अध्यात्म

Aaj Ka Panchang, 27 October 2022: आज है भाईदूज, पंचांग से जानें सभी शुभ-अशुभ मुहूर्त

  • Agency by: Agency
  • Updated Oct 26, 2022, 02:39 PM IST

Aaj Ka Panchang 27 October 2022 in Hindi Today: आज कार्तिक माह शुक्ल पक्ष की द्वितीया है। इस दिन भाई दूज पर्व मनाए जाने की परंपरा है।

Image

Aaj Ka Panchang 27 October 2022: भाई दूज के दिन का पंचांग

Aaj Ka Panchang 27 October 2022 in Hindi Today: सुजीत जी महाराज- आज कार्तिक माह शुक्ल पक्ष की द्वितीया है। कार्तिक माह में तुलसी पूजा का अनन्त पुण्य है। गुरुवार को भगवान विष्णु जी की पूजा व व्रत की जाती है। विशाखा नक्षत्र है। आज अन्न दान करें। आज गुरूवार को विष्णु जी की उपासना के साथ लक्ष्मी जी की पूजा भी करें। आज श्री सूक्त का पाठ करें। हनुमानबाहुक के पाठ का आज बहुत महत्व है। सायंकाल विष्णु मंदिर में भगवान की 04 परिक्रमा करें। हनुमान जी की स्तुति करें। आज मसूर व गुड़ के दान का बहुत महत्व है। श्री अरण्यकाण्ड का पाठ करें। आज दान का अनन्त पुण्य है।आज व्रत रखने का महान दिवस है।

प्रातःकाल पञ्चाङ्ग का दर्शन ,अध्ययन व मनन आवश्यक है। शुभ व अशुभ समय का ज्ञान भी इसी से होता है। अभिजीत मुहूर्त का समय सबसे बेहतर होता है। इस शुभ समय में कोई भी कार्य प्रारंभ कर सकते हैं। विजय व गोधुली मुहूर्त भी बहुत ही सुंदर होता है। राहुकाल में कोई भी कार्य या यात्रा आरम्भ नहीं करना चाहिए।

आज का पंचांग (Aak Ka Panchang)

दिनांक-27 अक्टूबर 2022

दिवस-गुरुवार माह-कार्तिक,शुक्ल पक्ष,

तिथि- द्वितीया

सूर्योदय-06:29am

सूर्यास्त-05:40 pm

नक्षत्र-विशाखा

सूर्य राशि-तुला

चन्द्र राशि- तुला 06:30am तक फिर वृश्चिक

करण-कौलव

योग-आयुष्मान

शुभ मुहूर्त-

अभिजीत-11:56 am से 12:48 pm तक

विजय मुहूर्त-02:29pm से 03:28 pm तक

गोधुली मुहूर्त--06:19pm से 06:56pm तक

अशुभ मुहूर्त- राहुकाल-दोपहर 01:30 बजे से 03 बजे तक

लवीना शर्मा
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

और पढ़ें
End of Article