भारत की पूर्व कप्तान मिताली राज का मानना है कि महिला क्रिकेट में अब कप्तानी में बदलाव का समय आ गया है। उनके मुताबिक हरमनप्रीत कौर के बाद वनडे और टेस्ट की कमान स्मृति मंधाना को मिलनी चाहिए, जबकि टी20 फॉर्मेट में शेफाली वर्मा को मौका दिया जाना चाहिए। पीटीआई से बातचीत में मिताली ने साफ कहा कि सिर्फ एक खराब टी20 विश्व कप के आधार पर कप्तान बदलना सही नहीं होगा। उन्होंने कहा, “हम लगातार दूसरी बार टी20 विश्व कप के सेमीफाइनल में नहीं पहुंचे, लेकिन सिर्फ इसी आधार पर यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता। देखना होगा कि खिलाड़ी बाकी मानदंडों पर कैसा है।”
मिताली ने हरमनप्रीत की फिटनेस पर उठाए सवाल
मिताली राज ने हरमनप्रीत कौर की फिटनेस पर भी सवाल उठाए। उन्होंने याद दिलाया कि पिछले दो-तीन साल में कई बार हरमन को मैदान पर फिजियो की जरूरत पड़ी है और कुछ मैचों में वह उपलब्ध भी नहीं रही हैं। मिताली के अनुसार, “आप चाहेंगे कि आपका कप्तान फिट और हमेशा उपलब्ध हो। उम्र तो सबकी बढ़ती है, लेकिन कप्तान सबसे फिट होना चाहिए।” फॉर्म को लेकर भी मिताली ने चिंता जताई। उन्होंने कहा कि पिछले तीन विश्व कप में हरमन 15-20 रन बनाकर आउट होती रही हैं और अर्धशतक के लिए तीन-चार मैच का इंतजार करना पड़ता है। साथ ही फैसला लेने वालों को यह भी देखना होगा कि अगले वनडे या टी20 विश्व कप तक वह खेल पाएंगी या नहीं।
कोच मजूमदार को लेकर मिताली ने कहा ऐसा
हालांकि मिताली ने यह भी कहा कि खराब प्रदर्शन की जिम्मेदारी सिर्फ कप्तान की नहीं है। कोच अमोल मजूमदार भी जवाबदेह हैं क्योंकि अंतिम एकादश का फैसला दोनों मिलकर लेते हैं।भविष्य की योजना पर मिताली ने कहा कि उन्हें लगा था कि स्मृति मंधाना दो-तीन साल पहले ही वनडे की कप्तानी संभाल लेंगी। “उनके अपार अनुभव को देखते हुए वनडे और टेस्ट की कप्तानी उन्हें ही मिलनी चाहिए। टी20 किसी युवा को सौंपा जा सकता है, क्योंकि वनडे में अनुभव बहुत जरूरी है।” टी20 के लिए मिताली ने शेफाली वर्मा का नाम सुझाया। शेफाली अंडर-19 विश्व कप में भारत को खिताब दिला चुकी हैं। जेमिमा रोड्रिग्स भी डब्ल्यूपीएल में कप्तानी कर चुकी हैं। मिताली ने अंत में कहा, “जिसे भी कप्तान बनाएं, उसे समय दें। तुरंत नतीजे की उम्मीद करना सही नहीं होगा।” 37 साल की हरमनप्रीत की कप्तानी में भारत ने पिछले साल वनडे विश्व कप जीता, लेकिन 2018 से टी20 में कोई आईसीसी टूर्नामेंट नहीं जीत सका है।
