Mercury Nakshatra Transit 2026: ग्रहों के राजकुमार बुध 5 सितंबर 2026 की शाम 4 बजकर 31 मिनट पर सूर्य के नक्षत्र उत्तराफाल्गुनी में प्रवेश कर चुके हैं। इस समय बुध सिंह राशि में स्थित हैं। इसके बाद 7 सितंबर को बुध कन्या राशि में प्रवेश करेंगे, लेकिन उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र का असर आगे भी बना रहेगा, क्योंकि इस नक्षत्र का एक हिस्सा कन्या राशि में भी आता है। द्रिक पंचांग के अनुसार बुध ने 5 सितंबर को शाम 4:31 बजे उत्तराफाल्गुनी में प्रवेश किया है।
इस समय बुध सिंह राशि के अंतिम अंशों में हैं और सूर्य भी सिंह राशि में स्थित हैं। 5 सितंबर की ग्रह स्थिति के अनुसार बुध उत्तराफाल्गुनी के प्रथम पद में हैं और अस्त अवस्था में चल रहे हैं, जबकि सूर्य सिंह राशि में हैं। गुरु कर्क, मंगल मिथुन, शुक्र तुला और वक्री शनि मीन राशि में स्थित हैं।
ज्योतिष में बुध बुद्धि, वाणी, लेखन, कम्युनिकेशन, व्यापार, गणना, तर्क और डिसीजन मेकिंग के कारक हैं। वहीं उत्तराफाल्गुनी के स्वामी सूर्य हैं, जिन्हें पद, प्रतिष्ठा, नेतृत्व, अधिकार और प्रशासन का कारक माना जाता है। ऐसे में बुध का सूर्य के नक्षत्र में जाना बुद्धि और कम्युनिकेशन को प्रतिष्ठा, नेतृत्व और प्रोफेशनल पहचान से जोड़ता है।
इस गोचर का असर सबसे ज्यादा उन क्षेत्रों में दिखाई दे सकता है जहां बात रखने, लिखने, बातचीत करने, रणनीति बनाने और लोगों को प्रभावित करने की जरूरत होती है। पत्रकारिता, डिजिटल मीडिया, कंटेंट, मार्केटिंग, व्यापार, शिक्षा, प्रशासन और मैनेजमेंट से जुड़े लोगों के लिए यह समय खास हो सकता है। चंद्र राशि के आधार पर देखें तो कुछ राशि वालों के लिए बुध का उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र में जाना सबसे ज्यादा लाभ देगा।
वृषभ राशि
वृषभ राशि वालों के लिए बुध का सिंह में रहना चौथे भाव को और 7 सितंबर के बाद कन्या में जाना पांचवें भाव को सक्रिय करेगा। चौथा भाव घर, प्रॉपर्टी, वाहन और पारिवारिक सुख का है, जबकि पांचवां भाव शिक्षा, बुद्धि, क्रिएटिविटी और निवेश का होता है। इस बदलाव के दौरान घर या प्रॉपर्टी से जुड़ी कोई प्लानिंग आगे बढ़ सकती है।
वाहन खरीदने या घर से जुड़े किसी बड़े फैसले में भी सक्रियता आएगी। 7 सितंबर के बाद बुध के कन्या में आने से शिक्षा, लेखन, एनालिसिस और क्रिएटिव कामों में फायदा और बढ़ेगा। बुध वृषभ राशि के लिए धन और शिक्षा-रचनात्मकता से जुड़े भावों के स्वामी हैं, इसलिए उनकी यह स्थिति आर्थिक मामलों को भी सपोर्ट करती है। वृषभ राशि वालों के लिए यह समय घर, शिक्षा, इनकम और भविष्य की फाइनेंशियल प्लानिंग से जुड़े महत्वपूर्ण फैसले लेने में मददगार रहेगा।
मिथुन राशि
मिथुन राशि के स्वामी बुध हैं और इस समय बुध आपकी कुंडली के तीसरे भाव से होते हुए चौथे भाव की ओर बढ़ रहे हैं। तीसरा भाव लेखन, कम्युनिकेशन, मीडिया, मार्केटिंग, सोशल मीडिया, सेल्स और अपने प्रयास का है। उत्तराफाल्गुनी का सूर्य प्रभाव आपकी बात में अथॉरिटी जोड़ता है। मीडिया, पत्रकारिता, कंटेंट राइटिंग, डिजिटल, मार्केटिंग या पब्लिक डीलिंग से जुड़े लोगों के लिए यह बदलाव खास फायदा दे सकता है।
