13 साल के लंबे इंतजार के बाद आखिरकार चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने होम ग्राउंड पर मुंबई इंडियंस को पटखनी दे दी। चेपॉक में खेले गए मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करते हुए मुंबई इंडियंस 8 विकेट के नुकसान पर केवल 139 रन ही बना पाई। जीत के लिए 140 रन के लक्ष्या का पीछा करने उतरी चेन्नई की टीम ने केवल 4 विकेट के नुकसान पर 14 गेंद शेष रहते जीत हासिल कर ली।
चेन्नई ने इस मैदान पर आखिरी बार मुंबई को साल 2010 में हराया था। इस जीत के साथ ही चेन्नई की टीम ने 12 अंक हासिल कर लिए हैं और वह प्वाइंट्स टेबल में गुजरात टाइटंस के बाद दूसरे नंबर पर पहुंच गई है। मैच के बाद चेन्नई के कप्तान धोनी ने इस मुकाबले को बेहद अहम बताते हुए कहा कि टीम के लिए यह जीत बेहद जरूरी थी। उन्होंने कहा कि जिस तरह से प्वाइंट्स टेबल की स्थिति है उसको देखते हुए यह जीत आवश्यक थी। उन्होंने कहा कि पिछला कुछ मैच हमारे पक्ष में नहीं था और इसलिए जीतकर अच्छा लग रहा है।
पहले गेंदबाजी करने पर धोनी
टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने के फैसले को लेकर उन्होंने कहा कि यह टीम मैनजमेंट का फैसला था, क्योंकि वह पहले बल्लेबाजी करना चाहते थे। टीम मैनजमेंट को बारिश का अंदेशा था इसलिए गेंदबाजी करने का फैसला लिया। मुझे लगता है कि पिच थोड़ी स्लो थी।
मथिसा पाथिराना को दी खास सलाह
मुंबई के खिलाफ इस मैच में 3 विकेट लेने वाले युवा गेंदबाज मथिसा पाथिराना की तारीफ करते हुए उन्होंने एक सलाह भी दी। धोनी ने कहा 'जिनका एक्शन बाकियों से कुछ अलग तरह का होता है, उनकी गेंदबाजी, बल्लेबाजों के लिए मुश्किल होती है। मैं चाहूंगा कि वह रेड बॉल (टेस्ट) क्रिकेट न खेले और केवल आईसीसी टूर्नामेंट खेले। वह आने वाले दिनों में श्रीलंका टीम के लिए एक धरोहर की तरह होंगे। पिछले सीजन में वह थोड़े दुबले थे और इस सीजन में उनकी मसल्स बढ़ी हैं।
