Mansoon 2026 : देश के कई हिस्सों में शनिवार को भारी बारिश हुई तथा उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश सबसे ज़्यादा प्रभावित हुए हैं, जहां भूस्खलन के कारण सड़कें बंद हो गईं और जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पूर्वी उत्तर प्रदेश और मेघालय में बहुत बारिश हुई, जबकि पश्चिम बंगाल, ओडिशा, झारखंड, बिहार, पंजाब, हरियाणा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, मिजोरम, तमिलनाडु और केरल में भारी बारिश दर्ज की गई। पूर्वोत्तर और पहाड़ी राज्यों में बाढ़ की घटनाएं बढ़ गई हैं। उधर, महाराष्ट्र और गुजरात में भारी बारिश के कारण बाढ़ की समस्याओं से लोगों का हाल-बेहाल है।
यूपी का मौसम कैसा है?
उत्तर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अब तक सामान्य बारिश हुई है। आईएमडी के मुताबिक 29 जिलों में बारिश सामान्य रही, 10 जिलों में अधिक बारिश दर्ज की गई जबकि 21 जिलों में कम बारिश हुई। मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ द्वारा जारी नवीनतम आंकड़े के अनुसार, इस मौसम में अब तक किसी भी जिले में बहुत अधिक या बहुत कम वर्षा की सूचना नहीं है।
वर्षा वितरण से संकेत मिलता है कि अधिकांश जिलों में लगभग सामान्य मानसून वर्षा हुई है, हालांकि 21 जिलों में वर्षा की कमी बनी हुई है। आईएमडी के वर्षा संबंधी आंकड़ों से पता चलता है कि शनिवार सुबह 8:30 बजे तक 24 घंटे की अवधि में सबसे अधिक वर्षा सोनभद्र जिले में 85.4 मिमी दर्ज की गई, इसके बाद मिर्ज़ापुर में 75.2 मिमी, चंदौली में 70.6 मिमी, वाराणसी में 64.4 मिमी और संत कबीर नगर में 61.4 मिमी दर्ज की गई।
पूर्वी और मध्य उत्तर प्रदेश के कई अन्य जिलों में भी मध्यम से भारी वर्षा हुई, जिससे राज्य के पूर्वी हिस्सों में बारिश के जारी रहने के पूर्वानुमान को बल मिला है। आईएमडी ने रविवार को पूरे उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर बारिश और गरज के साथ बारिश की भविष्यवाणी की है, जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है। मौसम कार्यालय ने रविवार को राज्य की राजधानी में आंशिक रूप से बादल छाए रहने का अनुमान लगाया है और अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमशः 35 डिग्री सेल्सियस और 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है।
उत्तराखंड में भारी बारिश
उत्तराखंड में भारी बारिश की वजह से भूस्खलन में तीन राष्ट्रीय राजमार्गों समेत 120 सड़कें बंद हो गईं। यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग का एक हिस्सा बह जाने और रास्ता दो दिन तक बंद रहने के बाद, लगभग 100 तीर्थयात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ) के अनुसार, उत्तरकाशी के स्यानाचट्टी में भारी मलबे के कारण सड़क के पूरी तरह अवरूद्ध होने के कारण वैकल्पिक मार्ग पर सुरक्षित तरीके से रस्सी बांधी गयी और इसके बाद जवानों ने अत्यंत सावधानी एवं कुशलता से लगभग 100 यात्रियों को एक-एक कर सुरक्षित तरीके से रास्ता पार कराया। लगातार बारिश के कारण बृहस्पतिवार को स्यानाचट्टी में सड़क का करीब 100 मीटर हिस्सा भूस्खलन के कारण ध्वस्त हो गया था। अधिकारियों ने बताया कि सड़क को दुरुस्त करने के प्रयास किए जा रहे हैं लेकिन बारिश में मलबा और पत्थर गिरने के कारण कार्य में बाधा आ रही है ।
हिमाचल प्रदेश में मौसम का हाल कैसा रहेगा
हिमाचल प्रदेश में शनिवार को मध्यम से भारी बारिश के कारण शिमला में भूस्खलन हुआ, सांगला में पिछले साल निर्मित एक अस्थायी पुल ढह गया और किन्नौर जिले में बाढ़ का पानी एकमंजिला मकान में घुस गया । किन्नौर जिले में लगातार भारी बारिश के कारण लिप्पा झरने का जलस्तर बढ़ गया, जिसके कारण लिप्पा बस स्टैंड के पास एक मंजिला मकान में बाढ़ का पानी भर गया और कई अन्य घरों के लिए भी खतरा पैदा हो गया। मौसम विभाग ने शनिवार के लिए शिमला, कुल्लू, चंबा, बिलासपुर और सिरमौर जिलों के कुछ हिस्सों में मध्यम से भारी बारिश का पूर्वानुमान जताते हुए ’येलो अलर्ट’ जारी किया है।
