दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को आबकारी नीति ‘घोटाला’ मामले में उच्चतम न्यायालय द्वारा जमानत दिए जाने के कुछ घंटे बाद शुक्रवार शाम को तिहाड़ जेल से रिहा कर दिया गया। उन्होंने अपने समर्थकों का आभार जताते हुए कहा कि 'जेल मुझे कमजोर नहीं कर सकती'। इसके बाद वो घर पहुंचे तो सिसोदिया से गले मिले।
जेल की सलाखों से निकलकर जब सीएम अरविंद केजरीवाल अपने आवास पहुंचे तो उनकी मां ने आरती से उनका स्वागत किया। केजरीवाल ने अपने माता-पिता का आशीर्वाद लिया।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जब अपने आवास पहुंचे, तो AAP नेताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस मौके पर राघव चड्ढा, भगवंत मान और संजय सिंह मौजूद रहे। केजरीवाल ने संजय सिंह को भी गले से लगाया।
जेल से निकलने के बाद केजरीवाल ने रोडशो में कहा कि मुझे इसलिए सलाखों के पीछे नहीं डाला गया, क्योंकि मैं भ्रष्ट था, बल्कि इसलिए कि मैंने राष्ट्रविरोधी ताकतों से लड़ाई लड़ी थी। घर पहुंचने पर उन्होंने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान से भी दमदार अंदाज में मुलाकात की।
जेल से बाहर निकलने के बाद रोडशो के दौरान केजरीवाल ने उपस्थित कार्यकर्ताओं और समर्थकों को संबोधित करते हुए कहा, 'मैं उन लोगों का शुक्रिया अदा करना चाहता हूं, जिन्होंने मेरी रिहाई के लिए प्रार्थना की।' उन्होंने कहा, 'मेरे खून का एक-एक कतरा देश के लिए समर्पित है, मैंने मुश्किलों का सामना किया, लेकिन भगवान ने हमेशा मेरा साथ दिया।' केजरीवाल ने कहा, 'मेरा हौसला तोड़ने के लिए उन्होंने मुझे जेल में डाला, लेकिन मेरा हौसला पहले से कहीं अधिक है, जेल मुझे कमजोर नहीं कर सकती।' मुख्यमंत्री ने कहा, 'हमारे देश को कमजोर कर रही राष्ट्र विरोधी ताकतों के खिलाफ लड़ाई जारी रखूंगा।'
इससे पहले केजरीवाल जब तिहाड़ से बाहर आए तो पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और दिल्ली के पूर्व उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया समेत आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और सैकड़ों कार्यकर्ता उनका जेल के बाहर इंतजार कर रहे थे। इसके बाद जब केजरीवाल घर पहुंचे तो उन्होंने अपने माता-पिता से आशीर्वाद लिया।