बोर्ड परीक्षा के इस सीजन में ICSE और CBSE Board के बारे में जानते हैं। सबसे ज्यादा चर्चित बोर्ड में से एक — ICSE और CBSE Board में क्या अंतर है। आइये जानें
ICSE Board एक प्राइवेट संस्था है। जबकि CBSE Board पूरी तरह से एक गवर्नमेंट संस्था है। CBSE का पूरा नाम Central Board of Secondary Education है जबकि ICSE का नाम Indian Certificate of Secondary Education है।
ICSE के रूल, रेगुलेशन और नॉर्म्स बहुत ज्यादा स्ट्रिक्ट होते हैं। दूसरी तरफ के CBSE के रूल्स, रेगुलेशन और नॉर्म्स की ICSE अपेक्षा फ्लेक्सिबल होते हैं। ये भी एक कारण है कि देश में सीबीएसई से एफिलिएटेड स्कूल ज्यादा और जगह जगह मिल जाएंगे।
ICSE ज्यादा ब्रॉडर है, दूसरी तरफ CBSE का जोर साइंस और कॉमर्स के विषयों पर अधिक होता है।
ICSE के स्कूल केवल इंग्लिश मीडियम नजर आएंगे। जबकि CBSE के स्कूल इंग्लिश के साथ साथ कहीं कहीं हिंदी में भी नजर आ सकते हैं।
अगर परीक्षा के पैटर्न पर बात करें तो CBSE की परीक्षा MCQ और शॉर्ट आंसर पर टिका होता है जबकि ICSE बोर्ड की परीक्षा निबंध लेखन और लॉन्ग आंसर पर फोकस करती है।
आमतौर पर ऐसा देखा गया है कि ICSE बोर्ड CBSE बोर्ड की अपेक्षा महंगा होता है।