डार्विन: भारतीय टेस्ट कप्तान शुभमन गिल ने कहा कि टीम प्रबंधन उन खिलाड़ियों की फिटनेस पर लगातार नजर बनाए हुए है जो बीसीसीआई ’सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ में चोट से उबर रहे हैं। उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि कई बार हालांकि टीम और खिलाड़ी दोनों के हित में जोखिम से बचने का फैसला लेना जरूरी होता है। मुख्य तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह (घुटने की चोट) और शीर्ष क्रम के बल्लेबाज साई सुदर्शन (पैर की अंगुली में चोट) को शुरुआती तौर पर श्रीलंका दौरे के लिए टीम में शामिल किया गया था, लेकिन बाद में दोनों को बाहर होना पड़ा।
दुर्भाग्यपूर्ण रहा साई सुदर्शन का मामला
श्रीलंका के खिलाफ पहले टेस्ट की पूर्व संध्या पर आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में गिल ने कहा,'हां, हम दोनों खिलाड़ियों के संपर्क में हैं। उनकी फिटनेस पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और हम जानते हैं कि वे किस स्थिति में हैं। साई का मामला काफी दुर्भाग्यपूर्ण रहा। शुरुआत में लग रहा था कि वह इस सीरीज का हिस्सा बन पाएंगे, लेकिन लगातार स्कैन कराने के बावजूद उनकी उबरने की प्रक्रिया उतनी तेज नहीं हुई, जितनी हमें उम्मीद थी। ऐसे में कई बार खिलाड़ी के हित को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लेना पड़ता है कि क्या इतना जोखिम उठाना सही होगा।'
टेस्ट में आप नहीं उठाना चाहते हैं कोई जोखिम
गिल ने कहा कि यह फैसला टेस्ट मैच की अवधि को ध्यान में रखकर लिया गया। उन्होंने कहा,'टेस्ट मैच पांच दिन का होता है। अगर यह वनडे या टी20 मैच होता तो बात अलग होती। लेकिन टेस्ट मैच में आप कोई जोखिम नहीं लेना चाहते। मुझे लगता है कि टेस्ट मैच में आपके पास दूसरे खिलाड़ियों के साथ (वापसी करने के) ज्यादा मौके होते हैं।' उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा,'अगर कोई खिलाड़ी पहले दिन अच्छा प्रदर्शन नहीं करता तो उसके पास वापसी करने के और भी मौके होते हैं। इसलिए यह ध्यान में रखते हुए साई और बुमराह का टीम से बाहर होना निराशाजनक था।'
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प्लेइंग-11 में जगह नहीं मिलने से प्रभावित नहीं होता है मनोबल
गिल ने कहा,'लेकिन अंतिम एकादश में जगह नहीं मिलने से टीम का मनोबल ज्यादा प्रभावित नहीं हुआ। मुझे लगता है कि हमारी 15 सदस्यीय टीम में जो भी खिलाड़ी हैं, या जिन्हें भी हम किसी भी परिस्थिति में अंतिम 11 में मौका देते हैं, वे अच्छा खेल सकते हैं और मैच जीत सकते हैं।' भारत इस टेस्ट श्रृंखला में रविंद्र जडेजा के रूप में सिर्फ एक अनुभवी ऑलराउंडर के साथ उतर रहा है क्योंकि वॉशिंगटन सुंदर अभी चोट से उबर रहे हैं। गिल ने युवा खिलाड़ी मानव सुथार पर भरोसा जताते हुए कहा,'मानव में बल्लेबाजी की भी क्षमता है। अनुभव और आत्मविश्वास समय के साथ आता है और वह तभी मिलेगा जब वह मैदान पर खेलेंगे और रन बनाएंगे। उनकी गेंदबाजी शानदार है और उनमें भविष्य में आठवें नंबर का एक बेहतरीन बल्लेबाज बनने की भी पूरी काबिलियत है।'
सीरीज के लिए अच्छी रही है टीम की तैयारी
गिल (26 वर्ष) का मानना है कि टेस्ट सीरीज से पहले टीम की तैयारी अच्छी रही। कुछ खिलाड़ियों ने पिछले महीने भारत ए के लिए मैच खेले जबकि कई वरिष्ठ खिलाड़ियों को पिछले सप्ताह एसएलसी एकादश के खिलाफ अभ्यास मैच में स्थानीय परिस्थितियों से तालमेल बैठाने का मौका मिला। गिल ने कहा,'अगर कार्यक्रम ऐसा हो कि टेस्ट मैच से पहले हमें कम से कम एक सप्ताह या 10 दिन का समय मिल जाए तो तैयारी काफी बेहतर होती है। पिछले साल भी हमारा कार्यक्रम बहुत व्यस्त था (इंग्लैंड में खेलने के बाद एशिया कप और फिर भारत में टेस्ट मैच)। ऐसे व्यस्त कार्यक्रम में परिस्थितियों के अनुसार खुद को ढालना आसान नहीं होता। हमारी टीम के कई खिलाड़ियों के पास अभी बहुत ज्यादा अंतरराष्ट्रीय अनुभव नहीं है इसलिए अतिरिक्त तैयारी का समय निश्चित रूप से काफी मददगार साबित होता है।'
(भाषा)