पुराने कॉन्टैक्ट से कोई नया काम निकल सकता है और लंबे समय से अटकी बातचीत दोबारा शुरू हो सकती है। 7 सितंबर के बाद बुध कन्या में पहुंचेंगे और चौथा भाव सक्रिय होगा, जिससे घर से काम करने वाले या अपने खुद के सेटअप को मजबूत करने वाले लोगों को फायदा मिल सकता है। मिथुन राशि वालों के लिए यह नक्षत्र परिवर्तन कम्युनिकेशन को ऑपरच्युनिटी में बदलने और अपनी स्किल से आगे बढ़ने वाला रहेगा।
सिंह राशि
सिंह राशि में पहले से बुध मौजूद हैं और अब वह इसी राशि में सूर्य के नक्षत्र उत्तराफाल्गुनी में आ चुके हैं। ऐसे में बुध का असर सिंह राशि वालों के व्यक्तित्व, कम्युनिकेशन और सोच पर सीधा पड़ेगा। बिजनेस करने वालों के लिए अपनी ब्रांडिंग और कम्युनिकेशन को मजबूत करने का समय है। नौकरी में मीटिंग, प्रेजेंटेशन और अधिकारियों के सामने अपनी बात रखने के मौके मिलेंगे।
मीडिया, मैनेजमेंट, कंटेंट, मार्केटिंग और पब्लिक डीलिंग वाले कामों में प्रदर्शन बेहतर हो सकता है। 7 सितंबर को बुध कन्या राशि में चले जाएंगे और सिंह राशि से दूसरे भाव को सक्रिय करेंगे। इससे पैसा, सेविंग और वाणी से जुड़े मामलों का महत्व बढ़ेगा। सिंह राशि वालों के लिए यह बदलाव पहले पहचान और कम्युनिकेशन को मजबूत करेगा, फिर धन और सेविंग से जुड़े मामलों पर असर डालेगा।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों के लिए बुध सिंह राशि में दसवें भाव को सक्रिय कर रहे हैं। दसवां भाव करियर, नौकरी, प्रोफेशनल स्टेटस और प्रतिष्ठा का है। यही वजह है कि यह राशि बुध के इस नक्षत्र परिवर्तन से सबसे ज्यादा फायदा उठाने वाली राशियों में शामिल है। ऑफिस में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिल सकती है। सीनियर आपकी क्षमता को नोटिस कर सकते हैं।
किसी प्रोजेक्ट को संभालने, अपनी स्किल दिखाने या करियर में अगला कदम उठाने का मौका मिल सकता है। 7 सितंबर के बाद बुध कन्या राशि में जाकर ग्यारहवें भाव को सक्रिय करेंगे, जिससे आय, लाभ और नेटवर्किंग का पक्ष भी मजबूत होगा। यानी पहले करियर में पहचान और फिर उसी काम से लाभ का रास्ता बन सकता है। वृश्चिक राशि वालों के लिए यह गोचर करियर और कमाई दोनों के लिहाज से सबसे मजबूत स्थितियों में है।
धनु राशि
धनु राशि वालों के लिए बुध सिंह राशि में नौवें भाव को सक्रिय कर रहे हैं। नौवां भाव भाग्य, उच्च शिक्षा, गुरु, विदेश, लंबी दूरी की यात्रा और बड़े अवसरों का भाव है। उच्च शिक्षा, प्रोफेशनल कोर्स या किसी नई स्किल से जुड़े फैसले आगे बढ़ सकते हैं। विदेश या दूसरे शहर से जुड़े काम में अच्छी खबर मिल सकती है। सीनियर, गुरु या किसी अनुभवी व्यक्ति की सलाह करियर में फायदा दे सकती है।
7 सितंबर के बाद बुध कन्या में जाकर दसवें भाव में पहुंचेंगे, जिससे करियर का पक्ष और मजबूत होगा। यानी यह नक्षत्र परिवर्तन धनु राशि के लिए भाग्य से लेकर करियर तक लगातार आगे बढ़ने वाला चरण बना सकता है। खासकर जो लोग नौकरी बदलने, प्रमोशन या अपनी प्रोफेशनल दिशा बदलने की प्लानिंग कर रहे हैं, उनके लिए समय उपयोगी है।
आइए जानते हैं कि बाकी 7 राशियों पर क्या पड़ेगा असर