दिल्ली में कब होगी बारिश
दिल्ली का अधिकतम तापमान बढ़ा। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने अगले कुछ दिनों तक आसमान में बादल छाए रहने और कोई खास बारिश न होने का अनुमान लगाया है। शहर के मौसम का प्रतिनिधित्व करने वाले सफदरजंग में अधिकतम तापमान 35.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 0.2 डिग्री ज़्यादा था, लेकिन शुक्रवार के मुकाबले 2.4 डिग्री ज़्यादा था। न्यूनतम तापमान भी थोड़ा बढ़कर 26.6 डिग्री सेल्सियस हो गया, जो सामान्य से 0.7 डिग्री कम और एक दिन पहले की तुलना में 0.8 डिग्री ज़्यादा था। आईएमडी ने आने वाले दिनों के लिए बारिश का कोई अलर्ट जारी नहीं किया, जबकि राष्ट्रीय राजधानी में पूरे दिन बारिश नहीं हुई। आईएमडी के अनुसार, रविवार को अधिकतम तापमान बढ़ सकता है और इसके 37-39 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। न्यूनतम तापमान 26-28 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है।
राजस्थान में मध्यम बारिश का अलर्ट
राजस्थान के कई इलाकों में बीते 24 घंटे में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार इस दौरान राज्य में कहीं-कहीं पर हवा चलने के साथ हल्की से मध्यम बारिश हुई। इस दौरान सबसे अधिक राजगढ़/सादुलपुर (चूरू) में 55.0 मिलीमीटर बारिश हुई। इस दौरान राज्य में सबसे ज्यादा तापमान गंगानगर में 42 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान सिरोही में 21 डिग्री सेल्सियस रहा।
जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश
जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले के मेंढर उपमंडल के अरी क्षेत्र में शुक्रवार को भारी बारिश के कारण आई अचानक बाढ़ से कई मकान क्षतिग्रस्त हो गये और कई लोग फंस गये। अधिकारियों ने बताया कि पुलिसकर्मियों ने बचाव अभियान चलाकर कम से कम 25 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। उन्होंने बताया कि स्थानीय लोगों ने भी बच्चों समेत फंसे हुए लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने में मदद की। उन्होंने बताया कि बाढ़ में लगभग छह मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गए, जबकि अरी गांव को जोड़ने वाली सड़क लगभग एक घंटे तक बंद रही क्योंकि बाढ़ के पानी और मलबे के कारण यातायात बाधित हो गया था। उपमंडल मजिस्ट्रेट इमरान राशिद और एसडीपीओ तौसीफ अहमद बचाव एवं राहत कार्यों की निगरानी के लिए तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे।
कोलकाता में भारी बारिश का अलर्ट
दक्षिण बंगाल के जिलों और कोलकाता में अगले चार से पांच दिनों तक बारिश जारी रहने का पूर्वानुमान जारी किया है। इससे राज्य में चल रहा बारिश का मौजूदा दौर और लंबा खिंचने की संभावना है। कोलकाता और दक्षिण बंगाल के कई जिलों में पिछले रविवार (5 जुलाई) से मध्यम से भारी बारिश हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार, अनुकूल परिस्थितियों के कारण मानसूनी हवाओं ने रफ्तार पकड़ ली है और सक्रिय निम्न दबाव का क्षेत्र (लो-प्रेशर सिस्टम) आने वाले दिनों में भी अच्छी बारिश कराएगा।
आरएमसी के पूर्वी क्षेत्रीय निदेशक हबीबुर रहमान बिस्वास ने बताया कि गंगा के मैदानी पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश के ऊपर चक्रवाती परिसंचरण (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) बना हुआ है। वहीं, मानसून ट्रफ राजस्थान से पूर्वोत्तर भारत के मिजोरम तक फैली हुई है। उन्होंने कहा कि निम्न दबाव की धुरी (लो-प्रेशर एक्सिस) उत्तर की ओर होने के कारण बंगाल में बारिश की तीव्रता अधिक रहेगी। खराब समुद्री मौसम को देखते हुए शनिवार और रविवार को मछुआरों को समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी गई है। दक्षिण बंगाल के सभी जिलों के लिए बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, पूर्व बर्धमान, नदिया और बांकुड़ा जिलों में शनिवार को भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
