अध्यात्म

Aaj Ka Panchang, 1 February 2025: फरवरी के पहले दिन का पंचांग, जानिए शुभ मुहूर्त, राहुकाल, ब्रह्म मुहूर्त, दिशा शूल और शनिवार के उपाय

Aaj Ka Panchang, 1 February 2025: पंचांग अनुसार फरवरी की पहली तारीख को गणेश जयंती और विनायक चतुर्थी का त्योहार मनाया जाएगा। जानिए इस दिन के शुभ-अशुभ मुहूर्त क्या रहेंगे और सूर्योदय-सूर्यास्त कब होगा।

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Aaj Ka Panchang, 1 February 2025

Aaj Ka Panchang, 1 February 2025: कुम्भ महोत्सव के परम पवित्र माह शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि, दिन शनिवार है। आज हनुमान जी का पावन व्रत है। महाकुम्भ स्नान चल रहा है। आज संगम में या किसी पवित्र नदी में स्नान का आध्यात्मिक लाभ लें। भगवान शिव व माता पार्वती जी की उपासना करें। कम्बल का दान करें।यह माह विष्णु जी व लक्ष्मी जी को समर्पित बहुत ही पुण्यदायी होता है। शनि उपासना का दिवस है। श्री सुंदरकांड का पाठ करें। धार्मिक पुस्तकों, तिल व कंबल का दान करें।माता गंगा की उपासना करें। आज सभी मनोरथ पूर्ण होते हैं। हनुमान जी के 32 नाम का मानसिक जप करें। आज गंगा या किसी पवित्र नदी में स्नान व दान पुण्य करें।तिल के लड्डू व काले ऊनी वस्त्रों का दान बहुत ही पुण्यदायी होता है, इससे कष्ट समाप्त व धन आगमन तथा शुभता का आगमन होता है, पुण्य की प्राप्ति होती है। इस समय नित्य गंगा स्नान करने से मनोवांछित फल मिलते हैं तथा सभी पाप नष्ट होते हैं व आपका आध्यात्मिक मार्ग प्रशस्त होता है। नदी के तट पर ही पार्थिव का शिवलिंग बनाकर रूद्राभिषेक करें। मधु, तिल, बेल पत्र व गंगा जल शिवलिंग को अर्पित करें। आध्यात्मिक सतसंग का आनन्द लें। घर के मन्दिर में अखण्ड दीप जलाएं व भगवान के नाम का संकीर्तन करें। शनिवार को पीपल को जल दें। सायंकाल दीपक जलाएं। हनुमान चालीसा का 07 बार पाठ करे।

आज का पंचांग 1 फरवरी 2025 (Aaj Ka Panchang 1 Feb 2025)

संवत---पिङ्गला विक्रम संवत 2081

माह-माघ, शुक्ल पक्ष,तृतीया

तिथि- तृतीया

दिवस -शनिवार

सूर्योदय-07:27am

सूर्यास्त-05:27pm

नक्षत्र- शतभिषा

चन्द्र राशि - कुम्भ,स्वामी ग्रह-शनि

सूर्य राशि- मकर,स्वामी ग्रह-शनि

करण- तैतिल

योग- परिघ

आज के शुभ मुहूर्त 1 जनवरी 2025 (1 January 2025 Shubh Muhurat)

अभिजीत-12:12 pm से 12;57 pm तक

विजय मुहूर्त-02:23pm से 03:28pm तक

गोधुली मुहूर्त--06:21pm से 07:25pm

ब्रम्ह मुहूर्त-4:08m से 05:07am तक

अमृत काल-06:01am से 07:45am तक

निशीथ काल मुहूर्त-रात्रि 11:42से 12:22तक रात

संध्या पूजन-06:21 pm से 07:04pm तक

दिशा शूल-पूर्व दिशा। इस दिशा में यात्रा से बचें। दिशाशूल के दिन उस दिशा की यात्रा करने से बचते हैं, यदि आवश्यक है तो एक दिन पहले प्रस्थान निकालकर फिर उसको लेकर यात्रा करें।

अशुभ मुहूर्त--राहुकाल-प्रातःकाल 10:30 बजे दोपहर 12 बजे तक

Laveena Sharma
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

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