Sunrise Today Timing (सूरज निकलने का समय आज का 01 February 2026): आज एक फरवरी 2026 को रविवार का दिन है। इसी के साथ पंचांग के अनुसार आज माघ पूर्णिमा तिथि में सूर्य निकलेगा। रविवार को सूर्य की उपासना शुभ फलदायी मानी जाती है। तो माघ पूर्णिमा के साथ मिलकर आज की सूर्य पूजा का महत्व और भी बढ़ जाता है। सुबह श्रद्धालु नदी स्नान के साथ ही सूर्य को अर्घ्य देंगे। ऐसे में यहां से देखें कि आज सूरज कब निकलेगा। आज का सूर्योदय समय। आज सूर्य देव की पूजा कब और कैसे करें। क्या है इसका महत्व। अधिकतर शहरों में आज र्योदय (Sunrise) लगभग 07:10 am के आसपास होगा।
आज 01 फरवरी 2026 को सूर्योदय का समय
| शहर | सूर्योदय का समय |
|---|---|
| दिल्ली | 07:12 AM |
| नोएडा | 07:11 AM |
| गुरुग्राम | 07:10 AM |
| गाज़ियाबाद | 07:11 AM |
| फरीदाबाद | 07:10 AM |
| लखनऊ | 06:54 AM |
| कानपुर | 06:58 AM |
| वाराणसी | 06:50 AM |
| आगरा | 07:00 AM |
| जयपुर | 07:15 AM |
| देहरादून | 07:10 AM |
| चंडीगढ़ | 07:05 AM |
| भोपाल | 06:35 AM |
| इंदौर | 06:48 AM |
| पटना | 06:25 AM |
| कोलकाता | 06:17 AM |
| भुवनेश्वर | 06:30 AM |
| रांची | 06:28 AM |
| मुंबई | 07:06 AM |
| पुणे | 07:10 AM |
| अहमदाबाद | 07:21 AM |
| सूरत | 06:55 AM |
| राजकोट | 07:00 AM |
| हैदराबाद | 06:35 AM |
| बेंगलुरु | 06:47 AM |
| चेन्नई | 06:32 AM |
| कोयंबटूर | 06:40 AM |
| तिरुवनंतपुरम | 06:25 AM |
| गुवाहाटी | 06:05 AM |
| शिलांग | 06:10 AM |
आज 01 फरवरी 2026 को पूर्णिमा तिथि पर सूर्य उपासना कैसे करें
पूर्णिमा तिथि पर सूर्य उपासना के लिए प्रातःकाल ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करना उत्तम माना गया है। स्नान के बाद स्वच्छ वस्त्र धारण कर पूर्व दिशा की ओर मुख करके खड़े हों। तांबे के लोटे में स्वच्छ जल, लाल पुष्प, अक्षत और थोड़ा सा रोली या चंदन मिलाएँ। सूर्य को अर्घ्य देते समय ॐ सूर्याय नमः या आदित्य हृदय स्तोत्र का जाप करें। ध्यान दें कि अर्घ्य देते समय जल की धार सीधी और निरंतर होनी चाहिए। इसके बाद सूर्य नमस्कार करें और सूर्य देव से आरोग्य, तेज, यश और सकारात्मक ऊर्जा की कामना करें। चाहें तो गुड़, गेहूं या लाल वस्त्र का दान भी किया जा सकता है।
आज 01 फरवरी 2026 को पूर्णिमा तिथि पर सूर्य उपासना कब करें
पूर्णिमा तिथि पर सूर्य उपासना का सर्वश्रेष्ठ समय सूर्योदय का माना गया है। पंचांग के अनुसार जब पूर्णिमा तिथि प्रभावी हो और उसी दिन सूर्य उदय हो, तब किया गया अर्घ्य विशेष फलदायी होता है। सूर्योदय के पहले 30 मिनट से लेकर सूर्योदय के 1 घंटे तक का समय सूर्य उपासना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है।
आज 01 फरवरी 2026 को पूर्णिमा तिथि पर सूर्य उपासना का महत्व
पूर्णिमा तिथि चंद्रमा की पूर्ण कला का प्रतीक है और सूर्य ऊर्जा का मूल स्रोत माने जाते हैं। इस दिन सूर्य उपासना करने से मानसिक संतुलन, आत्मविश्वास और शारीरिक बल में वृद्धि होती है। ज्योतिष के अनुसार सूर्य कमजोर होने पर मान-सम्मान, स्वास्थ्य और नेतृत्व क्षमता प्रभावित होती है, ऐसे में पूर्णिमा पर सूर्य को अर्घ्य देना विशेष लाभकारी माना जाता है। यह उपासना पितृ दोष शांति, नेत्र रोगों में लाभ और नकारात्मक ऊर्जा से मुक्ति में सहायक मानी जाती है। आध्यात्मिक रूप से यह आत्मशुद्धि और तेजोवृद्धि का साधन है।
