ खेला।
टूर्नामेंट के अपने पहले मुकाबले में साउथ कोरिया को 4-1 से हराकर जीत के साथ अभियान शुरू करने वाली भारतीय टीम की ओर से मलेशिया के खिलाफ सात अलग-अलग खिलाड़ियों ने गोल किए। भारत ने चार गोल मैदानी खेल से पांच पेनल्टी कॉर्नर और दो पेनल्टी स्ट्रोक के जरिए किए।
पूजा साहू ने पहले ही मिनट में पेनल्टी स्ट्रोक को गोल में बदलकर भारत का खाता खोला। चौथे मिनट में पूर्णिमा यादव ने गोल कर बढ़त दोगुनी कर दी। गत चैंपियन भारत ने अपना दबदबा कायम रखते हुए 8वें मिनट में बिनिमा धन ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदला जबकि 14वें मिनट में कृष्णा शर्मा ने एक और गोल कर दिया।
रोमांचक रहा मैच
पूर्णिमा ने दूसरे क्वार्टर में 17वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर पर गोल कर अपना दूसरा गोल किया। इसके बाद हाफटाइम से पहले दो और गोल हुए। सुखवीर कौर ने 21वें मिनट और गीता यादव ने 28वें मिनट में गोल किया, जिससे भारत मध्यांतर तक 7-0 से आगे था।
मलेशिया ने 38वें मिनट में नूर मोहम्मद के गोल से खाता खोला, लेकिन इसके बावजूद मुकाबले पर भारत का दबदबा बरकरार रहा। मैच के 42वें मिनट में एक और पेनल्टी कॉर्नर मिलने के बाद पूजा ने अपना दूसरा गोल पूरा किया। इसके एक मिनट बाद सानिका चंद्रकांत माने ने गोल कर भारत की बढ़त 9-1 कर दी।
गीता ने 53वें मिनट में एक और पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदला, जबकि सानिका ने 58वें मिनट में अपना दूसरा गोल कर भारत को 11-1 की विशाल जीत दिला दी। इस जीत के साथ भारत ने दो मैचों में दो जीत दर्ज कर छह अंक हासिल किए और एलीट पूल की अंक तालिका में शीर्ष स्थान पर पहुंच गया।
चीन और जापान तीन-तीन अंकों के साथ क्रमश: दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं। दोनों ने एक-एक मैच खेलकर जीत दर्ज की है और गोल अंतर के आधार पर चीन आगे है। दक्षिण कोरिया और मलेशिया दो-दो हार के बाद क्रमश: चौथे और पांचवें स्थान पर हैं। भारत अब पूल चरण के अपने तीसरे मुकाबले में आठ सितंबर को जापान का सामना करेगा।
मेंस टीम ने जापान से ड्रॉ खेला
इंडोनेशिया के खिलाफ पहले पूल मैच में 14-0 की बड़ी जीत दर्ज करने वाली भारतीय टीम ने चौथे मिनट में पेनल्टी स्ट्रोक के जरिए बढ़त हासिल की। फाउल के बाद मिले इस मौके को कप्तान अनमोल एक्का ने गोल में बदलकर भारत को 1-0 से आगे कर दिया। भारत ने दबाव बनाए रखा और 10वें मिनट में आशु मौर्य ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर टीम की बढ़त 2-0 कर दी।
जापान ने तुरंत जवाबी हमला करते हुए 11वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर हासिल किया। रयूशिन सासाकी ने इस मौके को गोल में बदलकर अंतर 2-1 कर दिया। दूसरे क्वार्टर में दोनों टीमों ने आक्रामक खेल जारी रखा। भारत बढ़त बढ़ाने की कोशिश कर रहा था जबकि जापान बराबरी की तलाश में था। हाफटाइम तक भारत 2-1 से आगे था।
तीसरे क्वार्टर में भी यही सिलसिला जारी रहा। दोनों टीमें नियंत्रण हासिल करने के लिए संघर्ष करती रहीं। अंतिम क्वार्टर में जापान ने बराबरी के लिए दबाव बढ़ा दिया। उसे पेनल्टी कॉर्नर मिला और दोबारा दिए गए पेनल्टी कॉर्नर पर कप्तान काजुकी नाकानिशी ने 48वें मिनट में गोल कर स्कोर 2-2 कर दिया।
जापान ने मैच के आखिरी पांच मिनट में एक और पेनल्टी कॉर्नर हासिल किया। भारत ने शुरुआती प्रयास का अच्छी तरह बचाव किया, लेकिन गेंद गोल पोस्ट से दूर नहीं कर सका, जिससे जापान को एक और पेनल्टी कॉर्नर मिल गया। इस बार जापान का फ्लिक निशाने से बाहर चला गया।
जापान ने इसके बाद एक और पेनल्टी कॉर्नर हासिल किया। नाकानिशी ने 59वें मिनट में फिर गोल करते हुए जापान को 3-2 की बढ़त दिला दी। बराबरी की तलाश में भारत ने गोलकीपर को बाहर कर अतिरिक्त खिलाड़ी उतारा। उसकी कोशिशों का फल मिला और मैच में सिर्फ 59 सेकंड बाकी रहते भारत को पेनल्टी कॉर्नर मिल गया। अनमोल एक बार फिर आगे आए और इस मौके को गोल में बदलकर स्कोर 3-3 कर दिया। भारत अब पूल ए के अपने तीसरे मुकाबले में मंगलवार को कोरिया का सामना करेगा।