बाकी 7 राशियों के लिए भी यह गोचर ज्यादा खराब नहीं रहेगा। हालांकि कुछ राशि वालों को थोड़ा संभलकर चलना जरूरी होगा, लेकिन यह पूरी तरह से खराब नहीं होगा।
मेष राशि
मेष राशि के लिए बुध सिंह में पांचवें भाव को सक्रिय कर रहे हैं। शिक्षा, बुद्धि, क्रिएटिविटी और प्रेम संबंधों में सक्रियता बढ़ेगी। पढ़ाई और क्रिएटिव कामों के लिए समय अच्छा रहेगा। 7 सितंबर के बाद बुध छठे भाव में चले जाएंगे, जिससे नौकरी और प्रतियोगिता से जुड़े मामले ज्यादा महत्वपूर्ण होंगे। मेष राशि वालों को इस बदलाव में ज्ञान और नौकरी दोनों क्षेत्रों में फायदा मिलेगा, लेकिन डिसीजन लेते समय जल्दबाजी से बचना होगा।
कर्क राशि
कर्क राशि वालों के लिए बुध सिंह में दूसरे भाव में हैं। धन, बचत, परिवार और वाणी से जुड़े मामलों पर असर पड़ेगा। कमाई बढ़ाने या पुराना भुगतान हासिल करने का मौका मिल सकता है। 7 सितंबर के बाद बुध तीसरे भाव में आकर लेखन, कम्युनिकेशन और प्रयास को मजबूत करेंगे। कर्क राशि वालों के लिए पैसा और फिर कम्युनिकेशन इस गोचर के मुख्य विषय रहेंगे।
कन्या राशि
कन्या राशि के स्वामी बुध ही हैं। फिलहाल बुध बारहवें भाव से निकलकर 7 सितंबर को आपकी अपनी राशि में पहुंचेंगे। इससे सोच, व्यक्तित्व, कम्युनिकेशन और काम करने के तरीके में बदलाव आएगा। खर्च और मानसिक दबाव के बीच अपनी प्राथमिकताएं तय करना जरूरी होगा। कन्या राशि वालों के लिए असली फायदा 7 सितंबर के बाद बुध के राशि परिवर्तन के साथ ज्यादा स्पष्ट होगा।
तुला राशि
तुला राशि वालों के लिए सिंह ग्यारहवां भाव है। इसलिए बुध का यह नक्षत्र परिवर्तन आय, लाभ और संपर्कों के मामले में अच्छा है। पुराने नेटवर्क से काम मिल सकता है और बिजनेस में कोई नया क्लाइंट जुड़ सकता है। 7 सितंबर के बाद बुध बारहवें भाव में जाएंगे, जिससे खर्च बढ़ सकते हैं। तुला राशि वालों के लिए फायदा पाने का सबसे अच्छा समय मौजूदा नेटवर्क और ऑपरच्युनिटी का सही इस्तेमाल करना है।
मकर राशि
मकर राशि से सिंह आठवां भाव है। ऐसे में अचानक बदलाव, पुराने आर्थिक मामलों और कागजी कामों में सक्रियता बढ़ सकती है। 7 सितंबर के बाद बुध नौवें भाव में जाकर भाग्य और उच्च शिक्षा से जुड़े मामलों में राहत देंगे। मकर राशि वालों को इस दौरान जोखिम वाले आर्थिक फैसलों से बचते हुए शिक्षा और करियर से जुड़े बेहतर विकल्पों पर फोकस करना चाहिए।
कुंभ राशि
कुंभ राशि के लिए सिंह सातवां भाव है। पार्टनरशिप, बिजनेस डील और रिश्तों में कम्युनिकेशन महत्वपूर्ण रहेगा। कोई नई साझेदारी सामने आ सकती है। लेकिन बात पक्की करने से पहले शर्तें अच्छी तरह पढ़ना जरूरी होगा। 7 सितंबर के बाद बुध आठवें भाव में जाकर साझा धन और आर्थिक मामलों को सक्रिय करेंगे। कुंभ राशि वालों के लिए कम्युनिकेशन इस गोचर की कुंजी है।
मीन राशि
मीन राशि वालों के लिए सिंह छठा भाव है। नौकरी, प्रतियोगिता और रोजमर्रा के काम में व्यस्तता बढ़ेगी। विरोधियों से मुकाबला करने की क्षमता भी मजबूत होगी। 7 सितंबर के बाद बुध सातवें भाव में आकर बिजनेस और साझेदारी को सक्रिय करेंगे। मीन राशि वालों को मेहनत के साथ पार्टनरशिप और क्लाइंट डीलिंग पर ध्यान देने से फायदा मिलेगा।
