अध्यात्म

पंडित जी से जानें राशि के अनुसार उपाय, नाग पंचमी के दिन मिलेगा कालसर्प दोष से छुटकारा

Nag Panchami Upay: आज नागपंचमी का खास पर्व है। हर घर में नाग देवता की पूजा की जा रही है। इसके साथ ही अगर राशि के अनुसार कुछ उपाय कर लिए जाएं तो काल सर्प दोष से भी छुटकारा मिल सकता है। यहां से आप पंडित जी के बताए इन उपाय को देख सकते हैं।

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नाग पंचमी के राशि अनुसार उपाय (Photo Source: Canva)

Nag Panchami Upay: दिनांक 29 जुलाई को नागपंचमी का महापर्व है। इस पुनीत अवसर पर कुछ कर्म और अनुष्ठान जहां अत्यंत आवश्यक है, वहीं कुछ पर मनाही भी है। शिव उपासना सरल है। भगवान भोलेनाथ की कृपा भक्ति से प्राप्त करें। आइये इस विषय को बिंदुवार जानते हैं।

नागपंचमी के पर्व पर क्या करें-

  • रुद्राभिषेक अवश्य करना चाहिए।रुद्राभिषेक से भगवान शिव प्रत्येक मनोकामना की पूर्ति करते हैं।
  • एक चांदी का या मिट्टी का नाग सांकेतिक रूप से बनाके उसको फूल कुमकुम इत्यादि अर्पित करके दुग्ध पिलाना चाहिए ।
  • शिव मंदिर अवश्य जाना चाहिए।
  • महामृत्युंजय मंत्र का जप करें।
  • किसी भी प्राणी को कष्ट मत दें।
  • दूध की निर्मलता की तरह ये संकल्प लें कि आज से मन को निर्मल और धवल रखेंगे।
  • दूध चंद्रमा का प्रतीक है।सर्प राहु का प्रतीक है।इन दोनों ग्रहों के बीज मंत्र का जप करें।
  • पितृ दोष से पीड़ित लोग आज के दिन इसकी पूजा कराएं और राहु की पूजा और उड़द का दान करें।

नागपंचमी को क्या न करें-

  • असत्य मत बोलें।
  • सर्प को मत मारें।
  • घर में कहीं भी गंदगी न हो।घर को स्वच्छ रखें।
  • आज शारीरिक कौशल के विकास के तौर गांवों में कुश्ती होती है जो इस बात का प्रतीक है कि व्ययाम और स्वास्थ्य का अच्छा रहना कितना जरूरी है।अतः आलस्य के परित्याग का संकल्प लें ।
  • किसी से विवाद न करें।
  • आज लोकसंगीत होता है।लोग एक दूसरे से मिलते जुलते हैं।अतः यदि आप का कहीं किसी से कभी विवाद रहा हो तो उसको आगे मत बढ़ने दें।

राशि के अनुसार उपाय-

मेष-

गन्ने के रस से रुद्राभिषेक करें।

वृष-

इत्र व गंगा जल से शिवलिंग का अभिषेक करें।

मिथुन-

कुशोदक से रुद्राभिषेक करें।

कर्क-

चांदी का चन्द्रमा शिवलिंग पर अर्पित करें।

सिंह-

भगवान शिव को मधु व गंगा जल चढ़ाएं।

कन्या-

शिवपुराण का पाठ आरम्भ करें

तुला-

दही से पार्थिव शिवलिंग का अभिषेक करें।

वृश्चिक-

तांबे का नाग -नागिन बनवाकर शिवलिंग पर चढ़ाएं।

धनु -

तीर्थों के जल से रुद्राभिषेक करें।

मकर-

शिवलिंग पर जलाभिषेक करें व चावल -तिल अर्पित करें।

कुंभ-

घी से रुद्राभिषेक करें।

मीन-

तीर्थों के जल से शिवलिंग पर रुद्राभिषेक करें।धार्मिक पुस्तक मन्दिर में दान करें।

Sujeet jee Maharaj
सुजीत जी महाराजauthor

सुजीत जी महाराज ज्योतिष और वास्तु विज्ञान एक्सपर्ट हैं जिन्हें 20 वर्षों का ज्योतिष, तंत्र विज्ञान का अनुभव हासिल हैं। 25000 से ऊपर लेख देश के कई बड़े पत्र पत्रिकाओं में प्रकाशित हो चुके हैं और कई बड़े पुरस्कार भी प्राप्त कर चुके हैं जिसमें ,एक अमेरिका के संस्था से भी प्राप्त है। यह गणित के साथ फलित ज्योतिष पर भी पकड़ रखते हैं और ज्योतिष के क्षेत्र में इन्हें कई सम्मान मिल चुके हैं।

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