अध्यात्म

6 February 2025 Panchang: जानिए माघ शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि के शुभ मुहूर्त, राहुकाल, अभिजीत मुहूर्त, दिशा शूल और सूर्योदय-सूर्यास्त समय

6 February 2025 Panchang: इस दिन माघ शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि और नक्षत्र कृत्तिका रहेगा। वहीं रवि योग का शुभ संयोग भी रहेगा। सूर्य देव मकर राशि में रहेंगे तो वहीं चंद्र देव वृषभ राशि में विरजामान रहेंगे।

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6 February 2025 Panchang In Hindi

6 February 2025 Panchang: कुम्भ महोत्सव के परम पवित्र माह शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि दिवस गुरुवार है। आज श्री विष्णु जी के निमित्त पावन व्रत है। श्री भगवान विष्णु जी की उपासना करें। चने की दाल का दान करें। आज का व्रत विष्णु जी व लक्ष्मी जी को समर्पित बहुत ही पुण्यदायी होता है। श्री विष्णुसहस्रनाम का पाठ करें। धार्मिक पुस्तकों , तिल व चावल का दान करें। माता गंगा की उपासना करें। पीपल के वृक्ष के तले बैठकर सुंदरकांड के पाठ से सभी मनोरथ पूर्ण होते हैं। भगवान कृष्ण जी के नाम का मानसिक जप करें। आज गंगा या किसी पवित्र नदी में स्नान व दान पुण्य करें। तिल के लड्डू व काले ऊनी वस्त्रों का दान बहुत ही पुण्यदायी होता है, इससे कष्ट समाप्त व धन आगमन तथा शुभता का आगमन होता है, पुण्य की प्राप्ति होती है। इस समय नित्य गंगा स्नान करने से मनोवांछित फल मिलते हैं तथा सभी पाप नष्ट होते हैं व आपका आध्यात्मिक मार्ग प्रशस्त होता है। नदी के तट पर ही पार्थिव का शिवलिंग बनाकर रूद्राभिषेक करें। मधु, तिल, बेल पत्र व गंगा जल शिवलिंग को अर्पित करें। आध्यात्मिक सतसंग का आनन्द लें। आज किसी शिव मंदिर परिसर में पीपल का पेड़ लगाएं।

आज का पंचांग 6 फरवरी 2025

संवत---पिङ्गला विक्रम संवत 2081

माह-माघ, शुक्ल पक्ष, नवमी

तिथि- नवमी 10:54pm तक फिर दशमी

दिवस -गुरुवार

सूर्योदय-07:04am

सूर्यास्त-6:05pm

नक्षत्र- कृतिका 07:30 am तक फिर रोहिणी

चन्द्र राशि - वृष,स्वामी ग्रह-शुक्र

सूर्य राशि- मकर,स्वामी ग्रह-शनि

करण- बालव 11:31pm तक फिर कौलव

योग- ब्रम्ह 06:43 pm तक फिर इंद्र

आज के शुभ मुहूर्त 6 फरवरी 2025

अभिजीत-1211pm से 12:58 pm तक

विजय मुहूर्त-02:25pm से 03:25pm तक

गोधुली मुहूर्त--06:20pm से 07:22pm तक

ब्रम्ह मुहूर्त-4:03m से 05:09am तक

अमृत काल-06:09am से 07:40am तक

निशीथ काल मुहूर्त-रात्रि 11:40से 12:22तक रात

संध्या पूजन-06:21 pm से 07:08pm तक

दिशा शूल-दक्षिण दिशा। इस दिशा में यात्रा से बचें। दिशाशूल के दिन उस दिशा की यात्रा करने से बचते हैं, यदि आवश्यक है तो एक दिन पहले प्रस्थान निकालकर फिर उसको लेकर यात्रा करें।

अशुभ मुहूर्त--राहुकाल-दोपहर 01:30 बजे से 03 बजे तक

Laveena Sharma
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

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