Egypt Football Association Statement, FIFA World Cup: मिस्र फुटबॉल संघ ने बुधवार को कहा कि विश्व कप में अर्जेंटीना के खिलाफ अंतिम 16 के मुकाबले में ’पक्षपातपूर्ण और खराब’ रैफरिंग को लेकर वह खामोश नहीं बैठेगा। मिस्र के कोच होसाम हसन और कई खिलाड़ियों ने इस मैच में रैफरिंग की आलोचना की है। मैच में 79वें मिनट तक दो गोल से पिछड़ने के बाद अर्जेंटीना ने 13 मिनट में तीन गोल करके चमत्कारिक जीत दर्ज की।
ईएफए ने एक बयान में कहा, "मिस्र की राष्ट्रीय टीम के हितों और अधिकारों की रक्षा करने को अनदेखा नहीं किया जा सकता और ना ही उसे कमतर आंका जा सकता है। हम पूरी प्रतिबद्धता से यह जिम्मेदारी निभायेंगे।" फीफा के रैफरिंग प्रमुख पियरलुइगी कोलिना ने बुधवार की शाम जारी एक बयान में कहा कि फैसलों को लेकर सार्थक बातचीत हमेशा फुटबॉल का हिस्सा रहेगी लेकिन गलत आरोपों के लिये खेल में कोई जगह नहीं है।
उन्होंने कहा, "फीफा विश्व कप में मैच अधिकारियों की ईमानदारी पर कोई शक नहीं कर सकता। जब ऐसा होता है, तो इससे ऐसी प्रतिक्रियाएं हो सकती हैं जिनसे उन्हें और उनके परिवारों को धमकियां मिल सकती हैं। यह सही नहीं है।" ईएफए ने कहा कि रैफरी ने वीडियो सहायक रैफरी (वीएआर) का सही इस्तेमाल नहीं किया जिससे अर्जेंटीना के हाथों पराजय झेलनी पड़ी।
ऐसा लगा कि मिस्र ने 58वें मिनट में दूसरा गोल कर लिया है, लेकिन वीएआर रिव्यू से पता चला कि गोल होने से ठीक पहले मारवान अत्तिया ने अर्जेंटीना के डिफेंडर लिसांद्रो मार्तिनेज के खिलाफ फाउल किया था। ईएफए ने एक बयान में कहा, "कई अहम घटनाओं ने गंभीर चिंतायें पैदा कीं और खेल की दिशा को सीधे तौर पर प्रभावित करने वाले फैसलों की निरंतरता और निष्पक्षता पर गहरे सवाल खड़े किए।"
कोलिना ने कहा, "किसी प्रतियोगिता के दौरान हम खास घटनाओं पर ध्यान नहीं देने को प्राथमिकता देते हैं, लेकिन उन्होंने अत्तिया वाले फैसले का बचाव किया।" उन्होंने कहा, "अगर गोल होने से पहले की प्रक्रिया में कोई फाउल होता है और माना जाता है कि उसका गोल पर असर पड़ा है, तो वीआरआर मैदानी रिव्यू की सलाह देगा। गोल से दूरी या घटना और गोल के बीच के समय को लेकर कोई तय सीमा नहीं है।"
उन्होंने कहा कि इस मामले में अत्तिया ने फाउल किया था और फाउल तो फाउल ही है। मुस्तफा जिको ने बाद में दूसरा गोल दागकर मिस्र को 2-0 से बढ़त दिलाई। लेकिन 79वें मिनट में लियोनेल मेस्सी की मदद से क्रिस्टियन रोमेरो ने अर्जेंटीना के लिये पहला गोल दागा। इसके बाद मेस्सी और फिर एंजो फर्नांडिज ने गोल किये।
स्टॉपेज टाइम के दूसरे मिनट में अर्जेंटीना के मैच जिताने वाले गोल के बाद हसन ने नस्लीय दुर्व्यवहार का इशारा करने के लिए अपने हाथों को ’एक्स’ के आकार में ऊपर उठाया। मैच के बाद हसन ने कहा कि उनकी टीम उस फुटबॉल व्यवस्था की शिकार हुई है जो मेस्सी और अर्जेंटीना का पक्ष लेता है।
(भाषा इनपुट के साथ)
