भारतीय रेलवे में टिकट बुकिंग के लिए IRCTC एकमात्र डिजिटल प्लेटफॉर्म है। चाहे आप ऑनलाइन टिकट बुक करें या रेलवे काउंटर से टिकट लें, हर टिकट IRCTC सिस्टम के जरिए ही जारी होता है। ज्यादातर यात्री IRCTC वेबसाइट या एप से टिकट बुक करते हैं, लेकिन अक्सर ऐसा होता है कि एक ही कोशिश में टिकट कन्फर्म नहीं हो पाता, खासकर तत्काल टिकट में।
जो लोग नियमित रूप से ट्रेन से सफर करते हैं, उनके लिए IRCTC की मास्टर लिस्ट सुविधा किसी वरदान से कम नहीं है। इसमें यात्रियों की जानकारी पहले से सेव रहती है, जिससे टिकट बुक करते समय बार-बार डिटेल भरने की जरूरत नहीं पड़ती और बुकिंग की स्पीड तेज हो जाती है।
IRCTC मास्टर लिस्ट असल में आपके परिवार के सदस्यों या नियमित सहयात्रियों की जानकारी का डिजिटल रिकॉर्ड होती है। इसमें नाम, उम्र, लिंग, पता और पहचान पत्र (जैसे आधार या वोटर आईडी) जैसी जानकारियां पहले से सेव की जाती हैं। रेलवे ने 2018 से इस सुविधा को लागू किया है, ताकि टिकट बुकिंग ज्यादा पारदर्शी हो और फर्जी बुकिंग पर रोक लग सके।
IRCTC के एक अकाउंट में आप अधिकतम 12 यात्रियों की मास्टर लिस्ट बना सकते हैं। यह सुविधा खास तौर पर तत्काल टिकट बुकिंग के दौरान बेहद फायदेमंद होती है, क्योंकि उस समय हर सेकंड मायने रखता है और अलग-अलग डिटेल भरने में टिकट हाथ से निकल सकता है।
मास्टर लिस्ट बनाने के लिए सबसे पहले IRCTC की वेबसाइट irctc.co.in या मोबाइल एप पर लॉगिन करें। अगर आपका अकाउंट नहीं है, तो पहले रजिस्ट्रेशन करें। लॉगिन के बाद ‘My Profile’ या ‘Master List’ सेक्शन में जाएं और ‘Add Passenger’ पर क्लिक करें। यहां यात्री का नाम, उम्र, लिंग, पता, मोबाइल नंबर और पहचान पत्र का नंबर भरें।
मास्टर लिस्ट बनाते समय आधार लिंकिंग अनिवार्य होती है, इसलिए ‘Aadhaar Link’ विकल्प को चुनना न भूलें। सभी जानकारी सही भरने के बाद ‘Save’ पर क्लिक करें। इस पूरी प्रक्रिया में आमतौर पर 5 से 10 मिनट का समय लगता है। ध्यान रखें कि तत्काल टिकट बुकिंग से पहले आपकी मास्टर लिस्ट अपडेट होनी चाहिए, ताकि आखिरी वक्त में कोई दिक्कत न आए।
मास्टर लिस्ट की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इससे टिकट बुकिंग में समय की बचत होती है। हर बार यात्रियों की डिटेल भरने की जरूरत नहीं पड़ती, बस लिस्ट से नाम चुनना होता है। इससे तत्काल और प्रीमियम टिकट बुकिंग में तेजी आती है और कन्फर्म टिकट मिलने की संभावना बढ़ जाती है।