ऑस्ट्रेलिया की सेना में महिला सैनिकों की तादाद 19%, ग्रीस की सेना में 19%, न्यूजीलैंड की सेना में 18%, अमेरिका की सेना में 17% और यूक्रेन की फौज में 70 हजार से ज्यादा महिला सैनिक हैं।
अन्य देश जहां की सेना में महिलाओं की संख्या ज्यादा है। इन देशों में दक्षिण अफ्रीका, मोलडोवा और हंगरी शामिल हैं। दक्षिण अफ्रीका की सेना में महिलाओं की संख्या 24 प्रतिशत जबकि मोलडोवा एवं हंगरी की फौज में महिलाओं की तादाद करीब 20 फीसदी है।
भारतीय सेना में भी महिलाओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। रिपोर्टों के मुताबिक मार्च 2023 तक सेना में 7000 से ज्यादा महिलाकर्मी थीं। अब इनकी नियुक्ति स्थायी कमीशंड अधिकारी के रूप में हो रही है। अग्निपथ योजना के तहत भी इनकी भर्ती हो रही है।
उत्तर कोरिया और इजरायल में महिला सैनिकों की संख्या इसलिए ज्यादा है क्योंकि इन दोनों देशों में महिलाओं को सेना में भर्ती होना अनिवार्य है। कई देशों में महिलाओं को लड़ाई के मोर्चे पर नहीं भेजा जाता। इनकी तैनाती मेडिकल, सिग्नल जैसे नॉन कॉम्बैट में होती है।
साल 2021 में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद महिलाओं को राष्ट्रीय रक्षा अकादमी में प्रवेश की अनुमति दी गई। अब महिलाएं पुरुषों की तरह NDA से ट्रेनिंग लेकर स्थायी कमीशन प्राप्त कर सकती हैं।
रिपोर्टों के मुताबिक उत्तर कोरिया की सेना में करीब 40 प्रतिशत महिला सैनिक हैं। इसके बाद इजरायल का नंबर आता है। इजरायल की सेना में करीब 38 फीसदी महिला सैनिक हैं। इजरायल में महिलाओं को सेना में भर्ती होना अनिवार्य है।
नॉर्वे में तो महिलाओं की स्पेशल यूनिट्स हैं। खासतौर से नार्वे की जेगरट्रोपेन जिसे हंटर ग्रुप कहा जाता है। महिलाओं की यह एलीट फोर्स स्पेशल ऑपरेशन को अंजाम देती है।