मुंबई: सयाली सतघरे अपनी सफलता का श्रेय 10 साल से अधिक की कड़ी मेहनत को देती हैं और अब वह भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और टी20 लीग में बड़ा मुकाम हासिल करना चाहती हैं। सयाली का करियर तेजी से ऊपर की ओर बढ़ रहा है। इस साल की शुरुआत में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु को डब्ल्यूपीएल का खिताब जिताने में अहम भूमिका निभाने के बाद मुंबई की इस खिलाड़ी ने इसी महीने अपना टेस्ट पदार्पण किया।
खिलाड़ी को कड़ी मेहनत के साथ करना चाहिए मौके का इंतजार
सयाली ने पीटीआई से खास बातचीत में कहा,'मेरा मानना है कि आपको लगातार कड़ी मेहनत करते रहना चाहिए और जब भी आपको कोई मौका मिले तो उसे दोनों हाथों से लपक लेना चाहिए।' यह बातचीत पहली महिला टी20 मुंबई लीग और पुरुषों के टूर्नामेंट के चौथे सत्र की घोषणा के मौके पर हुई थी। उन्होंने कहा,'जब तक आपको मौका नहीं मिले, तब तक आपको कड़ी मेहनत करते रहना चाहिए और उसका इंतजार करना चाहिए। और जब आपको मौका मिल जाए तो आपको अपना शत प्रतिशत देना चाहिए। पिछले दो-तीन महीनों का प्रदर्शन सिर्फ उन महीनों की बात नहीं है, बल्कि इसके पीछे 10 साल की कड़ी मेहनत छिपी है।'
आरसीबी की दूसरी खिताबी जीत में सयाली ने निभाई अहम भूमिका
सयाली ने आरसीबी के लिए नौ विकेट लिए जिससे इस फ्रेंचाइज़ी ने इस साल की शुरुआत में अपना दूसरा खिताब जीता। सयाली ने कहा,'यह एक अच्छा अनुभव था। आरसीबी के साथ यह मेरा पहला अनुभव था और हमने ट्रॉफी जीती। मुझे खुशी है कि मैं टीम की जीत में अपना योगदान दे पाई। मैं कहूंगी कि आरसीबी का माहौल बहुत अच्छा था। हम एक परिवार की तरह थे। उतार-चढ़ाव के हर दौर में हर कोई एक-दूसरे के साथ खड़ा था। चाहे दिन अच्छा हो या बुरा, पूरी टीम एक साथ थी।'
(भाषा)
