Aaj Puja ka time Kya Hai (आज का पूजा मुहूर्त 10 अप्रैल 2026): शुक्रवार का दिन हिंदू धर्म में माता लक्ष्मी (Maa Laxmi) की आराधना के लिए बेहद खास माना जाता है। 10 अप्रैल 2026 को पड़ने वाला शुक्रवार धन, सुख और समृद्धि की देवी लक्ष्मी की पूजा के लिए विशेष शुभ संयोग लेकर आया है। मान्यता है कि इस दिन विधि-विधान से की गई पूजा और व्रत जीवन में आर्थिक स्थिरता, सौभाग्य और सकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश कराते हैं।
आज 10 अप्रैल को कौन सा व्रत है
आज शुक्रवार होने के कारण लक्ष्मी पूजा का विशेष महत्व है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार शुक्रवार के दिन माता लक्ष्मी जल्दी प्रसन्न होती हैं। इसलिए आज वैभव लक्ष्मी व्रत रखने और संध्या समय दीपदान करने का विशेष फल बताया गया है। घर की साफ-सफाई, सुगंध और प्रकाश को लक्ष्मी आगमन का प्रतीक माना जाता है।
आज 10 अप्रैल को लक्ष्मी जी की पूजा का सुबह का शुभ समय
आज सूर्योदय के बाद पूजा की शुरुआत की जा सकती है। स्नान करके स्वच्छ वस्त्र पहनें और घर के मंदिर में दीपक जलाएं। सुबह पूजा का शुभ समय लगभग 6:15 बजे से 9:30 बजे तक रहेगा। इस समय माता लक्ष्मी को कमल या गुलाब का फूल, अक्षत, हल्दी और मिठाई अर्पित करना शुभ माना जाता है। सुबह की पूजा घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती है।
आज 10 अप्रैल को शाम का मुख्य लक्ष्मी पूजा मुहूर्त
शुक्रवार को संध्या यानी प्रदोष काल में लक्ष्मी पूजा करना सबसे फलदायी माना जाता है। मान्यता है कि इसी समय देवी लक्ष्मी पृथ्वी लोक में भ्रमण करती हैं। मुख्य पूजा मुहूर्त (प्रदोष काल) शाम लगभग 6:30 बजे से 8:15 बजे तक रहेगा। इस दौरान घी का दीपक जलाकर लक्ष्मी आरती करें, शंख बजाएं और घर के मुख्य द्वार पर दीपक अवश्य रखें। इससे धन आगमन और सुख-समृद्धि बढ़ने की मान्यता है।
आज 10 अप्रैल को वैभव लक्ष्मी व्रत कब से कब तक रहेगा
आज 10 अप्रैल 2026 को वैभव लक्ष्मी व्रत रखा जाएगा।
- व्रत की शुरुआत: सुबह स्नान और संकल्प के साथ
- पूरे दिन उपवास या फलाहार
- शाम को लक्ष्मी पूजा और व्रत कथा के बाद पारण
परंपरा के अनुसार श्रद्धालु यह व्रत लगातार 11 या 21 शुक्रवार तक रखते हैं। माना जाता है कि इससे आर्थिक परेशानियां दूर होती हैं और घर में वैभव बढ़ता है।
वैभव लक्ष्मी व्रत की सरल पूजा विधि
व्रत के दिन घर को साफ रखें और पूजा स्थान पर लाल या गुलाबी कपड़ा बिछाकर माता लक्ष्मी की प्रतिमा स्थापित करें। घी का दीपक जलाएं और लक्ष्मी मंत्र, श्रीसूक्त या लक्ष्मी आरती का पाठ करें। पूजा के बाद खीर, मिश्री या मिठाई का भोग लगाएं और परिवार में प्रसाद बांटें। व्रत कथा पढ़ना या सुनना इस पूजा का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है।
धन वृद्धि के लिए आज का आसान उपाय
ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार शुक्रवार की शाम मुख्य दरवाजे पर दो दीपक जलाना अत्यंत शुभ माना जाता है। पूजा के बाद एक सिक्का तिजोरी या धन रखने की जगह पर रखने से आर्थिक स्थिरता आने की मान्यता है। घर में सुगंधित अगरबत्ती या कपूर जलाने से सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है।
