इस दुनिया में लोगों ने कई अजीब और अनोखे कारनामे करने के बाद गिनीज बुक में अपना नाम दर्ज करा पाते हैं, लेकिन आज हम एक ऐसे चोर की कहानी आपको बताएंगे जिसने सिर्फ चोरी करके अपना नाम इस किताब में दर्ज करा लिया।
ये कहानी है स्टीफन कैरी ब्लमबर्ग (Stephen Carrie Blumberg) नाम के चोर की। जो सोना-चांदी या फिर पैसों की चोरी नहीं करता था। दरअसल, यह चोर किताबों की चोरी करता था।
इसी वजह से इस चोर का नाम गिनीज बुक (Guinness World Records) में रिकॉर्ड हो गया। ब्लमबर्ग नाम के इस चोर ने 1970 से 1990 के बीच यानी करीब 20 साल तक महंगी और दुर्लभ किताबें चुराता रहा।
इस चोर ने 23600 किताबें चुराई थी। जब इन किताबों का वजन किया गया तो इन किताबों का वजन लगभग 19 टन निकला। उसने इन किताबों को नॉर्थ अमेरिका के 45 राज्यों में स्थित 268 पुस्तकालयों से चुराया था। जिनकी कीमत शुरू में 20 मिलियन डॉलर आंकी गई, जिसे बाद में करीब 5.3 मिलियन डॉलर बताया गया।
स्टीफन कैरी ब्लमबर्ग की सबसे दिलचस्प बात यह थी कि वह इन किताबों को चुराने के बाद बेचता नहीं था। वह उन्हें अपने पास ही रखता था। जब उसके घर की तलाशी ली गई थी तब उसके घर में हर जगह दीवारों से लेकर बाथरूम तक सिर्फ किताबें ही किताबें भरी दिखी।
कई मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, स्टीफन कैरी ब्लमबर्ग का मानना था कि लाइब्रेरी उन किताबों की सही देखभाल नहीं कर पा रही थीं इसलिए वह उन्हें चुराकर संभालकर अपने पास रख लेता था।
स्टीफन कैरी ब्लमबर्ग की चोरी का खुलासा तब हुआ जब साल 1990 में उसके एक दोस्त ने उसकी इस हरकत के बारे में पुलिस को बता दिया। जिसके बाद उसे तुरंत गिरफ्तार कर लिया गया और कोर्ट ने उसके इस अपराध के लिए जेल की सजा सुनाई।
कुछ सालों तक वह जेल में रहा और फिर वह साल 1995 में जेल से रिहा हो गया। आज ब्लमबर्ग का नाम गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड के पन्नों में सबसे ज्यादा किताबें चुराने वाले व्यक्ति के रूप में दर्ज है।