Asian Games Boxing: भारतीय मुक्केबाज परवीन हुड्डा और अंकुश पंघाल ने अपना शानदार प्रदर्शन जारी रखते हुए मंगलवार को यहां एशियाई खेलों के सेमीफाइनल में अपने-अपने भार वर्ग में जीत हासिल करके स्वर्ण पदक के मुकाबलों में प्रवेश किया। परवीन ने 65 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में चीन के ली शू को 5-0 से हराया। इसके बाद अंकुश ने 80 किलोग्राम वर्ग पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए उज्बेकिस्तान के फजलुद्दीन एरकिनबोएव को 4-1 से हराया। एरकिनबोएव 75 किलोग्राम भार वर्ग में मौजूदा विश्व चैंपियन हैं।
परवीन का पिछले एशियाई खेलों में जीता गया कांस्य पदक अंतरराष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (आईटीए) द्वारा 22 महीने के निलंबन के बाद छीन लिया गया था। परवीन पर यह कार्रवाई अपने ठिकाने की जानकारी (व्हेयरअबाउट्स) से जुड़ी विफलता के कारण हुई थी। अब उन्होंने हांगझोउ में अपने प्रदर्शन से आगे निकलते हुए एशियाई खेलों में कम से कम रजत पदक पक्का कर लिया है।
वह दिग्गज एमसी मैरी कॉम (जिन्होंने 2014 में खिताब जीता था) और लवलीना बोरगोहेन (जिन्होंने पिछले खेलों में रजत पदक जीता था) के बाद एशियाई खेलों के फाइनल में पहुंचने वाली तीसरी भारतीय महिला मुक्केबाज भी बन गई हैं। भारतीय मुक्केबाजों ने पिछले एशियाई खेलों की तुलना में अपना बेहतर प्रदर्शन कर लिया है। पिछली बार उसने चार पदक जीते थे लेकिन यहां छह मुक्केबाजों ने पदक राउंड में प्रवेश किया है।
नरेंद्र बरवाल हारे, कांस्य पदक
90kg भार वर्ग में नरेंद्र बरवाल ने पहला राउंड 5-0 से गंवाया। दूसरे राउंड में उन पर दवाब ज्यादा बढ़ गया, जिससे भारतीय बॉक्सर को दूसरे राउंड में जबरदस्त वापसी की जरूरत पड़ गई। हालांकि, वह दूसरे राउंड में भी वापसी नहीं कर पाए। ओरलबे ने दूसरा राउंड भी 5-0 से जीता और दो राउंड के बाद जजों के स्कोरकार्ड पर 10-0 की बढ़त बना ली। तीसरे राउंड को जीतने के लिए उन्हें कुछ अलग करना था, लेकिन वह ऐसा नहीं कर पाए और तीसरा राउंड भी 5-0 से गंवा गंवा दिया। नरेंद्र फाइनल में जगह बनाने से चूक गए, लेकिन उन्होंने अपना एशियन गेम्स का ब्रान्ज मेडल रिटेन किया है। नरेंद्र ने साल 2022 एशियन गेम्स में ब्रान्ज मेडल जीता था।
(भाषा इनपुट के साथ)
