अध्यात्म

Vidyarmbham 2024 Date And Time : सरस्वती पूजा के बाद कब शुरू होगा विद्यारंभ संस्कार, जानिए इसकी तिथि और शुभ मुहूर्त

Vidyaarmabh Sanskar 2024 Date: सनातन धर्म में विद्या का बहुत ही खास महत्व है। विद्या का आरंभ करने से पहले तारखी और शुभ मुहूर्त का खास ख्याल रखा जाता है। ऐसे में आइए जानते हैं अक्टूबर के महीने में विद्यारंभ संस्कार का शुभ मुहूर्त क्या होगा।

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Vidyaarmabh Sanskar 2024 Date

Vidyaarmabh Sanskar 2024 Date: विद्यारंभ संस्कार का वो संस्कार होता है। जिसमें बच्चा अपने प्रथम विद्या की शुरुआत करता है। अक्टूबर के महीने में सरस्वती पूजा के अगले दिन 4 से 5 वर्ष की आयु के बच्चे विद्यारंभ संस्कार ग्रहण करते हैं। इस संस्कार को पूरा करने के बाद उनकी विद्या की शुरुआत हो जाती है। सनातन धर्म में 16 संस्कारों के बारे में बताया गया है। जिसमें से विद्यारंभ एक महत्वपूर्ण संस्कार माना जाता है। दक्षिण भारत में सरस्वती नवरात्रि के दौरान मनाई जाती है और दशमी तिथि के दिन सरस्वती विसर्जन किया जाता है। इसके अगले दिन ही विद्यारंभ संस्कार किया जाता है। ऐसे में आइए जानते हैं इस साल अक्टूबर में विद्यारंभ संस्कार कब किया जाएगा और इसके शुभ मुहूर्त के बारे में।

Vidyaarmabh Sanskar 2024 Date (विद्यारंभ संस्कार 2024 डेट)

दक्षिण भारत में विद्यारंभ संस्कार नवरात्रि सरस्वती पूजा के अगले दिन किया जाता है। हिंदू पंचांग के अनुसार इस साल दक्षिण में सरस्वती पूजा 12 अक्टूबर 2024 यानि आज मनाई जा रही है। ऐसे में विद्यारम्भम् संस्कार 13 अक्टूबर 2024, रविवार को मनाया जाएगा।

Vidyaarmabh Sanskar 2024 Shubh muhurat (विद्यारंभ संस्कार शुभ मुहूर्त 2024)

इस साल दक्षिण में विद्यारंभ संस्कार 13 अक्टूबर 2024 को मनाया जाएगा। इस दिन 07:47 ए एम से 09:14 ए एम तक का मुहूर्त अर्मिधा मुहूर्त रहेगा। ये मुहूर्त विद्यांरभ संस्कार के लिए शुभ माने जाते हैं। इस शुभ समय में आप विद्या आरंभ कर सकते हैं।

विद्यारंभ संस्कार महत्व (Vidyaarmabh Sanskar Importance)

हिन्दू धर्म में विद्या और ज्ञान का बहुत ही महत्व है। यह संस्कार चार और पांच साल की उम्र में शुरू किया जाता है। इस दिन पूरे दिन विधि- विधान के साथ माता सरस्वती पूजा की जाती है। उसके बाद पूरे विधिपूर्वक विद्यारंभ संस्कार शुरू किया जाता है। विद्यारंभ संस्कार के द्वारा बालक बालकिओं में ज्ञान के प्रति जिज्ञासा उत्पन्न की जाती है। साथ ही उनमे सामाजिक और नैतिक गुण डालने का प्रयास किया जाता है।

Jayanti Jha
जयंती झाauthor

बिहार के मधुबनी जिले से की रहने वाली हूं, लेकिन शिक्षा की शुरुआत उत्तर प्रदेश की गजियाबाद जिले से हुई। दिल्ली विश्वविद्यायलय से हिंदी ऑनर्स से ग्रेजुएशन पूरा किया। इसके बाद इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय से हिंदी में मास्टर्स की डिग्री ली और इसके साथ ही दिल्ली के विवेकानंद कॉलेज से हिंदी पत्रकारिता में डिपलोमा किया। डिजिटल पत्रकारिता की शुरुआत 2022 में रफ्तार से हुई। अगस्त 2023 से Times Network में timesnowhindi.com के फीचर टीम के साथ जुड़ी हूं। इससे पहले vianet media pvt. ltd में बतौरा हिंदी टाइपिस्ट 1 साल काम किया। रफ्तार में रहकर आध्यात्म पर लिखना शुरू किया । आध्यात्म के बारे में जानना और उसके बारे में चर्चा करना पसंद है। ग्रहों, नक्षत्रों और राशियों के बारे में जानना बहुत पसंद है। लोगों तक सही जानकारी देना ही मेरी प्राथमिकता रहती है।

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