क्या आपने कभी सोचा है कि ट्रेनें भी सड़क के चौराहे की तरह एक-दूसरे को पार कर सकती हैं? नागपुर में रेलवे का एक ऐसा 'डायमंड' अजूबा (Diamond Crossing Nagpur) है, जहां चारों दिशाओं की पटरियां एक-दूसरे को काटती हैं। आइए जानते हैं आखिर यहां ट्रेनें टकराती क्यों नहीं
आपने दो तरफ से ट्रेन की पटरियों को कटते देखा होगा, डायमंड क्रॉसिंग इस मामले में बेहद अनोखा है। डायमंड क्रॉसिंग (Nagpur Diamond Crossing) जोकि नागपुर रेलवे स्टेशन पर स्थित है, यह भारतीय रेलवे की यह खासियत है। जहां पर चारों दिशाओं से ट्रेनों का आना जाना होता है।
डायमंड क्रॉसिंग रेलवे इंजीनियरिंग की बेमिसाल उपलब्धि है और यहां चारों दिशाओं से आने वाली रेल लाइनें एक-दूसरे को काटती हैं, और ट्रेनों की लगातार आवाजाही के बावजूद टक्कर का कोई खतरा नहीं होता है, यही बात इसे खास बनाती है।
यह भारत में अपनी तरह का एकमात्र रेलवे पॉइंट है, जहां चारों दिशाओं की ट्रेनें एक ही जगह से गुजरती हैं और फिर भी यहां रेलवे की व्यवस्था ऐसी कि चारों दिशाओं से ट्रेन आने के बाद भी एक्सीडेंट नहीं होता है।
भारत में डायमंड क्रॉसिंग नागपुर में है जो देश का एकमात्र ऐसा रेलवे जंक्शन है जहां उत्तर, दक्षिण, पूर्व और पश्चिम, चारों दिशाओं से आने वाली रेल लाइनें एक-दूसरे को काटती हैं, ऊपर से देखने पर पटरी हीरे (Diamond) के आकार की नजर आती है और इसी खूबसूरत पैटर्न की वजह से इसे 'डायमंड क्रॉसिंग' कहते हैं।
Nagpur Diamond Crossing भारत की प्रमुख रेलवे लाइनों को जोड़ता है, मुंबई-हावड़ा, दिल्ली-चेन्नई, काजीपेट-नागपुर और नागपुर-इटारसी आदि रूट पर तमाम ट्रेनें इस डायमंड पॉइंट से होकर निकलती हैं वो भी बेहद सहजता के साथ
नागपुर डायमंड क्रॉसिंग भारतीय रेलवे की तकनीकी दक्षता और इंजीनियरिंग के अद्भुत संतुलन का प्रतीक है। रेलवे के इंटरलॉकिंग सिस्टम और ऑटोमैटिक सिग्नलिंग टेक्नोलॉजी के साथ यहां के रेलवे स्टॉफ को इसका श्रेय जाता है जो बेहद सटीकता के साथ इस काम को अंजाम देता है।