गुवाहाटी: लौरा वॉलवर्ट की 143 गेंद में 169 रन की कप्तानी शतकीय पारी और मारिजान कप की शानदार गेंदबाजी (20 रन देकर 5 विकेट) ने पहली बार महिलाओं के वनडे विश्व कप के फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। मैच में इंग्लैंड ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया और दक्षिण अफ्रीका ने लौरा वोलवर्ट की कप्तानी शतकीय पारी की बदौलत 7 विकेट पर 317 रन का स्कोर खड़ा कर दिया। इसके बाद जीत के लिए मिले 318 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की टीम 194 रन बना सकी। दक्षिण अफ्रीकी टीम ने 125 रन के बड़े अंतर से जीत दर्ज करके फाइनल में एंट्री की। मारिजान कप ने 20 रन देकर 5 विकेट चटकाए और पिछली बार की उपविजेता इंग्लैंड को फाइनल में एंट्री करने से रोक दिया। फाइनल में दक्षिण अफ्रीका की भिड़ंत भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच गुरुवार को नवी मुंबई में खेले जाने वाले दूसरे सेमीफाइनल के विजेता से होगा।
लौरा वॉलवर्ट और तैंजमिन ब्रिट्स ने दिलाई शानदार शुरुआत
टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी दक्षिण अफ्रीकी टीम को लौरा वॉलवर्ट ने तैंजमिन ब्रिट्स (65 गेंद पर 45 रन) के साथ पहले विकेट के लिए 116 रन जोड़कर दक्षिण अफ्रीका को शानदार शुरुआत दिलाई और 300 से अधिक के स्कोर का मंच तैयार किया। बीच के ओवरों में तीन रन पर तीन विकेट गंवाने के बाद वॉलवर्ट ने मारिजान कैप (33 गेंद पर 42 रन) के साथ चौथे विकेट के लिए 72 रन की साझेदारी करके पारी को संभाला। सोफी एक्लेस्टोन ने कप को चार्ली डीन के हाथों कैच कराके खतरनाक दिख रही इस साझेदारी को तोड़ा।
202 रन पर द. अफ्रीका ने गंवा दिए थे 6 विकेट
दक्षिण अफ्रीका ने 202 रन तक छह विकेट गंवा दिए थे और उस पर मजबूत स्कोर तक नहीं पहुंच पाने का खतरा मंडरा रहा था लेकिन वॉलवर्ट ने अपने शानदार खेल से टीम का स्कोर 300 रन के पार पहुंचाया। वॉलवर्ट ने अपनी पारी के पहले हाफ में ऑफ साइड में कुछ शानदार ड्राइव लगाए। लय में आने के बाद उन्होंने इंग्लैंड के तेज गेंदबाजों और स्पिनरों के खिलाफ मिडविकेट बाउंड्री को निशाना बनाया। उन्होंने अपनी पारी में 17 चौके और तीन छक्के मारे।
वॉलवर्ट ने खेली कप्तानी शतकीय पारी, अंतिम 10 ओवर में जोड़े 117 रन
वॉलवर्ट ने 47वें ओवर में बाएं हाथ की स्पिनर लिंसे स्मिथ की लगातार गेंदों पर एक छक्के और तीन चौकों से 20 रन बटोरे। उन्होंने मिडविकेट पर छक्का लगाकर अपने 150 रन पूरे किए और अपनी मैराथन पारी के दौरान पांच हजार एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय रन भी पूरे किए। वह हालांकि अगले ओवर में लॉरेन बेल की गेंद पर लॉन्ग ऑन पर एलिस कैप्सी को कैच दे बैठीं। क्लो ट्रायोन (26 गेंद पर नाबाद 33) और नेदिन डि क्लर्क (छह गेंद पर नाबाद 11) ने पारी के अंतिम ओवरों में कुछ आक्रामक शॉट खेले। दक्षिण अफ्रीका ने आखिरी 10 ओवर में 117 रन बनाए। दक्षिण अफ्रीका की टीम लीग चरण में इसी टीम के खिलाफ 69 रन पर ऑल आउट हो गई थी। लौरा वॉलवर्ट ने 143 गेंद में 169 रन की कप्तानी पारी खेली। वहीं 42 रन का योगदान मारीजान कप और 33 रन का क्लियो ट्रॉयोन ने दिया। बाएं हाथ की स्पिनर सोफी एकलेस्टोन सबसे सफल गेंदबाज रहीं। उन्होंने 44 रन देकर सबसे ज्यादा 4 विकेट चटकाए। वहीं लॉरेन बेल ने दो विकेट अपने नाम किए।
इंग्लैंड की रही खराब शुरुआत, सस्ते में गंवाए 3 विकेट
जीत के लिए 320 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की शुरुआत बेहद खराब रही और टीम ने दूसरे ओवर में एक रन के स्कोर तक ही सलामी बल्लेबाजों ऐमी जोन्स और टैमी ब्युमोंट के अलावा हीथर नाइट का भी विकेट गंवा दिया। ये तीनों ही बल्लेबाज खाता खोलने में नाकाम रहीं। कप ने पारी के पहले ही ओवर में दूसरी और पांचवीं गेंद पर क्रमश: ऐमी और नाइट को बोल्ड किया जबकि अगले ओवर की पहली गेंद पर अयाबोंगा खाका ने ब्युमोंट को विकेटकीपर सिनोलो जाफ्ता के हाथों कैच कराया।
मारिजान कप ने चटकाए 5 विकेट
स्कीवर ब्रंट और कैप्सी ने चौथे विकेट के लिए 105 रन जोड़कर पारी को संवारा लेकिन 23वें ओवर में सुने लूस ने कैप्सी को डि क्लर्क के हाथों कैच कराके इस साझेदारी तोड़ा दिया। कैप्सी ने 71 गेंद की अपनी पारी में छह चौके मारे। कप ने इसके बाद स्काइवर ब्रंट को विकेटकीपर जाफ्ता के हाथों कैच कराके इंग्लैंड की जीत की रही सही उम्मीद भी तोड़ दी। स्काइवर ब्रंट ने 76 गेंद का सामना करते हुए छह चौके और एक छक्का मारा। कप ने सोफिया डंक्ले (02) और चार्ली डीन (00) को विकेट के पीछे कैच कराके पांच विकेट हासिल किए। डि क्लर्क ने लिंसे स्मिथ (27) को लूस के हाथों कैच कराके दक्षिण अफ्रीका की जीत सुनिश्चित की।
194 रन पर ढेर हुई इंग्लिश टीम
इंग्लैंड की टीम 42.3 ओवर में 194 रन बनाकर ढेर हो गई। 42.3 ओवर में 194 रन बनाकर ढेर हो गई। मारीजान कप ने 7 ओवर में 20 रन देकर सबसे ज्यादा 5 विकेट चटकाए। उन्होंने तीन ओवर मेडन भी डाले। वगीं दो विकेट नेडिन डि क्लार्क की झोली में गए। एक-एक सफलता खाका, मलाबा और सुन लुस के खाते में गए। लौरा वॉलवर्ट को उनकी कप्तानी शतकीय पारी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
